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Haryana: यूएचबीवीएन ने 33केवी सब-स्टेशनों पर दिए सरप्राइज मॉक ड्रिल के आदेश, सुरक्षा तैयारियों की होगी जांच
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: Nivedita
Updated Thu, 21 May 2026 12:27 PM IST
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सार
मॉक ड्रिल के दौरान फायर फाइटिंग उपकरणों और फायर एक्सटिंग्विशर के उपयोग का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही इमरजेंसी शटडाउन और बिजली बहाली प्रक्रिया की भी जांच होगी।
बिजली
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (यूएचबीवीएन) ने सभी ऑपरेशन सर्किलों में चयनित 33केवी सब-स्टेशनों पर अगले मंगलवार सुबह 9 बजे सरप्राइज मॉक ड्रिल कराने के आदेश जारी किए हैं। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य गर्मी और मानसून के दौरान बिजली व्यवस्था को सुरक्षित, मजबूत और बिना रुकावट बनाए रखना है।
मॉक ड्रिल के दौरान फायर फाइटिंग उपकरणों और फायर एक्सटिंग्विशर के उपयोग का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही इमरजेंसी शटडाउन और बिजली बहाली प्रक्रिया की भी जांच होगी। बिजली विभाग और फायर सर्विस के बीच तालमेल, कर्मचारियों के लिए जरूरी सुरक्षा उपकरण (पीपीएस), वाटर लॉगिंग से बचाव, पर्याप्त रोशनी, रैंप, बाउंड्री वॉल और इमरजेंसी रास्तों की स्थिति भी परखी जाएगी।
सभी अधिकारियों को ड्रिल की वीडियो रिकॉर्डिंग और फोटो अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि तैयारियों की सही समीक्षा हो सके। विभाग ने साफ कहा है कि ड्रिल के दौरान बिजली सप्लाई प्रभावित नहीं होनी चाहिए और सभी सुरक्षा नियमों का पालन अनिवार्य रहेगा।
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इस पहल का फायदा यह होगा कि बारिश, आग या किसी तकनीकी खराबी जैसी आपात स्थिति में बिजली व्यवस्था जल्दी बहाल की जा सकेगी। इससे कर्मचारियों की सुरक्षा बढ़ेगी और उपभोक्ताओं को बिजली कटौती की समस्या कम होगी।
मॉक ड्रिल के दौरान फायर फाइटिंग उपकरणों और फायर एक्सटिंग्विशर के उपयोग का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही इमरजेंसी शटडाउन और बिजली बहाली प्रक्रिया की भी जांच होगी। बिजली विभाग और फायर सर्विस के बीच तालमेल, कर्मचारियों के लिए जरूरी सुरक्षा उपकरण (पीपीएस), वाटर लॉगिंग से बचाव, पर्याप्त रोशनी, रैंप, बाउंड्री वॉल और इमरजेंसी रास्तों की स्थिति भी परखी जाएगी।
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सभी अधिकारियों को ड्रिल की वीडियो रिकॉर्डिंग और फोटो अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि तैयारियों की सही समीक्षा हो सके। विभाग ने साफ कहा है कि ड्रिल के दौरान बिजली सप्लाई प्रभावित नहीं होनी चाहिए और सभी सुरक्षा नियमों का पालन अनिवार्य रहेगा।
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