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Gurugram News: दूर-दराज से आने वाले अंडर ग्राउंड केबल में फॉल्ट का खतरा, लोगों में डर
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फोटो
बिजली संकट: लाखों रुपये खर्च करने के बाद बिजली कटौती झेल रहे लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। 33 केवीए स्विचिंग स्टेशन से जुड़ने के बाद भी सेक्टर-103 की सोसाइटियों को बिजली संकट का डरभय सता रहा है। द्वारका एक्सप्रेस वे की सोसाइटियों के लोगों को गर्मी के दिनों में अंडर ग्राउंड केबल में पहले भी फॉल्ट के कारण कई दिनों तक बिजली संकट से जूझना पड़ता रहा है। जिन सोसाइटियों में क्षमता से कम 11 केवी केबल मिले हैं, उन्हें फाॅल्ट की स्थिति में कई दिनों तक बिजली जाने का डर तो है ही मगर पिछले साल जिन सोसाइटियों को 33 केवी की लाइन मिल गई है, वे भी डरे हुए हैं।
सेक्टर 103 स्थित सत्या हर्मिटेज, सिग्नेचर ग्लोबल, इंडिया बुल्स सेंट्रम पार्क और ग्रैंड आइवा जैसी सोसाइटियों में हर साल गर्मी में फॉल्ट आने पर लोगों को कई दिनों तक जेनसेट के सहारे रहना पड़ा है।
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सेक्टर 107 स्वीचिंग स्टेशन की दूरी पांच किमी. है। इस स्वीचिंग स्टेशन से सात सोसाइटियों को बिजली आपूर्ति होती है। किसी भी सोसाइटी की केबल में फाॅल्ट आने पर सभी की लाइट चली जाती है। लंबी लाइन चेक करने में 15 घंटे तक लग जाते हैं। -बृजकिशोर, पूर्व अध्यक्ष सत्या हर्मिटेज
दूर से आई लाइन की मरम्मत में लाखों खर्च होते हैं। तब तक हमें डीजी सेट का भी खर्च वहन करना पड़ता है। सोसाइटी में 33 केवीए से जुड़ने के बाद भी अब लाइन 5 किमी दूर से आ रही है। अगर रात के वक्त बिजली खराब हुई तो ठीक होने 24 घंटे से ज्यादा समय लगता है। -सौरभ चौधरी, अध्यक्ष इंडिया बुल्स सेंट्रम पार्क
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। 33 केवीए स्विचिंग स्टेशन से जुड़ने के बाद भी सेक्टर-103 की सोसाइटियों को बिजली संकट का डरभय सता रहा है। द्वारका एक्सप्रेस वे की सोसाइटियों के लोगों को गर्मी के दिनों में अंडर ग्राउंड केबल में पहले भी फॉल्ट के कारण कई दिनों तक बिजली संकट से जूझना पड़ता रहा है। जिन सोसाइटियों में क्षमता से कम 11 केवी केबल मिले हैं, उन्हें फाॅल्ट की स्थिति में कई दिनों तक बिजली जाने का डर तो है ही मगर पिछले साल जिन सोसाइटियों को 33 केवी की लाइन मिल गई है, वे भी डरे हुए हैं।
सेक्टर 103 स्थित सत्या हर्मिटेज, सिग्नेचर ग्लोबल, इंडिया बुल्स सेंट्रम पार्क और ग्रैंड आइवा जैसी सोसाइटियों में हर साल गर्मी में फॉल्ट आने पर लोगों को कई दिनों तक जेनसेट के सहारे रहना पड़ा है।
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सेक्टर 107 स्वीचिंग स्टेशन की दूरी पांच किमी. है। इस स्वीचिंग स्टेशन से सात सोसाइटियों को बिजली आपूर्ति होती है। किसी भी सोसाइटी की केबल में फाॅल्ट आने पर सभी की लाइट चली जाती है। लंबी लाइन चेक करने में 15 घंटे तक लग जाते हैं। -बृजकिशोर, पूर्व अध्यक्ष सत्या हर्मिटेज
दूर से आई लाइन की मरम्मत में लाखों खर्च होते हैं। तब तक हमें डीजी सेट का भी खर्च वहन करना पड़ता है। सोसाइटी में 33 केवीए से जुड़ने के बाद भी अब लाइन 5 किमी दूर से आ रही है। अगर रात के वक्त बिजली खराब हुई तो ठीक होने 24 घंटे से ज्यादा समय लगता है। -सौरभ चौधरी, अध्यक्ष इंडिया बुल्स सेंट्रम पार्क

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