{"_id":"69c59257eed65d327c0d14e5","slug":"women-empowerment-gets-a-boost-hopes-of-increased-safety-from-transport-scheme-faridabad-news-c-26-1-fbd1020-65917-2026-03-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Faridabad News: महिला सशक्तीकरण को मिला बल, परिवहन योजना से बढ़ी सुरक्षा की उम्मीद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Faridabad News: महिला सशक्तीकरण को मिला बल, परिवहन योजना से बढ़ी सुरक्षा की उम्मीद
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। नवरात्र के पावन अवसर पर जहां नारी शक्ति की आराधना की जा रही है, वहीं हरियाणा सरकार के साल 2026-27 के बजट में घोषित परिवहन योजना को महिला सशक्तीकरण के नजरिये से एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। जिले में महिलाओं और छात्राओं के लिए समर्पित बसों की संख्या 273 से बढ़ाकर 500 करने का फैसला उनके सुरक्षित और सहज आवागमन की दिशा में एक मजबूत कदम माना जा रहा है। इस पहल से न केवल सफर आसान होगा, बल्कि महिलाओं की आत्मनिर्भरता को भी मजबूती मिलेगी।
शहर के भीतर सार्वजनिक परिवहन की सीमित व्यवस्था लंबे समय से महिलाओं के लिए चुनौती बनी हुई है। कई ऐसे रूट हैं जहां सरकारी बसें संचालित नहीं होतीं, जिससे महिलाओं और छात्राओं को निजी साधनों पर निर्भर रहना पड़ता है। खासकर नौकरीपेशा महिलाओं को रात के समय अधिक दिक्कतों का सामना करना पड़ता है, जब सुरक्षित और किफायती साधन उपलब्ध नहीं होते।
हालांकि इस योजना की घोषणा पहले ही की जा चुकी है, लेकिन नवरात्र के अवसर पर इसे महिला सशक्तीकरण से जोड़कर देखा जा रहा है। यह पहल महिलाओं की सुरक्षा, सुविधा और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के साथ-साथ समाज में सकारात्मक बदलाव का संकेत भी देती है।
मैं दिल्ली स्थित एक मल्टीनेशनल कंपनी में काम करती हूं। रोज आना-जाना होता है। बसों की संख्या बढ़ने से अब देर शाम घर लौटना पहले की तुलना में अधिक सुरक्षित महसूस होगा और निजी वाहनों पर निर्भरता कम होगी।- शशि मनचंदा, सेक्टर-8
कॉलेज आने-जाने में अक्सर दिक्कत होती थी, लेकिन अब इस फैसले से सफर आसान और किफायती होने की उम्मीद है।-पूजा, नगला एन्क्लेव
मेट्रो स्टेशन तक बस चलती है। शहर के अंदर आने-जाने में दिक्कत होती है। ऑटो चालकों को ज्यादा किराया देना मजबूरी है, ऐसे में यह निर्णय आर्थिक राहत देने वाला साबित होगा।-सुमन, संजय कालोनी
बसों की कमी तो बहुत दिन से है और सरकार को यह फैसला पहले लेना चाहिए था। हालांकि सरकार के इस निर्णय से शहर के अंदर परिवहन व्यवस्था सुधरेगी और रोजाना का सफर सुगम होगा और समय की भी बचत होगी।-काजल उपाध्याय, एनआईटी-पांच
Trending Videos
फरीदाबाद। नवरात्र के पावन अवसर पर जहां नारी शक्ति की आराधना की जा रही है, वहीं हरियाणा सरकार के साल 2026-27 के बजट में घोषित परिवहन योजना को महिला सशक्तीकरण के नजरिये से एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। जिले में महिलाओं और छात्राओं के लिए समर्पित बसों की संख्या 273 से बढ़ाकर 500 करने का फैसला उनके सुरक्षित और सहज आवागमन की दिशा में एक मजबूत कदम माना जा रहा है। इस पहल से न केवल सफर आसान होगा, बल्कि महिलाओं की आत्मनिर्भरता को भी मजबूती मिलेगी।
शहर के भीतर सार्वजनिक परिवहन की सीमित व्यवस्था लंबे समय से महिलाओं के लिए चुनौती बनी हुई है। कई ऐसे रूट हैं जहां सरकारी बसें संचालित नहीं होतीं, जिससे महिलाओं और छात्राओं को निजी साधनों पर निर्भर रहना पड़ता है। खासकर नौकरीपेशा महिलाओं को रात के समय अधिक दिक्कतों का सामना करना पड़ता है, जब सुरक्षित और किफायती साधन उपलब्ध नहीं होते।
विज्ञापन
विज्ञापन
हालांकि इस योजना की घोषणा पहले ही की जा चुकी है, लेकिन नवरात्र के अवसर पर इसे महिला सशक्तीकरण से जोड़कर देखा जा रहा है। यह पहल महिलाओं की सुरक्षा, सुविधा और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के साथ-साथ समाज में सकारात्मक बदलाव का संकेत भी देती है।
मैं दिल्ली स्थित एक मल्टीनेशनल कंपनी में काम करती हूं। रोज आना-जाना होता है। बसों की संख्या बढ़ने से अब देर शाम घर लौटना पहले की तुलना में अधिक सुरक्षित महसूस होगा और निजी वाहनों पर निर्भरता कम होगी।- शशि मनचंदा, सेक्टर-8
कॉलेज आने-जाने में अक्सर दिक्कत होती थी, लेकिन अब इस फैसले से सफर आसान और किफायती होने की उम्मीद है।-पूजा, नगला एन्क्लेव
मेट्रो स्टेशन तक बस चलती है। शहर के अंदर आने-जाने में दिक्कत होती है। ऑटो चालकों को ज्यादा किराया देना मजबूरी है, ऐसे में यह निर्णय आर्थिक राहत देने वाला साबित होगा।-सुमन, संजय कालोनी
बसों की कमी तो बहुत दिन से है और सरकार को यह फैसला पहले लेना चाहिए था। हालांकि सरकार के इस निर्णय से शहर के अंदर परिवहन व्यवस्था सुधरेगी और रोजाना का सफर सुगम होगा और समय की भी बचत होगी।-काजल उपाध्याय, एनआईटी-पांच