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Faridabad News: स्कूल गेम्स में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए शिक्षा विभाग सख्त
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खिलाड़ियों की सही आयु जानने के लिए किया जाएगा परीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले के विद्यालयों में आयोजित होने जा रहे ब्लॉक और जिला स्तरीय स्कूल गेम्स को लेकर जिला शिक्षा विभाग ने कमर कस ली है। खेलों में खिलाड़ियों की उम्र के फर्जीवाड़े को रोकने के लिए विभाग ने इस बार बेहद सख्त कदम उठाया है। प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले हर एक खिलाड़ी का आयु सत्यापन परीक्षण होना अब अनिवार्य कर दिया गया है।
जिले में ब्लॉक और जिला स्तर पर स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया की ओर से खेल प्रतियोगिताएं आयोजित होने जा रही हैं। शिक्षा निदेशालय के नियमों के तहत प्रतियोगिता में किसी भी खिलाड़ी को मैदान पर उतरने की अनुमति तभी मिलेगी, जब वे इस आयु परीक्षण को सफलतापूर्वक पास कर लेंगे। खिलाड़ियों की इस मेडिकल जांच और उम्र के सत्यापन के लिए सिविल अस्पताल को चुना गया है। जिला शिक्षा अधिकारी ने अस्पताल प्रबंधन को लेकर एक पत्र जारी किया है, जिसमें कहा गया कि तय समय सीमा के भीतर जरूरी मेडिकल स्टाफ, डॉक्टरों की टीम और टेस्टिंग सुविधाओं के इंतजाम किए जाएं। खेल शिक्षा अधिकारी हरबीर अधाना ने कहा कि खेलों में फर्जीवाड़े को रोकने के लिए प्रशासन द्वारा यह कदम उठाया गया है। बिना एज वेरिफिकेशन टेस्ट के किसी भी खिलाड़ी को प्रतियोगिता में भाग लेने का मौका नहीं दिया जाएगा।
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले के विद्यालयों में आयोजित होने जा रहे ब्लॉक और जिला स्तरीय स्कूल गेम्स को लेकर जिला शिक्षा विभाग ने कमर कस ली है। खेलों में खिलाड़ियों की उम्र के फर्जीवाड़े को रोकने के लिए विभाग ने इस बार बेहद सख्त कदम उठाया है। प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले हर एक खिलाड़ी का आयु सत्यापन परीक्षण होना अब अनिवार्य कर दिया गया है।
जिले में ब्लॉक और जिला स्तर पर स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया की ओर से खेल प्रतियोगिताएं आयोजित होने जा रही हैं। शिक्षा निदेशालय के नियमों के तहत प्रतियोगिता में किसी भी खिलाड़ी को मैदान पर उतरने की अनुमति तभी मिलेगी, जब वे इस आयु परीक्षण को सफलतापूर्वक पास कर लेंगे। खिलाड़ियों की इस मेडिकल जांच और उम्र के सत्यापन के लिए सिविल अस्पताल को चुना गया है। जिला शिक्षा अधिकारी ने अस्पताल प्रबंधन को लेकर एक पत्र जारी किया है, जिसमें कहा गया कि तय समय सीमा के भीतर जरूरी मेडिकल स्टाफ, डॉक्टरों की टीम और टेस्टिंग सुविधाओं के इंतजाम किए जाएं। खेल शिक्षा अधिकारी हरबीर अधाना ने कहा कि खेलों में फर्जीवाड़े को रोकने के लिए प्रशासन द्वारा यह कदम उठाया गया है। बिना एज वेरिफिकेशन टेस्ट के किसी भी खिलाड़ी को प्रतियोगिता में भाग लेने का मौका नहीं दिया जाएगा।
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