Salim Khan Birthday: जावेद अख्तर से अलग होकर सलीन खान ने लिखीं ये फिल्में, जानें कैसा रहा हाल?
भारतीय सिनेमा के इतिहास में सबसे सफल लेखकों में सलीम-जावेद का नाम सबसे पहले लिया जाता है। हालांकि, इस जोड़ी के टूटने के बाद सलीम खान अपनी लेखनी से कुछ खास कमाल नहीं दिखा सके।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सलीम खान का जन्म 24 नवंबर 1935 को हुआ था। वह बॉलीवुड के एक दिग्गज पटकथा लेखक रह चुके हैं । सलीम-जावेद की जोड़ी के साथ उन्होंने भारतीय सिनेमा को कई हिट फिल्में दीं, लेकिन साल 1982 में दोनों की साझेदारी समाप्त हो गई। इसके बाद सलीम खान ने अकेले ही फिल्मों का लेखन किया, हालांकि उन्हें वह सफलता नहीं मिल पाई, जो जावेद के साथ मिलकर उनके काम को मिली थी। आज हम सलीम खान के जावेद अख्तर से अलग होने के बाद की फिल्मों और उनके बॉक्स ऑफिस प्रदर्शन के बारे में जानेंगे।
नाम (1986)
सलीम खान के करियर में एक बड़ा टर्निंग प्वाइंट आया, जब उन्होंने फिल्म 'नाम' (1986) की पटकथा लिखी। यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सुपरहिट साबित हुई। फिल्म में संजय दत्त, कुमार गौरव और नूतन मुख्य भूमिकाओं में थे। इस फिल्म का निर्देशन महेश भट्ट ने किया था।
अंगारे (1986)
सलीम खान ने इसके बाद फिल्म अंगारे लिखी, जिसमें राजेश खन्ना, स्मिता पाटिल और राज बब्बर जैसे सितारों ने काम किया था। फिल्म का निर्देशन राजेश सेठी ने किया था। सलीम खान की लिखी यह यह फिल्म दर्शकों के दिलों में जगह बनाने में नाकाम साबित हुई थी और इसे फ्लॉप घोषित किया गया था।
कब्जा (1988)
फिल्म 'कब्जा' साल 1988 में रिलीज हुई थी। इस एक्शन क्राइम थ्रिलर फिल्म का निर्देशन महेश भट्ट ने किया था। फिल्म की पटकथा सलीम खान ने लिखी थी। इस फिल्म में संजय दत्त, राज बब्बर, डिंपल कपाडिया और अमृता सिंह जैसे सितारे मौजूद थे। यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर हिट साबित हुई थी।
तूफान (1989)
केतन देसाई के निर्देशन में बनी फिल्म 'तूफान' साल 1989 में रिलीज हुई थी। इस फिल्म को भी सलीम खान ने ही लिखा था। यह फिल्म दर्शकों को कुछ खास पसंद नहीं आई थी। फिल्म में अमिताभ बच्चन मुख्य भूमिका में दिखे थे।
जुर्म (1990)
सलीम खान की एक और महत्वपूर्ण फिल्म 'जुर्म' (1990) थी, जो बॉक्स ऑफिस पर हिट रही। यह फिल्म एक थ्रिलर थी, जिसमें विनोद खन्ना, मीनाक्षी शेषाद्रि और संगीता बिजलानी ने मुख्य भूमिका निभाई थी। फिल्म को सलीम खान ने लिखा था। वहीं, इसका निर्देशन महेश भट्ट ने किया था।
अकेला (1991)
इसके बाद सलीम खान ने 'अकेला' (1991) लिखी, जिसमें अमिताभ बच्चन मुख्य भूमिका में थे। यह फिल्म भी बॉक्स ऑफिस पर उम्मीद के मुताबिक कमाई नहीं कर सकी। फिल्म की कमजोर कहानी और कमजोर निर्देशन की वजह से यह दर्शकों के दिलों में कोई खास जगह नहीं बना सकी।
मस्त कलंदर (1991)
'मस्त कलंदर' साल 1991 में रिलीज हुई थी। सलीम खान की लिखी इस फिल्म का निर्देशन राहुल रवैल ने किया था। फिल्म में धर्मेंद्र ने मुख्य भूमिका निभाई थी। दर्शकों को यह फिल्म पसंद आई थी।
पत्थर के फूल (1991)
'पत्थर के फूल' सलीम खान के बेटे सलमान खान और अभिनेत्री रवीना टंडन नजर आई थीं। साल 1991 में आई इस फिल्म को फिल्म को दर्शकों से मिल-जुली प्रतिक्रियाएं प्राप्त हुई थीं। सिनेमाघरों में यह फिल्म कुछ खास प्रदर्शन नहीं कर सकी थी। इसके अलावा उन्होंने मझधार, दिल तेरा दीवाना और फलक जैसी फिल्में भी लिखीं जो बॉक्स ऑफिस पर चल नहीं सकीं।
Shabana Azmi: फ्रांस में शबाना आजमी को मिला स्टैंडिंग ओवेशन, फेस्टिवल में दिखाई गई फिल्में