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Noida News: 21.50 करोड़ की लागत से चमकेगा शहीद हसन खां मेवाती मेडिकल कॉलेज
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- लंबे समय से अव्यवस्थाओं से जूझ रहे मेडिकल कॉलेज को सरकार ने दी राहत
-पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन को सौंपा गया काम
शेर सिंह डागर
नूंह। करीब डेढ़ दशक से मूलभूत सुविधाओं की कमी और जर्जर ढांचे के कारण परेशानी झेल रहे शहीद हसन खां मेवाती मेडिकल कॉलेज के दिन अब बदलने वाले हैं। सरकार ने कॉलेज और इससे जुड़ी कॉलोनी में आधारभूत सुविधाओं को दुरुस्त करने के लिए 21.50 करोड़ रुपये का बजट मंजूर कर दिया है। टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही काम भी शुरू कर दिया गया है। निर्माण और मरम्मत की जिम्मेदारी पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन को सौंपी गई है। इससे न केवल कॉलेज का स्वरूप निखरेगा, बल्कि यहां रहने वाले छात्रों, डॉक्टरों और उनके परिवारों को भी बड़ी राहत मिलेगी।
- लंबे समय से थीं समस्याएं
नल्हड़ स्थित इस मेडिकल कॉलेज का निर्माण लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने के उद्देश्य से करीब साढ़े 500 करोड़ रुपये की लागत से किया गया था। लेकिन कॉलेज शुरू होने के बाद रखरखाव पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया। परिणामस्वरूप परिसर की सड़कें टूट गईं, सीवरेज व्यवस्था जाम रहने लगी और स्ट्रीट लाइटें खराब पड़ी रहीं। यहां रह रहे सैकड़ों परिवारों और एमबीबीएस के छात्रों को रोजाना दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। बरसात के मौसम में पानी भरने से हालात और भी बदतर हो जाते थे।
- छात्रों और परिवारों को राहत
कॉलेज में पढ़ाई कर रहे छात्र-छात्राओं और स्टाफ परिवारों का कहना था कि जर्जर सड़कों और अंधेरे गलियारों के कारण आवाजाही में खतरा बना रहता था। पार्कों की हालत भी खस्ता थी, जिससे बच्चों और बुजुर्गों के लिए टहलना मुश्किल हो गया था। कई जगह सीवरेज ओवरफ्लो होने से गंदगी फैलती थी। अब नए बजट से इन समस्याओं के समाधान की उम्मीद जगी है।
- अब होंगे ये प्रमुख काम
* गड्ढों से भरी टूटी सड़कों को नई डामर सड़क से बनाया जाएगा।
* पुराने और उपेक्षित पार्कों का सौंदर्यीकरण किया जाएगा।
* पूरे परिसर और कॉलोनी में नई स्ट्रीट लाइटें लगेंगी।
* जाम और ओवरफ्लो हो रही सीवरेज लाइन बदली जाएगी।
* बरसाती पानी की निकासी और रेनवाटर हार्वेस्टिंग की नई व्यवस्था बनेगी।
इन सुधार कार्यों से न केवल सुविधाएं बेहतर होंगी, बल्कि परिसर का वातावरण भी स्वच्छ और सुरक्षित बनेगा।
- निदेशक ने जताई उम्मीद
मेडिकल कॉलेज के निदेशक डॉ. मुकेश कुमार ने बताया कि कॉलेज में कई जरूरी विकास कार्यों के लिए 21 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं। टेंडर जारी कर काम शुरू करा दिया गया है। उन्होंने कहा कि लंबे समय बाद यह बजट कॉलेज के छात्रों, डॉक्टरों और अन्य स्टाफ परिवारों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगा।
- बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की उम्मीद
स्थानीय लोगों का मानना है कि आधारभूत ढांचा मजबूत होने से कॉलेज की कार्यक्षमता भी बढ़ेगी। बेहतर सुविधाओं से डॉक्टरों और छात्रों का मनोबल ऊंचा होगा, जिसका सीधा असर मरीजों को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ेगा। अब सबकी नजरें इस पर हैं कि तय समय में काम पूरा हो और मेडिकल कॉलेज एक आदर्श संस्थान के रूप में उभरे।
