{"_id":"6a4fec51e7a9b676e70c97b4","slug":"admission-process-underway-in-cheeka-application-deadline-extended-to-july-12-kaithal-news-c-245-1-kht1013-152076-2026-07-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"चीका में प्रवेश प्रक्रिया जारी : 12 जुलाई तक बढ़ा आवेदन का समय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चीका में प्रवेश प्रक्रिया जारी : 12 जुलाई तक बढ़ा आवेदन का समय
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गुहला-चीका। राजकीय कन्या महाविद्यालय, चीका में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए प्रवेश प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है। विद्यार्थियों की सुविधा को देखते हुए आवेदन की अंतिम तिथि 12 जुलाई 2026 तक बढ़ा दी गई है। महाविद्यालय के सभी विभागों के प्राध्यापक और प्राध्यापिकाएं विद्यार्थियों के मार्गदर्शन व प्रवेश संबंधी सहायता के लिए परिसर में उपलब्ध हैं।
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. जितेंद्र मोर ने बताया कि संस्थान में पारंपरिक बीए के साथ-साथ व्यावसायिक और कौशल-आधारित कोर्स उपलब्ध हैं। इनमें साइंस, कॉमर्स, मास कम्युनिकेशन और टूरिज्म जैसे विषय शामिल हैं। डॉ. मोर ने विशेष रूप से मास कम्युनिकेशन और टूरिज्म विषयों की उपयोगिता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि साइंस और कॉमर्स के साथ-साथ मास कम्युनिकेशन व टूरिज्म ऐसे विषय हैं जिनमें प्लेसमेंट की अपार संभावनाएं हैं। इन विषयों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि छात्राएं पढ़ाई पूरी करने के बाद घर बैठे भी काम (फ्रीलांसिंग) कर सकती हैं और फील्ड में रहकर भी अपने कॅरिअर को नई ऊंचाइयां दे सकती हैं।
प्राचार्य ने आगे कहा कि हरियाणा सरकार की बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ नीति को मूर्त रूप देते हुए चीका जैसे कस्बे में इन प्रोफेशनल और कौशल-प्रधान कोर्स को शुरू किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य दूरदराज के क्षेत्रों की छात्राओं को आधुनिक शिक्षा और रोजगार के बेहतरीन अवसर उपलब्ध कराना है, ताकि वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।
विज्ञापन
विज्ञापन
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. जितेंद्र मोर ने बताया कि संस्थान में पारंपरिक बीए के साथ-साथ व्यावसायिक और कौशल-आधारित कोर्स उपलब्ध हैं। इनमें साइंस, कॉमर्स, मास कम्युनिकेशन और टूरिज्म जैसे विषय शामिल हैं। डॉ. मोर ने विशेष रूप से मास कम्युनिकेशन और टूरिज्म विषयों की उपयोगिता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि साइंस और कॉमर्स के साथ-साथ मास कम्युनिकेशन व टूरिज्म ऐसे विषय हैं जिनमें प्लेसमेंट की अपार संभावनाएं हैं। इन विषयों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि छात्राएं पढ़ाई पूरी करने के बाद घर बैठे भी काम (फ्रीलांसिंग) कर सकती हैं और फील्ड में रहकर भी अपने कॅरिअर को नई ऊंचाइयां दे सकती हैं।
विज्ञापन
प्राचार्य ने आगे कहा कि हरियाणा सरकार की बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ नीति को मूर्त रूप देते हुए चीका जैसे कस्बे में इन प्रोफेशनल और कौशल-प्रधान कोर्स को शुरू किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य दूरदराज के क्षेत्रों की छात्राओं को आधुनिक शिक्षा और रोजगार के बेहतरीन अवसर उपलब्ध कराना है, ताकि वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।
विज्ञापन