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Ambala News: नकली विजिलेंस अधिकारी बनकर ट्रेनों में टीटीई से पैसे ऐंठने वाला छतीसगढ़ एक्सप्रेस से गिरफ्तार
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अंबाला छावनी के जीआरपी थाने में वॉकी-टॉकी पर नई दिल्ली के स्टेशन मास्टर से संपर्क साधता नकली वि
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- पूछताछ में खुलासा- 2 साल में 300 से अधिक ट्रेनों में अधिकारी बनकर घूमता रहा
- दिल्ली के वसंत विहार का रहने वाला है आरोपी सुधीर कुमार
- फर्जी आईकार्ड, दस्तावेज और एक वॉकी-टॉकी सेट बरामद
संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। नकली विजिलेंस अधिकारी बनकर ट्रेनों में टीटीई से पैसे ऐंठने वाले नई दिल्ली के बसंत विहार निवासी सुधीर कुमार (53) को आरपीएफ व जीआरपी ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए छतीसगढ़ एक्सप्रेस से गिरफ्तार किया है। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि आरोपी ने 2 साल में देशभर की 300 से अधिक ट्रेनों में आराम से विजिलेंस अधिकारी बनकर सफर किया। ट्रेनों में तैनात टीटीई और पैंट्री कर्मचारियों से पैसे ऐंठे। वहीं, रौब जमाने के लिए वॉकी-टॉकी पर दिल्ली से लेकर जम्मू और यूपी-बिहार के स्टेशन मास्टरों को धमकाया। आरोपी के कब्जे से फर्जी आई कार्ड, दस्तावेज और एक वॉकी-टॉकी सेट बरामद किया गया है।
जीआरपी के अनुसार, सोमवार की रात लगभग 12:20 बजे कंट्रोल रूम से सूचना मिली कि ट्रेन नंबर 18238 छतीसगढ़ एक्सप्रेस के एसी कोच नंबर ए-2 में एक संदिग्ध व्यक्ति खुद को विजिलेंस अधिकारी बताकर घूम रहा है। सूचना मिलते ही सीआईबी/आरपीएफ यूनिट ने साथी मुलाजिमों के साथ तुरंत ट्रेन को चेक किया और तलाशी लेने पर आरोपी के पास से रेलवे विजिलेंस दिल्ली का फर्जी आई-कार्ड नंबर 104, संबंधित कागजात और काले रंग का एक चालू हालत में मोटोरोला वॉकी-टॉकी सेट बरामद किया गया। पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि वह फर्जी आई कार्ड का इस्तेमाल कर ट्रेनों में चेकिंग के बहाने टीटीई पर धौंस जमाता था और उनसे अवैध वसूली करता था। काबू करने के बाद आरोपी को जीआरपी बूथ पर लाया गया और प्राथमिकी दर्ज की गई।
नकली विजिलेंस अधिकारी को मंगलवार कोर्ट में पेश किया गया। आरोपी को 4 दिन के रिमांड पर लिया गया है। यह अकेले व्यक्ति का काम नहीं हो सकता। इस ठगी के मामले में कुछ अन्य लोग भी संलिप्त हो सकते हैं इसलिए रिमांड के दौरान पूरी गहनता से मामले की छानबीन की जाएगी ताकि अन्य सहयोगियों की धरपकड़ हो सके।
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- हरीश कुमार, प्रभारी, जीआरपी अंबाला
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- दिल्ली के वसंत विहार का रहने वाला है आरोपी सुधीर कुमार
- फर्जी आईकार्ड, दस्तावेज और एक वॉकी-टॉकी सेट बरामद
संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। नकली विजिलेंस अधिकारी बनकर ट्रेनों में टीटीई से पैसे ऐंठने वाले नई दिल्ली के बसंत विहार निवासी सुधीर कुमार (53) को आरपीएफ व जीआरपी ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए छतीसगढ़ एक्सप्रेस से गिरफ्तार किया है। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि आरोपी ने 2 साल में देशभर की 300 से अधिक ट्रेनों में आराम से विजिलेंस अधिकारी बनकर सफर किया। ट्रेनों में तैनात टीटीई और पैंट्री कर्मचारियों से पैसे ऐंठे। वहीं, रौब जमाने के लिए वॉकी-टॉकी पर दिल्ली से लेकर जम्मू और यूपी-बिहार के स्टेशन मास्टरों को धमकाया। आरोपी के कब्जे से फर्जी आई कार्ड, दस्तावेज और एक वॉकी-टॉकी सेट बरामद किया गया है।
जीआरपी के अनुसार, सोमवार की रात लगभग 12:20 बजे कंट्रोल रूम से सूचना मिली कि ट्रेन नंबर 18238 छतीसगढ़ एक्सप्रेस के एसी कोच नंबर ए-2 में एक संदिग्ध व्यक्ति खुद को विजिलेंस अधिकारी बताकर घूम रहा है। सूचना मिलते ही सीआईबी/आरपीएफ यूनिट ने साथी मुलाजिमों के साथ तुरंत ट्रेन को चेक किया और तलाशी लेने पर आरोपी के पास से रेलवे विजिलेंस दिल्ली का फर्जी आई-कार्ड नंबर 104, संबंधित कागजात और काले रंग का एक चालू हालत में मोटोरोला वॉकी-टॉकी सेट बरामद किया गया। पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि वह फर्जी आई कार्ड का इस्तेमाल कर ट्रेनों में चेकिंग के बहाने टीटीई पर धौंस जमाता था और उनसे अवैध वसूली करता था। काबू करने के बाद आरोपी को जीआरपी बूथ पर लाया गया और प्राथमिकी दर्ज की गई।
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नकली विजिलेंस अधिकारी को मंगलवार कोर्ट में पेश किया गया। आरोपी को 4 दिन के रिमांड पर लिया गया है। यह अकेले व्यक्ति का काम नहीं हो सकता। इस ठगी के मामले में कुछ अन्य लोग भी संलिप्त हो सकते हैं इसलिए रिमांड के दौरान पूरी गहनता से मामले की छानबीन की जाएगी ताकि अन्य सहयोगियों की धरपकड़ हो सके।
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- हरीश कुमार, प्रभारी, जीआरपी अंबाला