सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Two more arrested for allegedly recording videos of traffic police officers and blackmailing them

शातिर गिरोह का भंडाफोड़: वीडियो रिकॉर्ड कर AI की मदद से करते हेरफेर, फिर ब्लैकमेल कर वसूलते रकम, अबतक 10 पकड़े

अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: विजय पुंडीर Updated Mon, 02 Feb 2026 12:35 PM IST
विज्ञापन
सार

गिरोह ट्रैफिक पुलिसकर्मियों का चालान काटने या कागजात जांच करने के दौरान चुपचाप वीडियो बना लेता था। बाद में इन वीडियो में एआई की मदद से हेराफेरी कर विभागीय जांच, निलंबन, विजिलेंस कार्रवाई या झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने की धमकी देकर डराते थे। बदले में मोटी रकम वसूली जाती थी।

Two more arrested for allegedly recording videos of traffic police officers and blackmailing them
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Freepik
विज्ञापन

विस्तार
Follow Us

ट्रैफिक पुलिसकर्मियों और दूसरे सरकारी अधिकारियों का वीडियो रिकॉर्ड कर ब्लैकमेल करने वाले अलग-अलग गिरोह के दो और बदमाशों को दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने गिरफ्तार किया है। इनकी पहचान आमिर चौधरी उर्फ सिकंदर और संजय गुप्ता के रूप में हुई है। वसूली की दो अलग-अलग एफआईआर में इनकी गिरफ्तारी हुई है।

Trending Videos

आमिर चौधरी गैंग लीडर जीशान अली के गिरोह का सदस्य है, जबकि संजय गुप्ता राजकुमार उर्फ राजू मीना गैंग का सदस्य है। दोनों मामलों में पुलिस अब तक कुल 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। बाकी बदमाशों की तलाश की जा रही है। अपराध शाखा की टीम पकड़े गए दोनों आरोपियों से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है। अपराध शाखा के पुलिस उपायुक्त संजीव कुमार यादव ने बताया कि बदमाशों का सिंडिकेट दो अलग-अलग गिरोहों के रूप में सक्रिय था। एक गिरोह जीशान अली और दूसरा राजकुमार उर्फ राजू मीना चला रहा था। इनके गिरोह ट्रैफिक पुलिसकर्मियों का चालान काटने या कागजात जांच करने के दौरान चुपचाप वीडियो बना लेता था।

विज्ञापन
विज्ञापन

बाद में इन वीडियो में एआई की मदद से हेराफेरी कर विभागीय जांच, निलंबन, विजिलेंस कार्रवाई या झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने की धमकी देकर डराते थे। बदले में मोटी रकम वसूली जाती थी। सिंडिकेट फर्जी ‘नो-एंट्री’ स्टीकर बेचकर पहले वाहनों के चालकों से नियम तुड़वाते थे। बाद में ट्रैफिक पुलिसकर्मियों का वीडियो बनाकर उसके जरिए ब्लैकमेल कर लाखों रुपये ऐंठे जाते थे।

पुलिस आयुक्त के निर्देश पर मामले में मकोका और गैंगस्टर एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं। इसमें 29 अप्रैल और 8 दिसंबर को दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गईं। छानबीन के बाद पुलिस ने जीशान अली व उसके गिरोह के छह सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। वहीं दूसरी मामले में राजकुमार और उसके साथी मुकेश उर्फ पकौड़ी गिरफ्तार कर लिया गया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

Election
एप में पढ़ें

Followed