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Karnal News: बढ़ती महंगाई में महिलाओं ने संभाली घर की आर्थिक कमान
Mon, 01 Jun 2026 02:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
Updated Mon, 01 Jun 2026 02:14 AM IST
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सोनाक्षी
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करनाल। बढ़ती महंगाई ने आम परिवारों के मासिक बजट को प्रभावित कर रही है। रसोई गैस, फल-सब्जियां, दालें, तेल, दूध और दैनिक उपयोग की वस्तुओं के दाम बढ़ने से घर चलाना पहले की तुलना में कहीं अधिक चुनौतीपूर्ण हो गया है। ऐसे समय में महिलाएं अपने अनुभव, समझदारी और घरेलू प्रबंधन के जरिए परिवार के खर्च को संतुलित करने के लिए घर की आर्थिक कमान को संभाल रही हैं। खरीदारी से बचते हुए जरूरत की चीजों पर ही ध्यान दे रही हैं। कई महिलाएं घरों में किचन गार्डन तैयार कर रही हैं, जबकि कुछ महिलाएं बाजार से महंगे सामान खरीदने के बजाय घरेलू स्तर पर ही कई वस्तुएं तैयार कर रही हैं।
महंगाई के बीच किचन गार्डनिंग महिलाओं के लिए बड़ी राहत बनकर सामने आई है। कई महिलाएं घर की छत, आंगन और खाली स्थानों में टमाटर, मिर्च, धनिया, पुदीना, लौकी, भिंडी और बैंगन जैसी सब्जियां उगा रही हैं। इससे उन्हें रोजमर्रा की जरूरत की ताजी सब्जियां मिल रही हैं और बाजार पर निर्भरता भी कम हो रही है। महिलाओं का कहना है कि पहले यह केवल शौक माना जाता था, लेकिन अब यह घरेलू बजट का हिस्सा बन गया है। जैविक तरीके से उगाई गई सब्जियां स्वास्थ्य के लिए भी बेहतर हैं। कई महिलाएं सोशल मीडिया और यूट्यूब के माध्यम से किचन गार्डनिंग सीख रही हैं।
शौक से शुरू की थी किचन गार्डनिंग
गृहिणी मीनू सैनी का कहना है कि महंगाई ने घर का पूरा बजट बिगाड़ दिया है। पहले जिस सामान पर कम खर्च होता था, अब उसी पर ज्यादा पैसा लग रहा है। हमने बाहर का खाना लगभग बंद कर दिया है। घर में ही नाश्ता और अन्य चीजें बनाते हैं। पिछले कई साल से घर में ही शौक से किचन गार्डनिंग शुरू की थी लेकिन बढ़ती महंगाई में यह काफी लाभदायक साबित हो रही हैं। घर पर ही ताजी सब्जियां टमाटर, हरी मिर्च और धनिया घर में ही तैयार हो जाते हैं।
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फालतू खर्चों पर किया जाएगा नियंत्रण
सोनाक्षी गुप्ता ने बताया कि महंगाई के कारण अब जरूरत की चीजें ही खरीदी जा रही हैं। बाजार जाने से पहले पूरी सूची तैयार करते हैं। पहले कई बार बिना जरूरत के भी सामान खरीद लेते थे, लेकिन अब हर खर्च सोच-समझकर करना पड़ता है। घर के बजट को संभालने के लिए कई ऐसे खर्च जो केवल शौक के लिए ही किए जाते थे वहीं अब फालतू खर्च को नियंत्रण में किया जाएगा।
- कार नहीं साइकिल का उपयोग बेहतर
मीनू ने बताया कि महंगाई के इस दौर में छोटी-छोटी बचत ही बड़े सहारे के रूप में काम कर रही है। चाहे बिजली की बचत हो, रसोई में सीमित गैस का उपयोग, घरेलू उत्पादों का इस्तेमाल या किचन गार्डनिंग, हर प्रयास घर के बजट को संतुलित करने में मदद कर रहा है। उन्होंने कहा कि कार, मोटरसाइकिल या स्कूटी से जाने के बजाए साइकिल का उपयोग किया जा सकता है। इससे बढ़ते पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम का असर कम होगा।
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महंगाई के बीच किचन गार्डनिंग महिलाओं के लिए बड़ी राहत बनकर सामने आई है। कई महिलाएं घर की छत, आंगन और खाली स्थानों में टमाटर, मिर्च, धनिया, पुदीना, लौकी, भिंडी और बैंगन जैसी सब्जियां उगा रही हैं। इससे उन्हें रोजमर्रा की जरूरत की ताजी सब्जियां मिल रही हैं और बाजार पर निर्भरता भी कम हो रही है। महिलाओं का कहना है कि पहले यह केवल शौक माना जाता था, लेकिन अब यह घरेलू बजट का हिस्सा बन गया है। जैविक तरीके से उगाई गई सब्जियां स्वास्थ्य के लिए भी बेहतर हैं। कई महिलाएं सोशल मीडिया और यूट्यूब के माध्यम से किचन गार्डनिंग सीख रही हैं।
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शौक से शुरू की थी किचन गार्डनिंग
गृहिणी मीनू सैनी का कहना है कि महंगाई ने घर का पूरा बजट बिगाड़ दिया है। पहले जिस सामान पर कम खर्च होता था, अब उसी पर ज्यादा पैसा लग रहा है। हमने बाहर का खाना लगभग बंद कर दिया है। घर में ही नाश्ता और अन्य चीजें बनाते हैं। पिछले कई साल से घर में ही शौक से किचन गार्डनिंग शुरू की थी लेकिन बढ़ती महंगाई में यह काफी लाभदायक साबित हो रही हैं। घर पर ही ताजी सब्जियां टमाटर, हरी मिर्च और धनिया घर में ही तैयार हो जाते हैं।
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फालतू खर्चों पर किया जाएगा नियंत्रण
सोनाक्षी गुप्ता ने बताया कि महंगाई के कारण अब जरूरत की चीजें ही खरीदी जा रही हैं। बाजार जाने से पहले पूरी सूची तैयार करते हैं। पहले कई बार बिना जरूरत के भी सामान खरीद लेते थे, लेकिन अब हर खर्च सोच-समझकर करना पड़ता है। घर के बजट को संभालने के लिए कई ऐसे खर्च जो केवल शौक के लिए ही किए जाते थे वहीं अब फालतू खर्च को नियंत्रण में किया जाएगा।
- कार नहीं साइकिल का उपयोग बेहतर
मीनू ने बताया कि महंगाई के इस दौर में छोटी-छोटी बचत ही बड़े सहारे के रूप में काम कर रही है। चाहे बिजली की बचत हो, रसोई में सीमित गैस का उपयोग, घरेलू उत्पादों का इस्तेमाल या किचन गार्डनिंग, हर प्रयास घर के बजट को संतुलित करने में मदद कर रहा है। उन्होंने कहा कि कार, मोटरसाइकिल या स्कूटी से जाने के बजाए साइकिल का उपयोग किया जा सकता है। इससे बढ़ते पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम का असर कम होगा।