{"_id":"69ce779226ee6b93bc031bae","slug":"if-pressure-is-put-on-private-schools-to-buy-books-from-private-publishers-action-will-be-taken-delhi-ncr-news-c-25-1-mwt1001-110999-2026-04-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: प्राइवेट स्कूलों में निजी प्रकाशकों की पुस्तकें खरीदने पर बनाया दबाव तो होगी कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: प्राइवेट स्कूलों में निजी प्रकाशकों की पुस्तकें खरीदने पर बनाया दबाव तो होगी कार्रवाई
विज्ञापन
विज्ञापन
खंड शिक्षा अधिकारी ने दिए सख्त निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
पुन्हाना।
खंड शिक्षा अधिकारी वीरेंद्र कुमार पुन्हाना ने क्षेत्र के सभी निजी विद्यालयों को सख्त निर्देश जारी करते हुए शैक्षणिक सत्र 2026-27 में केवल एससीईआरटी व एनसीईआरटी की पुस्तकें लागू करने को कहा है। इसके साथ ही स्कूल संचालकों को स्पष्ट चेतावनी दी है कि वे किसी भी निजी प्रकाशन की किताबें खरीदने के लिए अभिभावकों पर दबाव न बनाएं। आदेशों की अवहेलना करने वाले विद्यालयों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। जारी पत्र के अनुसार, खंड के प्राईवेट स्कूल मुखियाओं को निर्देशित किया गया है कि वे विभागीय नियमों का पालन करते हुए अपने-अपने स्कूलों में एससीईआरटी व एनसीईआरटी की पुस्तकें ही सुनिश्चित करें। पत्र में यह भी कहा गया है कि कई निजी विद्यालय प्राइवेट पब्लिकेशन की महंगी किताबें खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य करते हैं, जिससे आर्थिक बोझ बढ़ता है। इस प्रवृत्ति पर रोक लगाने के लिए विभाग ने सख्त रुख अपनाया है।
खंड शिक्षा अधिकारी वीरेंद्र कुमार ने साफ किया कि कोई भी विद्यालय किसी विशेष दुकान से किताबें, स्कूल ड्रेस या अन्य शैक्षणिक सामग्री खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य या निर्देशित नहीं करेगा। यदि ऐसा पाया गया तो संबंधित विद्यालय के खिलाफ उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट भेजकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। खंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि निर्देशों के पालन को सुनिश्चित करने के लिए विभाग द्वारा एक कमेटी गठित की जाएगी, जो समय-समय पर विद्यालयों का दौरा कर जांच करेगी। जांच के दौरान किसी भी प्रकार की अनियमितता मिलने पर सख्त कदम उठाए जाएंगे।
Trending Videos
संवाद न्यूज एजेंसी
पुन्हाना।
खंड शिक्षा अधिकारी वीरेंद्र कुमार पुन्हाना ने क्षेत्र के सभी निजी विद्यालयों को सख्त निर्देश जारी करते हुए शैक्षणिक सत्र 2026-27 में केवल एससीईआरटी व एनसीईआरटी की पुस्तकें लागू करने को कहा है। इसके साथ ही स्कूल संचालकों को स्पष्ट चेतावनी दी है कि वे किसी भी निजी प्रकाशन की किताबें खरीदने के लिए अभिभावकों पर दबाव न बनाएं। आदेशों की अवहेलना करने वाले विद्यालयों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। जारी पत्र के अनुसार, खंड के प्राईवेट स्कूल मुखियाओं को निर्देशित किया गया है कि वे विभागीय नियमों का पालन करते हुए अपने-अपने स्कूलों में एससीईआरटी व एनसीईआरटी की पुस्तकें ही सुनिश्चित करें। पत्र में यह भी कहा गया है कि कई निजी विद्यालय प्राइवेट पब्लिकेशन की महंगी किताबें खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य करते हैं, जिससे आर्थिक बोझ बढ़ता है। इस प्रवृत्ति पर रोक लगाने के लिए विभाग ने सख्त रुख अपनाया है।
खंड शिक्षा अधिकारी वीरेंद्र कुमार ने साफ किया कि कोई भी विद्यालय किसी विशेष दुकान से किताबें, स्कूल ड्रेस या अन्य शैक्षणिक सामग्री खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य या निर्देशित नहीं करेगा। यदि ऐसा पाया गया तो संबंधित विद्यालय के खिलाफ उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट भेजकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। खंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि निर्देशों के पालन को सुनिश्चित करने के लिए विभाग द्वारा एक कमेटी गठित की जाएगी, जो समय-समय पर विद्यालयों का दौरा कर जांच करेगी। जांच के दौरान किसी भी प्रकार की अनियमितता मिलने पर सख्त कदम उठाए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन