'79 फीसदी तो एक्टर ही ले जाते हैं'; बॉलीवुड की टूटी अर्थव्यवस्था पर बोले गिप्पी ग्रेवाल, कहा- 'सुधार की जरूरत'
Gippy Grewal On Bollywood Economics: अभिनेता गिप्पी ग्रेवाल इन दिनों अपनी आगामी फिल्म 'कैरी ऑन जट्टा 4' को लेकर सुर्खियों में हैं। इस बीच हाल ही में उन्होंने बॉलीवुड इंडस्ट्री की टूटी अर्थव्यवस्था पर बात की।
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पंजाबी एक्टर गिप्पी ग्रेवाल की फिल्म 'कैरी ऑन जट्टा 4' इस महीने रिलीज को तैयार है। इससे पहले हाल ही में उन्होंने भारतीय सिनेमा में बजट के मॉडल को लेकर बात की। उन्होंने इस पर चिंता जताते हुए कहा कि पूरे बजट का एक बड़ा हिस्सा सितारे ले लेते हैं। इसके बाद प्रोडक्शन के लिए कम बजट बचता है। यह मॉडल लंबे वक्त तक नहीं चलेगा।
बजट का बड़ा हिस्सा स्टार्स पर खर्च होता है
गिप्पी ग्रेवाल ने बॉलीवुड की टूटी अर्थव्यवस्था और खराब बजट मॉडल पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि फिल्मों से 79 प्रतिशत हिस्सा एक्टर ले जाते हैं। उनका कहना है कि बजट इंडस्ट्री की सबसे बड़ी चिंताओं में से एक है। गिप्पी ग्रेवाल ने कहा कि स्टार्स की बढ़ती फीस और घटता प्रोडक्शन बजट। इंडियन सिनेमा में बजट का एक ऐसा मॉडल बन गया है, जो लंबे समय तक नहीं चल सकता। इसमें फिल्म के बजट का बहुत बड़ा हिस्सा प्रोडक्शन के बजाय टैलेंट (स्टार्स) पर खर्च हो जाता है।
विदेशी इंडस्ट्री से तुलना की
गिप्पी ग्रेवाल का कहना है, 'कनाडा और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में, कास्ट, डायरेक्टर और राइटर की कुल फीस फिल्म के बजट का लगभग 21 प्रतिशत होती है। बाकी 79 प्रतिशत हिस्सा फिल्म बनाने में खर्च होता है। यहां अक्सर इसका उल्टा होता है'। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, गिप्पी ग्रेवाल ने कहा, 'लगभग 79 प्रतिशत हिस्सा तो टीम ही ले जाती है, जिससे फिल्म बनाने के लिए बहुत कम पैसा बचता है। कलाकार करोड़ों रुपये लेते हैं और यहीं से असंतुलन शुरू होता है'।
'लागत पर ध्यान की बजाय सुधार की जरूरत'
गिप्पी ग्रेवाल का मानना है कि सिर्फ लागत कम करने पर ध्यान देने के बजाय, इंडस्ट्री को सुधार की जरूरत है। उन्होंने आगे कहा, 'यह रिकवरी मॉडल है। अगर रिकवरी स्वस्थ हो जाती है, तो उत्पादन मूल्यों में काफी सुधार हो सकता है। दिन के आखिर में, यह सब गणित है'। स्टार्स की फीस पर लगी सीमा (कैपिंग) को लेकर हो रही बहस पर वे कहते हैं कि बार-बार बॉक्स-ऑफिस पर फ्लॉप होने के बावजूद मार्केट एक्टर्स को अच्छा पैसा देता रहता है।
बोले-एक्टर्स को मना करना चाहिए!
गिप्पी का कहना है, 'ऐसे एक्टर्स भी हैं जिनकी फिल्में वर्षों से नहीं चलीं, फिर भी उन्हें प्रोजेक्ट्स मिल रहे हैं। मैंने ऐसे एक्टर्स के बारे में भी सुना है जिनकी फिल्में फ्लॉप हुईं, लेकिन बाद में उन्होंने और ज्यादा फीस की मांग की। एक्टर्स को तो पैसे मिल ही जाते हैं। आदर्श रूप से एक्टर्स को कहना चाहिए, 'मुझे पहले से पैसे मत दो। अगर फिल्म चलती है तो मुनाफे में से हिस्सा दो। मैं भी इसी मॉडल को फॉलो करने की कोशिश करता हूं'। 'कैरी ऑन जट्टा 4' 26 जून 2026 को रिलीज होगी।