सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Charkhi Dadri News ›   If cotton insurance claims worth Rs 350 crore are not received, agitation will intensify: Bijendra

350 करोड़ का कपास बीमा क्लेम नहीं मिला तो आंदोलन और होगा तेज : बिजेंद्र

संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी Updated Mon, 23 Mar 2026 01:09 AM IST
विज्ञापन
If cotton insurance claims worth Rs 350 crore are not received, agitation will intensify: Bijendra
अनाज मंडी में चल रहे धरने पर नारेबाजी करते किसान।  - फोटो : 1
विज्ञापन
बाढड़ा। बाढड़ा अनाज मंडी परिसर में किसानों का धरना 246वें दिन रविवार को भी जारी रहा। धरने को संबोधित करते हुए किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि जब तक किसानों को कपास फसल बीमा क्लेम की लगभग 350 करोड़ रुपये की बकाया राशि का भुगतान नहीं किया जाता तब तक आंदोलन न तो रुकेगा और न ही कमजोर पड़ेगा।
Trending Videos

किसान नेताओं ने कहा कि जरूरत पड़ी तो बीमा कंपनियों को भुगतान के लिए सड़कों पर उतरकर मजबूर किया जाएगा। धरने की अध्यक्षता महावीर व होशियार सिंह गोपी ने संयुक्त रूप से की। धरने को संबोधित करते हुए श्योराण खाप 25 के प्रधान बिजेंद्र बेरला ने कहा कि फसल बीमा के नाम पर किसानों से प्रीमियम की वसूली तो समय पर कर ली जाती है, लेकिन जब नुकसान होता है तो किसानों को एक-एक रुपये के लिए भटकना पड़ता है। यह किसानों के साथ धोखा है, जिसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आंदोलन को और तेज करने की चेतावनी दी। धरने को संबोधित करते हुए किसान नेता राजकुमार हड़ौदी ने कहा कि सरकार की मजदूर-किसान विरोधी नीतियों का करारा जवाब देंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


धरने पर मास्टर रघवीर श्योराण, भूप सिंह धारणी, ब्रह्मपाल बाढड़ा, होशियार सिंह, सत्य प्रकाश जेवली, नरेश कुमार कादयान, रणधीर, हवा सिंह, प्रताप सिंह, जोरा सिंह, प्रताप सिंह हंसावास, प्रताप सिंह, पारस, युद्धवीर, ओमप्रकाश, महावीर, जयवीर नांधा, सतबीर, पीटीआई धर्मपाल बाढड़ा, ओमप्रकाश आदि भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed