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Noida News: गुरु मंत्र हर बच्चे में छिपी प्रतिभा को पहचानना ही शिक्षक का पहला कर्तव्य
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रेखा कन्नौजिया प्रिंसिपल राजकीय हाई स्कूल छिजारसी
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बच्चों को सिर्फ पढ़ाई नहीं, बल्कि जीवन की सही दिशा देना भी जरूरी है। एक शिक्षक और प्रधानाचार्य का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक छात्र में छिपी प्रतिभा को पहचानकर उसे निखारना और एक जिम्मेदार व आदर्श नागरिक बनाना होना चाहिए। वहीं, बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए अभिभावकों का सहयोग भी बेहद जरूरी है। नियमित संवाद और सहभागिता से ही विद्यार्थियों की क्षमताओं को बेहतर तरीके से समझा जा सकता है।
स्कूल में पढ़ाई के साथ-साथ विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से छात्रों को आगे बढ़ने के अवसर दिए जाते हैं। गणित, विज्ञान, खेलकूद, सांस्कृतिक कार्यक्रम और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी गतिविधियां बच्चों के आत्मविश्वास को बढ़ाने में सहायक होती हैं। विद्यालय में आईसीटी लैब जैसी सुविधाओं के माध्यम से छात्रों को तकनीकी ज्ञान दिया जा रहा है, ताकि वे बदलते समय की चुनौतियों के लिए तैयार हो सकें। मेहनत, अनुशासन और बड़ों का सम्मान विद्यार्थियों की सफलता की मजबूत नींव हैं। शिक्षक का प्रयास होना चाहिए कि हर बच्चा अपनी क्षमता को पहचाने और जीवन में बेहतर मुकाम हासिल करे।
रेखा कन्नोजिया, प्रिंसिपल, राजकीय हाईस्कूल, छिजारसी
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स्कूल में पढ़ाई के साथ-साथ विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से छात्रों को आगे बढ़ने के अवसर दिए जाते हैं। गणित, विज्ञान, खेलकूद, सांस्कृतिक कार्यक्रम और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी गतिविधियां बच्चों के आत्मविश्वास को बढ़ाने में सहायक होती हैं। विद्यालय में आईसीटी लैब जैसी सुविधाओं के माध्यम से छात्रों को तकनीकी ज्ञान दिया जा रहा है, ताकि वे बदलते समय की चुनौतियों के लिए तैयार हो सकें। मेहनत, अनुशासन और बड़ों का सम्मान विद्यार्थियों की सफलता की मजबूत नींव हैं। शिक्षक का प्रयास होना चाहिए कि हर बच्चा अपनी क्षमता को पहचाने और जीवन में बेहतर मुकाम हासिल करे।
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रेखा कन्नोजिया, प्रिंसिपल, राजकीय हाईस्कूल, छिजारसी