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Chandigarh-Haryana News: मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता पर 7 साल में सिर्फ 14 शिकायतें, 14 लाख से अधिक विद्यार्थी उठा रहे लाभ
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अरुण शर्मा
चंडीगढ़। हरियाणा में मध्याह्न भोजन योजना के तहत विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। शिक्षा विभाग के अनुसार, पिछले सात वर्षों में भोजन की गुणवत्ता को लेकर केवल 14 शिकायतें ही प्राप्त हुई हैं। वर्तमान में 14 लाख से अधिक विद्यार्थी इस योजना का लाभ ले रहे हैं।
यह जानकारी कैथल से कांग्रेस विधायक आदित्य सुरजेवाला द्वारा पूछे गए अतारांकित प्रश्न के जवाब में शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने सदन में दी। विधायक ने वर्ष 2019 से वित्त वर्ष 2025-26 तक विद्यार्थियों की संख्या, स्वीकृत राशि, भुगतान और जिला-वार शिकायतों का पूरा विवरण मांगा था।
जिलेवार शिकायतों का ब्योरा
शिक्षा मंत्री द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार
2019-20 में कुरुक्षेत्र से 3 शिकायतें मिलीं।
2022-23 में फरीदाबाद, गुरुग्राम और कुरुक्षेत्र से 1-1 शिकायत मिली।
2024-25 में हिसार, जींद, करनाल और कुरुक्षेत्र से 1-1 शिकायत प्राप्त हुई।
2025-26 में गुरुग्राम और हिसार से 1-1 शिकायत मिली।
कुल मिलाकर सात वर्षों में कुरुक्षेत्र से सर्वाधिक 6 शिकायतें प्राप्त हुईं। गुरुग्राम और हिसार से 2-2 शिकायतें, जबकि फरीदाबाद, जींद और करनाल से 1-1 शिकायत दर्ज की गई।
कोविड काल में छात्रों के खातों में भेजी गई राशि
शिक्षा मंत्री ने बताया कि जिला स्तर पर वितरित राशि में मुख्यालय स्तर की निगरानी, प्रबंधन एवं मूल्यांकन (MME) की राशि शामिल नहीं है। कोविड-19 महामारी के दौरान वर्ष 2021-22 में लगभग 72 करोड़ रुपये भोजन पकाने की लागत के रूप में सीधे छात्रों के बैंक खातों में भेजे गए। इसके अलावा 141 करोड़ रुपये दूध पाउडर के लिए वीटा को भुगतान किए गए। वर्ष 2025-26 में हांसी को नया जिला बनाया गया है। संबंधित राशि फिलहाल हिसार जिले के माध्यम से जारी की गई है।
मध्याह्न भोजन के लिए वर्षवार स्वीकृत राशि
(राशि लाख रुपये में)
वर्ष स्वीकृत राशि
2019-20 36,115
2020-21 41,300
2021-22 40,817.26
2022-23 42,402
2023-24 83,800
2024-25 60,800
2025-26 66,565 (48,881.80 जारी)
वर्षवार लाभार्थी विद्यार्थियों की संख्या
वर्ष कुल विद्यार्थी
2019-20 14,47,990
2020-21 14,79,211
2021-22 17,65,992
2022-23 16,79,964
2023-24 15,24,852
2024-25 15,48,109
2025-26 14,80,150
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जिलेवार शिकायतों का ब्योरा
शिक्षा मंत्री द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार
2019-20 में कुरुक्षेत्र से 3 शिकायतें मिलीं।
2022-23 में फरीदाबाद, गुरुग्राम और कुरुक्षेत्र से 1-1 शिकायत मिली।
2024-25 में हिसार, जींद, करनाल और कुरुक्षेत्र से 1-1 शिकायत प्राप्त हुई।
2025-26 में गुरुग्राम और हिसार से 1-1 शिकायत मिली।
कुल मिलाकर सात वर्षों में कुरुक्षेत्र से सर्वाधिक 6 शिकायतें प्राप्त हुईं। गुरुग्राम और हिसार से 2-2 शिकायतें, जबकि फरीदाबाद, जींद और करनाल से 1-1 शिकायत दर्ज की गई।
कोविड काल में छात्रों के खातों में भेजी गई राशि
शिक्षा मंत्री ने बताया कि जिला स्तर पर वितरित राशि में मुख्यालय स्तर की निगरानी, प्रबंधन एवं मूल्यांकन (MME) की राशि शामिल नहीं है। कोविड-19 महामारी के दौरान वर्ष 2021-22 में लगभग 72 करोड़ रुपये भोजन पकाने की लागत के रूप में सीधे छात्रों के बैंक खातों में भेजे गए। इसके अलावा 141 करोड़ रुपये दूध पाउडर के लिए वीटा को भुगतान किए गए। वर्ष 2025-26 में हांसी को नया जिला बनाया गया है। संबंधित राशि फिलहाल हिसार जिले के माध्यम से जारी की गई है।
मध्याह्न भोजन के लिए वर्षवार स्वीकृत राशि
(राशि लाख रुपये में)
वर्ष स्वीकृत राशि
2019-20 36,115
2020-21 41,300
2021-22 40,817.26
2022-23 42,402
2023-24 83,800
2024-25 60,800
2025-26 66,565 (48,881.80 जारी)
वर्षवार लाभार्थी विद्यार्थियों की संख्या
वर्ष कुल विद्यार्थी
2019-20 14,47,990
2020-21 14,79,211
2021-22 17,65,992
2022-23 16,79,964
2023-24 15,24,852
2024-25 15,48,109
2025-26 14,80,150