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Karnal News: पीजी कोर्सों में कम आवेदन सीटें भरना भी बना चुनौती
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। पीजी पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब कॉलेजों में दस्तावेज के सत्यापन का कार्य शुरू हो गया है। इस बार कई पीजी कोर्सों में उपलब्ध सीटों के मुकाबले कम आवेदन आए हैं। स्नातक तृतीय वर्ष के परिणाम देरी से जारी होने के कारण अंतिम एक-दो दिन में आवेदनों की संख्या में तेजी आई है लेकिन कुछ पाठ्यक्रमों में सीटों को भरना चुनौती बना हुआ है।
आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब 9 अगस्त तक दस्तावेज का सत्यापन किया जाएगा, जबकि 10 अगस्त को पहली मेरिट सूची जारी की जाएगी। पंडित चिरंजीलाल शर्मा राजकीय महाविद्यालय की संचालित पीजी पाठ्यक्रमों के आंकड़ों पर नजर डालें तो कुछ कोर्सों में सीटों से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं।
एमए मनोविज्ञान की 60 सीटों के लिए 74 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है। वहीं एमएससी कंप्यूटर साइंस की 40 सीटों के मुकाबले 61 आवेदन प्राप्त हुए हैं। एमएससी गणित की 40 सीटों के लिए 52 आवेदन आए हैं। पीजी डिप्लोमा काउंसिलिंग एंड फिजियोथेरेपी की 30 सीटों पर 38 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है।
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दूसरी ओर कई पारंपरिक विषयों में अभी भी सीटों के मुकाबले आवेदन कम हैं। एमए अर्थशास्त्र की 60 सीटों पर 38, एमए अंग्रेजी की 60 सीटों पर 51, एमए इतिहास की 60 सीटों पर 46 और एमए मास कम्युनिकेशन की 40 सीटों पर केवल 9 आवेदन प्राप्त हुए हैं।
महिला कॉलेज में भी पीजी पाठ्यक्रमों की कुल 245 सीटों पर 107 आवेदन प्राप्त हुए हैं। ऐसे में यहां भी सभी सीटों को भरना कॉलेज प्रशासन के लिए चुनौती रहेगा। अधिकारियों को उम्मीद है कि मेरिट सूची जारी होने के बाद दाखिला प्रक्रिया के अगले चरणों में रिक्त सीटों को भरने के लिए विद्यार्थियों को अवसर मिलेंगे।
पीजी दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू होने के समय कई विद्यार्थियों के स्नातक अंतिम वर्ष के परिणाम जारी नहीं हुए थे। इसके चलते शुरुआती दिनों में आवेदन की रफ्तार धीमी रही। परिणाम जारी होने के बाद विद्यार्थियों ने आवेदन किए और अंतिम दिन आवेदनों की संख्या में बढ़ोतरी देखने को मिली।
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करनाल। पीजी पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब कॉलेजों में दस्तावेज के सत्यापन का कार्य शुरू हो गया है। इस बार कई पीजी कोर्सों में उपलब्ध सीटों के मुकाबले कम आवेदन आए हैं। स्नातक तृतीय वर्ष के परिणाम देरी से जारी होने के कारण अंतिम एक-दो दिन में आवेदनों की संख्या में तेजी आई है लेकिन कुछ पाठ्यक्रमों में सीटों को भरना चुनौती बना हुआ है।
आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब 9 अगस्त तक दस्तावेज का सत्यापन किया जाएगा, जबकि 10 अगस्त को पहली मेरिट सूची जारी की जाएगी। पंडित चिरंजीलाल शर्मा राजकीय महाविद्यालय की संचालित पीजी पाठ्यक्रमों के आंकड़ों पर नजर डालें तो कुछ कोर्सों में सीटों से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं।
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एमए मनोविज्ञान की 60 सीटों के लिए 74 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है। वहीं एमएससी कंप्यूटर साइंस की 40 सीटों के मुकाबले 61 आवेदन प्राप्त हुए हैं। एमएससी गणित की 40 सीटों के लिए 52 आवेदन आए हैं। पीजी डिप्लोमा काउंसिलिंग एंड फिजियोथेरेपी की 30 सीटों पर 38 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है।
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दूसरी ओर कई पारंपरिक विषयों में अभी भी सीटों के मुकाबले आवेदन कम हैं। एमए अर्थशास्त्र की 60 सीटों पर 38, एमए अंग्रेजी की 60 सीटों पर 51, एमए इतिहास की 60 सीटों पर 46 और एमए मास कम्युनिकेशन की 40 सीटों पर केवल 9 आवेदन प्राप्त हुए हैं।
महिला कॉलेज में भी पीजी पाठ्यक्रमों की कुल 245 सीटों पर 107 आवेदन प्राप्त हुए हैं। ऐसे में यहां भी सभी सीटों को भरना कॉलेज प्रशासन के लिए चुनौती रहेगा। अधिकारियों को उम्मीद है कि मेरिट सूची जारी होने के बाद दाखिला प्रक्रिया के अगले चरणों में रिक्त सीटों को भरने के लिए विद्यार्थियों को अवसर मिलेंगे।
पीजी दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू होने के समय कई विद्यार्थियों के स्नातक अंतिम वर्ष के परिणाम जारी नहीं हुए थे। इसके चलते शुरुआती दिनों में आवेदन की रफ्तार धीमी रही। परिणाम जारी होने के बाद विद्यार्थियों ने आवेदन किए और अंतिम दिन आवेदनों की संख्या में बढ़ोतरी देखने को मिली।