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Jind News: पांच दिनों से चुल्लूभर पानी की नहीं हुई आपूर्ति
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Sat, 10 Jan 2026 12:59 AM IST
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09जेएनडी14: मालवी गांव में रोष प्रकट करती महिलाएं। स्रोत ग्रामीण
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जुलाना। क्षेत्र के मालवी गांव में इन दिनों पेयजल संकट गहराता जा रहा है। पिछले पांच दिनों से गांव में नियमित पेयजल सप्लाई नहीं होने के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। हालात ऐसे बन गए हैं कि ग्रामीणों का रोजमर्रा का जीवन प्रभावित हो गया है और लोगों का जीना मुहाल हो गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि गांव में जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा की जाने वाली पेयजल सप्लाई पूरी तरह से चरमरा गई है। कई दिनों तक पानी नहीं आता और जब कभी सप्लाई होती भी है तो पानी इतना गंदा और बदबूदार होता है कि वह पीने तो दूर, अन्य घरेलू कार्यों के लिए भी उपयोग के योग्य नहीं रहता। इससे ग्रामीणों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल असर पड़ने का खतरा बना हुआ है।
गांव की रेनू, निर्मला, देवी, कंचन, बबली, सुदेश और कस्तूरी आदि ने बताया कि पिछले पांच दिनों से एक बूंद पानी सप्लाई के जरिये नहीं मिला है। मजबूरी में ग्रामीणों को 20 रुपये प्रति कैंपर के हिसाब से पानी खरीदकर काम चलाना पड़ रहा है। गरीब परिवारों के लिए यह अतिरिक्त खर्च किसी बड़ी परेशानी से कम नहीं है। महिलाओं ने बताया कि पानी के अभाव में खाना पकाना,पशुओं के लिए पानी और साफ-सफाई जैसे जरूरी काम भी प्रभावित हो रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि इस समस्या को लेकर वे कई बार जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों से शिकायत कर चुके हैं, लेकिन हर बार केवल आश्वासन ही मिले हैं। आज तक समस्या का कोई स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। विभाग की लापरवाही से ग्रामीणों में भारी रोष बना हुआ है।ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही गांव में नियमित और स्वच्छ पेयजल सप्लाई बहाल नहीं की गई तो वे मजबूर होकर आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे।
वर्जन
गांव में ट्यूबवेल से जलापूर्ति की जा रही थी। गांव के सरपंच ने अस्थायी रूप से बिजली जोड़ी थी जिसका कनेक्शन बिजली निगम ने काट दिया है। अब बिजली निगम को विभाग द्वारा लिखित में दिया गया है कि जल्द से जल्द कनेक्शन को जोड़ा जाए। जैसे ही कनेक्शन जोड़ा जाएगा तुरंत पानी की सप्लाई गांव में छोड़ दी जाएगी।
-- - सतीश नैन, एसडीओ जनस्वाथ्य विभाग जुलाना।
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ग्रामीणों का कहना है कि गांव में जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा की जाने वाली पेयजल सप्लाई पूरी तरह से चरमरा गई है। कई दिनों तक पानी नहीं आता और जब कभी सप्लाई होती भी है तो पानी इतना गंदा और बदबूदार होता है कि वह पीने तो दूर, अन्य घरेलू कार्यों के लिए भी उपयोग के योग्य नहीं रहता। इससे ग्रामीणों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल असर पड़ने का खतरा बना हुआ है।
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गांव की रेनू, निर्मला, देवी, कंचन, बबली, सुदेश और कस्तूरी आदि ने बताया कि पिछले पांच दिनों से एक बूंद पानी सप्लाई के जरिये नहीं मिला है। मजबूरी में ग्रामीणों को 20 रुपये प्रति कैंपर के हिसाब से पानी खरीदकर काम चलाना पड़ रहा है। गरीब परिवारों के लिए यह अतिरिक्त खर्च किसी बड़ी परेशानी से कम नहीं है। महिलाओं ने बताया कि पानी के अभाव में खाना पकाना,पशुओं के लिए पानी और साफ-सफाई जैसे जरूरी काम भी प्रभावित हो रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि इस समस्या को लेकर वे कई बार जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों से शिकायत कर चुके हैं, लेकिन हर बार केवल आश्वासन ही मिले हैं। आज तक समस्या का कोई स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। विभाग की लापरवाही से ग्रामीणों में भारी रोष बना हुआ है।ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही गांव में नियमित और स्वच्छ पेयजल सप्लाई बहाल नहीं की गई तो वे मजबूर होकर आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे।
वर्जन
गांव में ट्यूबवेल से जलापूर्ति की जा रही थी। गांव के सरपंच ने अस्थायी रूप से बिजली जोड़ी थी जिसका कनेक्शन बिजली निगम ने काट दिया है। अब बिजली निगम को विभाग द्वारा लिखित में दिया गया है कि जल्द से जल्द कनेक्शन को जोड़ा जाए। जैसे ही कनेक्शन जोड़ा जाएगा तुरंत पानी की सप्लाई गांव में छोड़ दी जाएगी।