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नूंह। करीब डेढ़ दशक से मूलभूत सुविधाओं की कमी और जर्जर ढांचे के कारण परेशानी झेल रहे शहीद हसन खां मेवाती मेडिकल कॉलेज के दिन अब बदलने वाले हैं। सरकार ने कॉलेज और इससे जुड़ी कॉलोनी में आधारभूत सुविधाओं को दुरुस्त करने के लिए 21.50 करोड़ रुपये का बजट मंजूर कर दिया है। टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही काम भी शुरू कर दिया गया है। निर्माण और मरम्मत की जिम्मेदारी पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन को सौंपी गई है। इससे न केवल कॉलेज का स्वरूप निखरेगा, बल्कि यहां रहने वाले छात्रों, डॉक्टरों और उनके परिवारों को भी बड़ी राहत मिलेगी।
- लंबे समय से थीं समस्याएं
नल्हड़ स्थित इस मेडिकल कॉलेज का निर्माण लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने के उद्देश्य से करीब साढ़े 500 करोड़ रुपये की लागत से किया गया था। लेकिन कॉलेज शुरू होने के बाद रखरखाव पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया। परिणामस्वरूप परिसर की सड़कें टूट गईं, सीवरेज व्यवस्था जाम रहने लगी और स्ट्रीट लाइटें खराब पड़ी रहीं। यहां रह रहे सैकड़ों परिवारों और एमबीबीएस के छात्रों को रोजाना दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। बरसात के मौसम में पानी भरने से हालात और भी बदतर हो जाते थे।
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- छात्रों और परिवारों को राहत
कॉलेज में पढ़ाई कर रहे छात्र-छात्राओं और स्टाफ परिवारों का कहना था कि जर्जर सड़कों और अंधेरे गलियारों के कारण आवाजाही में खतरा बना रहता था। पार्कों की हालत भी खस्ता थी, जिससे बच्चों और बुजुर्गों के लिए टहलना मुश्किल हो गया था। कई जगह सीवरेज ओवरफ्लो होने से गंदगी फैलती थी। अब नए बजट से इन समस्याओं के समाधान की उम्मीद जगी है।
- अब होंगे ये प्रमुख काम
* गड्ढों से भरी टूटी सड़कों को नई डामर सड़क से बनाया जाएगा।
* पुराने और उपेक्षित पार्कों का सौंदर्यीकरण किया जाएगा।
* पूरे परिसर और कॉलोनी में नई स्ट्रीट लाइटें लगेंगी।
* जाम और ओवरफ्लो हो रही सीवरेज लाइन बदली जाएगी।
* बरसाती पानी की निकासी और रेनवाटर हार्वेस्टिंग की नई व्यवस्था बनेगी।
इन सुधार कार्यों से न केवल सुविधाएं बेहतर होंगी, बल्कि परिसर का वातावरण भी स्वच्छ और सुरक्षित बनेगा।
- निदेशक ने जताई उम्मीद
मेडिकल कॉलेज के निदेशक डॉ. मुकेश कुमार ने बताया कि कॉलेज में कई जरूरी विकास कार्यों के लिए 21 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं। टेंडर जारी कर काम शुरू करा दिया गया है। उन्होंने कहा कि लंबे समय बाद यह बजट कॉलेज के छात्रों, डॉक्टरों और अन्य स्टाफ परिवारों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगा।
- बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की उम्मीद
स्थानीय लोगों का मानना है कि आधारभूत ढांचा मजबूत होने से कॉलेज की कार्यक्षमता भी बढ़ेगी। बेहतर सुविधाओं से डॉक्टरों और छात्रों का मनोबल ऊंचा होगा, जिसका सीधा असर मरीजों को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ेगा। अब सबकी नजरें इस पर हैं कि तय समय में काम पूरा हो और मेडिकल कॉलेज एक आदर्श संस्थान के रूप में उभरे।
