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Noida News: जन औषधि केंद्रों ने आसान बनाई स्वच्छता की राह
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जन औषधि केंद्रों ने आसान बनाई स्वच्छता की राह
मात्र 1 रुपये में मिल रहे सेनेटरी पैड, मासिक धर्म को लेकर बढ़ी है जागरूकता
संवाद न्यूज एजेंसी
नोएडा। मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता बनाए रखना महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए जरूरी है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की महिलाएं व किशोरियां महंगे सेनेटरी पैड खरीदने में असमर्थ रहती हैं। ऐसे में प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि परियोजना के तहत संचालित जन औषधि केंद्र महिलाओं के लिए बड़ी राहत बनकर उभरे हैं।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार, मासिक धर्म को लेकर जागरूकता बढ़ी है। जिले के विभिन्न जन औषधि केंद्रों पर महिलाओं को मात्र एक रुपये में पैड उपलब्ध कराया जा रहा है। जिला अस्पताल सेक्टर-39, भंगेल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बरौला सीएचसी, सेक्टर-63, सेक्टर-1, सेक्टर-29 समेत जिले के कई सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों और अन्य स्थानों पर संचालित जन औषधि केंद्रों पर यह सुविधा उपलब्ध है। सबसे खात बात है कि 10 रुपये में दस सेनेटरी पैड वाला पैकेट आता है। इसके साथ ही 15 रुपये में एक पैकेट मिलता है, जिसमें पांच सेनेटरी पैड होते हैं। बाजार में मिलने वाले कई ब्रांडेड उत्पादों की तुलना में यह कीमत काफी कम है, जिससे बड़ी संख्या में महिलाएं इसका लाभ उठा रही हैं। जन औषधि केंद्रों के संचालकों के अनुसार सेनेटरी पैड की मांग लगातार बढ़ रही है। आंकड़े बताते हैं कि एक जन औषधि केंद्र से औसतन हर पांच दिन में करीब 300 सेनेटरी पैड की बिक्री हो रही है। यह दर्शाता है कि महिलाएं अब मासिक धर्म स्वच्छता को लेकर अधिक जागरूक हो रही हैं और कम कीमत में उपलब्ध इस सुविधा का लाभ उठा रही हैं।
जिला अस्पताल के बाहर से पैड खरीद रही महिला ने बताया कि मैं सबसे पहले यहां पर दवा लेने आई थी। पर जब इसके बारे में पता चला तो पहले यकीन नहीं हुआ। जब इस्तेमाल किया तो वह महंगे पैड से भी अच्छे लगने लगे। कई महिलाओं का कहना है कि पहले हर महीने सेनेटरी पैड खरीदने में अपेक्षाकृत अधिक खर्च आता था, जिसके कारण कई बार वे अन्य विकल्पों का सहारा लेने को मजबूर हो जाती थीं। जन औषधि केंद्रों पर कम कीमत में पैड उपलब्ध होने से अब यह समस्या काफी हद तक दूर हुई है।
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मात्र 1 रुपये में मिल रहे सेनेटरी पैड, मासिक धर्म को लेकर बढ़ी है जागरूकता
संवाद न्यूज एजेंसी
नोएडा। मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता बनाए रखना महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए जरूरी है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की महिलाएं व किशोरियां महंगे सेनेटरी पैड खरीदने में असमर्थ रहती हैं। ऐसे में प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि परियोजना के तहत संचालित जन औषधि केंद्र महिलाओं के लिए बड़ी राहत बनकर उभरे हैं।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार, मासिक धर्म को लेकर जागरूकता बढ़ी है। जिले के विभिन्न जन औषधि केंद्रों पर महिलाओं को मात्र एक रुपये में पैड उपलब्ध कराया जा रहा है। जिला अस्पताल सेक्टर-39, भंगेल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बरौला सीएचसी, सेक्टर-63, सेक्टर-1, सेक्टर-29 समेत जिले के कई सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों और अन्य स्थानों पर संचालित जन औषधि केंद्रों पर यह सुविधा उपलब्ध है। सबसे खात बात है कि 10 रुपये में दस सेनेटरी पैड वाला पैकेट आता है। इसके साथ ही 15 रुपये में एक पैकेट मिलता है, जिसमें पांच सेनेटरी पैड होते हैं। बाजार में मिलने वाले कई ब्रांडेड उत्पादों की तुलना में यह कीमत काफी कम है, जिससे बड़ी संख्या में महिलाएं इसका लाभ उठा रही हैं। जन औषधि केंद्रों के संचालकों के अनुसार सेनेटरी पैड की मांग लगातार बढ़ रही है। आंकड़े बताते हैं कि एक जन औषधि केंद्र से औसतन हर पांच दिन में करीब 300 सेनेटरी पैड की बिक्री हो रही है। यह दर्शाता है कि महिलाएं अब मासिक धर्म स्वच्छता को लेकर अधिक जागरूक हो रही हैं और कम कीमत में उपलब्ध इस सुविधा का लाभ उठा रही हैं।
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जिला अस्पताल के बाहर से पैड खरीद रही महिला ने बताया कि मैं सबसे पहले यहां पर दवा लेने आई थी। पर जब इसके बारे में पता चला तो पहले यकीन नहीं हुआ। जब इस्तेमाल किया तो वह महंगे पैड से भी अच्छे लगने लगे। कई महिलाओं का कहना है कि पहले हर महीने सेनेटरी पैड खरीदने में अपेक्षाकृत अधिक खर्च आता था, जिसके कारण कई बार वे अन्य विकल्पों का सहारा लेने को मजबूर हो जाती थीं। जन औषधि केंद्रों पर कम कीमत में पैड उपलब्ध होने से अब यह समस्या काफी हद तक दूर हुई है।