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Panchkula News: प्रीपेड मीटर काटने का समय तय, सुबह दस से दोपहर बाद एक बजे तक ही काट सकेंगे
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चंडीगढ़। उपभोक्ताओं के प्रीपेड मीटर कनेक्शन काटने में अब हरियाणा के बिजली वितरण निगमों की मनमानी नहीं चलेगी। प्रीपेड मीटर की राशि खत्म होने पर उपभोक्ता उसे निर्धारित समय में रिचार्ज नहीं करवाता है, तो बिजली निगम कनेक्शन को सुबह दस बजे से दोपहर एक बजे के बीच ही काट सकेंगे। इस समयावधि के बाहर निगम के कर्मचारियों को कनेक्शन काटने की अनुमति नहीं होगी।
उपभोक्ताओं की सुविधा को देखते हुए हरियाणा विद्युत नियामक आयोग ने प्रीपेड-स्मार्ट मीटरिंग, विनियम-2022 बनाए हैं। इन्हें दस जनवरी 2022 से गजट अधिसूचना जारी कर लागू कर दिया है। इसके बाद वर्ष 2015 में अधिसूचित प्रीपेड मीटरिंग विनियमन-2014 निरस्त हो गए हैं। पुराने नियमानुसार बिजली वितरण निगम उपभोक्ताओं को प्रीपेड और स्मार्ट मीटर की सुविधा सही तरीके से उपलब्ध नहीं करा पा रहे थे। पुराने नियमों के प्रासंगिता खोने के कारण नए नियम बनाए गए हैं, ये उपभोक्ताओं और बिजली निगमों के बीच प्रीपेड और स्मार्ट मीटर को लेकर चले आ रहे विवादों का निपटारा करेंगे।
बिजली निगमों ने प्रीपेड मीटरिंग लगभग दो साल पहले शुरू की थी, लेकिन यह प्रभावी नहीं हो पाई। आवेदकों को एसीडी यानी अग्रिम खपत जमा कर पोस्टपेड मोड पर आवेदन करने को कहा जा रहा है, जिसका कोई मानक नहीं है। उपभोक्ताओं को आ रही अनेक दिक्कतों को देखते हुए विद्युत नियामक आयोग को नए नियम बनाने पड़े।
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आयोग के नियमानुसार यदि मौजूदा उपभोक्ता प्रीपेड कनेक्शन और पोस्टपेड व्यवस्था का विकल्प चुनता है, तो लाइसेंसधारक मौजूदा मीटर को नए मीटर के साथ बदल देगा। प्रीपेड कनेक्शन की लागत उपभोक्ता से ली जाएगी। खपत के बाद भुगतान प्रणाली प्रीपेड स्मार्ट मीटर पर लागू नहीं होगी। स्मार्ट मीटर की रीडिंग प्रत्येक माह में कम से कम एक बार लेनी होगी। पोस्ट पेड से प्रीपेड में स्थानांतरण और प्रीपेड पर नया कनेक्शन नियमों के अनुसार ही मिलेगा। प्रीपेड स्मार्ट मीटर कनेक्शन लेने पर किसी तरह की सुरक्षा राशि नहीं ली जाएगी। एसीडी का बकाया पैसा अंतिम बिल में समायोजित करना होगा।
रिचार्ज करने की होगी सुविधा
प्रीपेड स्मार्ट मीटरिंग सिस्टम में उपभोक्ता के खाते में क्रेडिट को रिचार्ज करने की सुविधा होगी। प्रीपेड मीटर के संचालित न होने की स्थिति में दैनिक ऊर्जा प्रभार की गणना की जाएगी। अनुमानित दैनिक खपत के आधार पर गणना पिछले 7 दिनों के औसत दैनिक रिकॉर्ड से कर सकेंगे। रीडिंग के बाद वास्तविक खपत के आधार पर प्री-पेड बैलेंस तुरंत अपडेट किया जाएगा। प्री-पेड बैलेंस आधी रात की खपत के हिसाब से अपडेट होगा। कम शेष राशि पर डिस्कनेक्शन को अस्थायी डिस्कनेक्शन माना जाएगा। कनेक्शन कटने के बाद उपभोक्ताओं को इसके बारे में एसएमएस से सूचना देनी होगी। अस्थायी डिस्कनेक्शन के मामले में उपभोक्ता मीटर को रिचार्ज कर कनेक्शन को बहाल कर सकता है।
