सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Feeling sour or bitter in the mouth as soon as you wake up in the morning...it could be a stomach problem

Delhi NCR News: सुबह उठते ही होता हो रहा मुंह खट्टा या कड़वा...हो सकती पेट की समस्या

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 01 Feb 2026 06:20 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
-विशेषज्ञ के अनुसार, खाने के तुरंत बाद लेटना नहीं चाहिए। थोड़ी देर टहलें और फिर बाई करवट लेकर सोएं।
Trending Videos

अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। सुबह उठते ही अगर मुंह में खट्टा या कड़वा स्वाद महसूस हो रहा है, तो इसे हल्के में न लें। विशेषज्ञों के अनुसार, यह अक्सर पेट से जुड़ी समस्या का संकेत हो सकता है। रात में सोते समय शरीर खुद की मरम्मत करता है। यदि सुबह उठते ही मुंह में असामान्य स्वाद आए, तो इसका मतलब है कि पेट में एसिड या अम्ल का स्तर बढ़ गया है। आधुनिक चिकित्सा इसे एसिड रिफ्लक्स कहती है, जबकि आयुर्वेद इसे पित्त दोष की समस्या मानता है। आयुर्वेद के अनुसार, जब शरीर में पित्त की मात्रा बढ़ती है, तो अम्ल का स्तर भी बढ़ता है। इससे न केवल पेट की समस्या होती है, बल्कि हड्डियों और जोड़ों में कमजोरी भी दिखाई दे सकती हैं।

आयुर्वेद डॉक्टर शिवशंकर राजपूत ने बताया कि इस समस्या के पीछे कई कारण हो सकते हैं। देर रात खाना खाना, शराब या तंबाकू का सेवन, लिवर का सही ढंग से काम न करना, पाचन शक्ति का कमजोर होना और लंबे समय तक भूखा रहना मुख्य कारण है। गलत खान-पान और तनाव भी पेट में अम्ल बढ़ाने का काम करते हैं। उन्होंने बताया कि आयुर्वेद प्रणाली में इस समस्या का सरल उपाय बताता है। पेट की बीमारियों से निजात पाने के लिए त्रिफला चूर्ण बेहद लाभकारी माना गया है। उन्होंने सुझाव दिया कि रात को गुनगुने पानी के साथ आधा चम्मच त्रिफला चूर्ण लें। यह सुबह पेट साफ रखेगा और पित्त को शांत करेगा। इसके अलावा, रात के भोजन में बदलाव करना, देर रात खाना न खाना और सूरज ढलने के समय हल्का भोजन लेना भी लाभकारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


विशेषज्ञ के अनुसार, खाने के तुरंत बाद लेटना नहीं चाहिए। थोड़ी देर टहलें और फिर बाई करवट सोएं। इससे पेट का अम्ल ऊपर नली में नहीं चढ़ता और दिल तक रक्त का प्रवाह भी अच्छा रहता है। तांबे का पानी भी पेट के अम्ल को नियंत्रित करने में मदद करता है। रात को तांबे के बर्तन में पानी भरकर रखने से सुबह पीने पर यह पेट को शांत करता है और शरीर को डिटॉक्स करने में सहायक होता है। इसके अलावा, सौंफ और मिश्री का पानी या इसका सेवन खाने के बाद पाचन सुधारता है और मुंह की दुर्गंध को दूर करता है। विशेषज्ञ यह भी बताते हैं कि अत्यधिक तनाव और चिंता पेट में अम्ल के उत्पादन को तीन गुना तक बढ़ा सकते हैं। इसलिए मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना और तनाव से दूर रहना भी जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article