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Chandigarh-Haryana News: कर्तव्य पथ पर इस बार नहीं दिखेगी हरियाणा की झांकी

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चंडीगढ़। कर्तव्य पथ पर इस बार हरियाणा की झांकी नहीं दिखेगी। प्रदेश सरकार ने हिसार स्थित राखी गढ़ी का प्रस्ताव भेजा था। मगर रक्षा मंत्रालय ने नियमों का हवाला देकर हरियाणा के प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया है हालांकि इससे पहले लगातार चार साल हरियाणा की झांकी कर्तव्य पथ पर दिखती रही है। उससे पहले 2015 व 2017 में भी हरियाणा की झांकी ने सबका ध्यान खींचा था।
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77वें गणतंत्र दिवस के उपलक्ष्य पर रक्षा मंत्रालय ने 17 राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों की झांकियों को गणतंत्र दिवस परेड के लिए स्वीकृति दी है। प्रदेश सरकार के अधिकारियों का कहना है कि सभी राज्यों को उनकी झांकियां प्रदर्शित करने का मौका मिले इसलिए एक रोटेशन पीरियड तय किया गया था। इस बार उन प्रदेशों को मौका दिया गया है जिनकी कुछ सालों से झांकियां कर्तव्य पथ पर नहीं दिख रही थी। पिछले दस सालों में हरियाणा की छह बार झांकियों ने कर्तव्य पथ की शोभा बढ़ाई है।
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साल 2015 में सुल्तान बर्ड सेंचुरी, 2017 में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, 2022 में हरियाणा नंबर वन स्पोर्ट्स, 2023 में इंटरनेशनल गीता महोत्सव, 2024 में मेरा परिवार मेरी पहचान और 2025 में समृद्ध हरियाणा- विरासत व विकास की थीम पर झांकी प्रदर्शित की गई थी।

हिमाचल की पांच साल बाद, पंजाब की भी दिखेगी झांकी

नई व्यवस्था की वजह से हिमाचल की पांच साल गणतंत्र दिवस के मौके पर झांकी देखने को मिलेगी। साल 2020 के बाद से गणतंत्र दिवस परेड के लिए हिमाचल की झांकी का चयन नहीं हो पाया था। वहीं, पंजाब की भी झांकी को केंद्र सरकार ने मंजूरी दे दी है। गुरु तेग बहादुर की शहादत की भव्य झांकी देखने को मिलेगी हालांकि पिछले साल भी पंजाब की झांकी का चयन किया गया था।
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