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Jind News: 14 दिन से खड़ी हाइड्रोजन ट्रेन का आज से फिर ट्रायल
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जींद। हाइड्रोजन गैस से चलने वाली देश की पहली ट्रेन का मंगलवार से फिर ट्रायल शुरू होगा। यह ट्रेन सात अप्रैल से स्टेशन पर खड़ी है। ट्रेन के संचालन का अंतिम निर्णय कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) के दौरे और हरी झंडी के बाद ही होगा। इसी अनुरूप तैयारियां भी चल रही हैं।
कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) का दौरा कब होगा, अभी इस बारे में कुछ स्पष्ट नहीं है। माना जा रहा है कि 14 दिन बाद जींद से सोनीपत के बीच शुरू हो रहे ट्रायल के दौरान ही वे किसी दिन आ सकते हैं। सबकुछ ठीक मिलने पर वे ट्रेन के संचालन का निर्णय ले सकते हैं।
रेलवे अफसरों के मुताबिक, देश की पहली हाइड्रोजन से चलने वाली ट्रेन होने के नाते इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ही करेंगे। सीआरएस की तरफ से अंतिम रूप से परख लेने के बाद इस पर कोई निर्णय हो सकता है।
सीआरएस की मौजूदगी में ट्रेन की सुरक्षा, तकनीकी मानकों और संचालन से जुड़ी सभी प्रक्रियाओं की बारीकी से जांच की जाएगी। ट्रायल सफल रहा तो ट्रेन के नियमित संचालन का रास्ता भी साफ हो जाएगा।
दरअसल, हाइड्रोजन गैस बनाने वाले प्लांट में इलेक्ट्रोफायर की खराबी से चार टैंकर हाइड्रोजन गैस बाहर से मंगवानी पड़ी थी। यही गैस डालकर अप्रैल में ट्रेन का ट्रायल किया गया था। फिलहाल, गैस प्लांट काम करने लगा है।
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कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) का दौरा कब होगा, अभी इस बारे में कुछ स्पष्ट नहीं है। माना जा रहा है कि 14 दिन बाद जींद से सोनीपत के बीच शुरू हो रहे ट्रायल के दौरान ही वे किसी दिन आ सकते हैं। सबकुछ ठीक मिलने पर वे ट्रेन के संचालन का निर्णय ले सकते हैं।
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रेलवे अफसरों के मुताबिक, देश की पहली हाइड्रोजन से चलने वाली ट्रेन होने के नाते इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ही करेंगे। सीआरएस की तरफ से अंतिम रूप से परख लेने के बाद इस पर कोई निर्णय हो सकता है।
सीआरएस की मौजूदगी में ट्रेन की सुरक्षा, तकनीकी मानकों और संचालन से जुड़ी सभी प्रक्रियाओं की बारीकी से जांच की जाएगी। ट्रायल सफल रहा तो ट्रेन के नियमित संचालन का रास्ता भी साफ हो जाएगा।
दरअसल, हाइड्रोजन गैस बनाने वाले प्लांट में इलेक्ट्रोफायर की खराबी से चार टैंकर हाइड्रोजन गैस बाहर से मंगवानी पड़ी थी। यही गैस डालकर अप्रैल में ट्रेन का ट्रायल किया गया था। फिलहाल, गैस प्लांट काम करने लगा है।

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