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उपभोक्ताओं की सुविधा को देखते हुए हरियाणा विद्युत नियामक आयोग ने प्रीपेड-स्मार्ट मीटरिंग, विनियम-2022 बनाए हैं। इन्हें दस जनवरी 2022 से गजट अधिसूचना जारी कर लागू कर दिया है। इसके बाद वर्ष 2015 में अधिसूचित प्रीपेड मीटरिंग विनियमन-2014 निरस्त हो गए हैं। पुराने नियमानुसार बिजली वितरण निगम उपभोक्ताओं को प्रीपेड और स्मार्ट मीटर की सुविधा सही तरीके से उपलब्ध नहीं करा पा रहे थे। पुराने नियमों के प्रासंगिता खोने के कारण नए नियम बनाए गए हैं, ये उपभोक्ताओं और बिजली निगमों के बीच प्रीपेड और स्मार्ट मीटर को लेकर चले आ रहे विवादों का निपटारा करेंगे।
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बिजली निगमों ने प्रीपेड मीटरिंग लगभग दो साल पहले शुरू की थी, लेकिन यह प्रभावी नहीं हो पाई। आवेदकों को एसीडी यानी अग्रिम खपत जमा कर पोस्टपेड मोड पर आवेदन करने को कहा जा रहा है, जिसका कोई मानक नहीं है। उपभोक्ताओं को आ रही अनेक दिक्कतों को देखते हुए विद्युत नियामक आयोग को नए नियम बनाने पड़े।
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आयोग के नियमानुसार यदि मौजूदा उपभोक्ता प्रीपेड कनेक्शन और पोस्टपेड व्यवस्था का विकल्प चुनता है, तो लाइसेंसधारक मौजूदा मीटर को नए मीटर के साथ बदल देगा। प्रीपेड कनेक्शन की लागत उपभोक्ता से ली जाएगी। खपत के बाद भुगतान प्रणाली प्रीपेड स्मार्ट मीटर पर लागू नहीं होगी। स्मार्ट मीटर की रीडिंग प्रत्येक माह में कम से कम एक बार लेनी होगी। पोस्ट पेड से प्रीपेड में स्थानांतरण और प्रीपेड पर नया कनेक्शन नियमों के अनुसार ही मिलेगा। प्रीपेड स्मार्ट मीटर कनेक्शन लेने पर किसी तरह की सुरक्षा राशि नहीं ली जाएगी। एसीडी का बकाया पैसा अंतिम बिल में समायोजित करना होगा।
रिचार्ज करने की होगी सुविधा
प्रीपेड स्मार्ट मीटरिंग सिस्टम में उपभोक्ता के खाते में क्रेडिट को रिचार्ज करने की सुविधा होगी। प्रीपेड मीटर के संचालित न होने की स्थिति में दैनिक ऊर्जा प्रभार की गणना की जाएगी। अनुमानित दैनिक खपत के आधार पर गणना पिछले 7 दिनों के औसत दैनिक रिकॉर्ड से कर सकेंगे। रीडिंग के बाद वास्तविक खपत के आधार पर प्री-पेड बैलेंस तुरंत अपडेट किया जाएगा। प्री-पेड बैलेंस आधी रात की खपत के हिसाब से अपडेट होगा। कम शेष राशि पर डिस्कनेक्शन को अस्थायी डिस्कनेक्शन माना जाएगा। कनेक्शन कटने के बाद उपभोक्ताओं को इसके बारे में एसएमएस से सूचना देनी होगी। अस्थायी डिस्कनेक्शन के मामले में उपभोक्ता मीटर को रिचार्ज कर कनेक्शन को बहाल कर सकता है।