सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rewari News ›   18 Trees Fall on Railway Tracks During Storm; Rewari-Bikaner Rail Line Halted for 2 Hours

Rewari News: आंधी में रेलवे ट्रेक पर गिरे 18 पेड़, रेवाड़ी-बीकानेर रेल लाइन 2 घंटे ठप

संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी Updated Tue, 31 Mar 2026 02:45 AM IST
विज्ञापन
18 Trees Fall on Railway Tracks During Storm; Rewari-Bikaner Rail Line Halted for 2 Hours
रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद
विज्ञापन
रेवाड़ी। रेवाड़ी-बीकनेर मेन रेलवे लाइन नांगलमूंदी के मध्य सोमवार को तेज आंधी के चलते करीब 18 पेड़ रेलवे ट्रैक पर गिर गए जिससे रेल यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। इस घटना से करीब दो घंटे ट्रेनें प्रभावित रहीं और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
Trending Videos

पेड़ गिरने के कारण ओवरहेड इलेक्ट्रिक लाइन (ओएचई) भी क्षतिग्रस्त हो गई थी। इसके चलते सीकर एक्सप्रेस (54804) करीब दो घंटे तक बीच रास्ते में खड़ी रही जबकि दिल्ली-बीकानेर एक्सप्रेस (22471) भी प्रभावित हुई। रेलवे कर्मचारियों ने पहले ट्रैक पर गिरे पेड़ों को हटाया और इसके बाद ओएचई लाइन को दुरूस्त करने का कार्य शुरू किया।
विज्ञापन
विज्ञापन

मौके रेलवे अधिकारियों ने बताया कि तेज आंधी के कारण एक साथ कई पेड़ गिर गए जिससे स्थिति बिगड़ गई। रेलवे की टीम ने तत्परता दिखाते हुए तेजी से राहत कार्य शुरू किया और समय रहते स्थिति को संभाल लिया।

कटाई और छंटाई के लिए वन विभाग को कई बार पत्र लिखकर मांगी थी अनुमति
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि रेलवे ट्रैक के आसपास खड़े पेड़ों की कटाई और छंटाई के लिए वन विभाग को कई बार पत्र लिखकर अनुमति मांगी गई लेकिन इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। अधिकारियों के अनुसार पिछले चार वर्षों से लगातार इस संबंध में अनुमति के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
हाल ही में 23 मार्च को भी वन विभाग को पत्र भेजकर ट्रैक के नजदीक खतरनाक पेड़ों को हटाने की मांग की गई थी लेकिन उस पर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। एक बार अनुमति मिलने पर कुछ पेड़ों की कटाई भी की गई थी लेकिन बाद में अनुमति की अवधि समाप्त होने का हवाला देकर कार्य रोक दिया गया।

समय रहते ट्रैक के पास खड़े खतरनाक पेड़ों की छंटाई जरूरी
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि यदि समय रहते ट्रैक के पास खड़े खतरनाक पेड़ों की छंटाई और कटाई नहीं की गई तो भविष्य में इस तरह की घटनाएं फिर हो सकती हैं। फिलहाल स्थिति सामान्य कर दी गई हैं लेकिन रेलवे लाइन के आसपास अब भी कई पेड़ खड़े हैं जो तेज हवा या आंधी के दौरान खतरा बन सकते हैं।

क्या है ओएचई
ओएचई रेलवे की वह बिजली लाइन होती है जो ट्रैक के ऊपर लगी रहती है और इलेक्ट्रिक ट्रेनों को बिजली सप्लाई करती है। ट्रेन का पैंटोग्राफ इन तारों से संपर्क कर बिजली लेता है। इसमें वायर, पोल और सपोर्ट सिस्टम शामिल होते हैं। यदि ओएचई डैमेज हो जाए तो ट्रेनें रुक जाती हैं और यातायात प्रभावित होता है।


रेलवे ट्रेक आधा घंटा बाधित रहा है। हमारे पास जो पत्र आते हैं उनकी परमिशन उनकी मिल जाती है। हाल फिलहाल में कोई पत्र भेजा हो, इसकी जानकारी नहीं है।

- जितेंद्र कुमार, रेंज ऑफिसर, वन विभाग

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

रेलवे ट्रेक पर गिरे पेड़। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed