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Charkhi Dadri News: वार्ड 11 में कथित तोड़फोड़ मामले में राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने लिया संज्ञान
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sun, 01 Feb 2026 01:15 AM IST
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चरखी दादरी। नगर परिषद की ओर से स्थानीय वार्ड-11 स्थित अनुसूचित वर्ग बस्ती में कथित तोड़फोड़ के मामले में राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग नई दिल्ली ने संज्ञान लिया है। आयोग ने गत 21 जनवरी को दादरी के जिलाधिकारी को पत्र जारी कर 15 दिन में कार्रवाई से संबंधित सूचना प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। आशियाना बचाओ संघर्ष समिति चरखी दादरी के प्रधान कौशल वाल्मीकि ने आयोग को पत्र लिखा था। पत्र में बताया गया कि वे सभी वर्ष 1982 से महेंद्रगढ़ चुंगी के समीप इम्प्रूवमेंट ट्रस्ट की भूमि पर निवास करते आ रहे हैं। इम्प्रूवमेंट ट्रस्ट ने उस समय 1-बी योजना के तहत इन लोगों को प्लॉट की पर्चियां आवंटित की थीं। तभी से यहां लोग रहते आए हैं। पत्र में उल्लेख किया गया कि इसी पते पर इन लोगों के जन्म प्रमाण-पत्र, मृत्यु प्रमाण-पत्र, आधार कार्ड, राशन कार्ड, वोटर कार्ड, जाति प्रमाण-पत्र, बिजली कनेक्शन व अन्य सभी सरकारी दस्तावेज बने हुए हैं। बावजूद इसके, वर्ष 2014 से नगर परिषद की ओर से मकानों को तोड़ने का सिलसिला जारी रहा है।
उन्होंने आयोग को लिखे पत्र में बताया कि नगर परिषद द्वारा गत 22 जनवरी तक मकान तोड़े जाने की मौखिक चेतावनी दी गई थी। उसके बाद करीब 100 झुग्गी-झोपडि़यों को भी यहां से हटवा दिया गया। उन्होंने आयोग को पत्र लिखकर मकानों को तोड़ने से रुकवाने की गुहार लगाई थी।
कौशल ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने जिला उपायुक्त को पत्र जारी कर इस संबंध में 15 दिन में विस्तृत रिपोर्ट आयोग को प्रस्तुत करने को कहा है।
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उन्होंने आयोग को लिखे पत्र में बताया कि नगर परिषद द्वारा गत 22 जनवरी तक मकान तोड़े जाने की मौखिक चेतावनी दी गई थी। उसके बाद करीब 100 झुग्गी-झोपडि़यों को भी यहां से हटवा दिया गया। उन्होंने आयोग को पत्र लिखकर मकानों को तोड़ने से रुकवाने की गुहार लगाई थी।
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कौशल ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने जिला उपायुक्त को पत्र जारी कर इस संबंध में 15 दिन में विस्तृत रिपोर्ट आयोग को प्रस्तुत करने को कहा है।
