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Rewari News: दीपिका ने हरियाणा बोर्ड में किया टॉप, आईएएस बनने का लक्ष्य
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Tue, 12 May 2026 11:39 PM IST
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बेहतर परिणाम आने पर खुशी जाहिर करती दीपिका (बाएं से दूसरी) के साथ परिवार के सदस्य। स्रोत : परिव
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रेवाड़ी। चिल्हड़ स्थित विवेकानंद विद्या मंदिर सीनियर सेकेंडरी स्कूल की छात्रा दीपिका ने हरियाणा बोर्ड की 12वीं की परीक्षा में प्रदेश में टॉप किया है। दीपिका को 500 में से 499 अंक मिले हैं। परिणाम की जानकारी होते ही दीपिका के खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
दीपिका ने सफलता का मूलमंत्र नियमित पढ़ाई और अनुशासन बताया है। उसने बताया कि वह स्कूल के अतिरिक्त प्रतिदिन 6 से 8 घंटे पढ़ाई करती थीं। मेहनत और आत्मविश्वास के कारण ही उसे सफलता मिली है। अपनी सफलता का श्रेय माता-माता को देते हुए दीपिका ने बताया कि उसका लक्ष्य आईएएस बनना है। उसकी सफलता से स्कूल, परिवार और पूरे इलाके में खुशी की लहर है।
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स्कूली विद्यार्थियों को दीपिका का संदेश - लक्ष्य निर्धारित कर मेहनत करें, मोबाइल से दूर रहें
मैट्रिक और सीनियर सेकेंडरी के विद्यार्थियों को दीपिका ने लक्ष्य निर्धारित कर नियमित मेहनत का संदेश दिया। उसने कहा कि विद्यार्थियों को लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर मेहनत करनी चाहिए और मोबाइल व अन्य ध्यान भटकाने वाली चीजों से दूर रहकर पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है, केवल फोकस करना जरूरी होता है।
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लेक्चरर हैं दीपिका के पिता
दीपिका के पिता अशोक कुमार ततारपुर स्कूल में लेक्चरर हैं जबकि मां सुजाता गृहिणी हैं। परिणाम घोषित होने के बाद से ही घर पर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। पिता अशोक कुमार ने बताया कि बेटी की सफलता ने उन्हें काफी खुशी दी है, इसके लिए परिवार की तरफ से पूरा सहयोग किया गया। आगे भी बेटी जिले का मान बढ़ाएगी।
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दीपिका ने सफलता का मूलमंत्र नियमित पढ़ाई और अनुशासन बताया है। उसने बताया कि वह स्कूल के अतिरिक्त प्रतिदिन 6 से 8 घंटे पढ़ाई करती थीं। मेहनत और आत्मविश्वास के कारण ही उसे सफलता मिली है। अपनी सफलता का श्रेय माता-माता को देते हुए दीपिका ने बताया कि उसका लक्ष्य आईएएस बनना है। उसकी सफलता से स्कूल, परिवार और पूरे इलाके में खुशी की लहर है।
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स्कूली विद्यार्थियों को दीपिका का संदेश - लक्ष्य निर्धारित कर मेहनत करें, मोबाइल से दूर रहें
मैट्रिक और सीनियर सेकेंडरी के विद्यार्थियों को दीपिका ने लक्ष्य निर्धारित कर नियमित मेहनत का संदेश दिया। उसने कहा कि विद्यार्थियों को लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर मेहनत करनी चाहिए और मोबाइल व अन्य ध्यान भटकाने वाली चीजों से दूर रहकर पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है, केवल फोकस करना जरूरी होता है।
लेक्चरर हैं दीपिका के पिता
दीपिका के पिता अशोक कुमार ततारपुर स्कूल में लेक्चरर हैं जबकि मां सुजाता गृहिणी हैं। परिणाम घोषित होने के बाद से ही घर पर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। पिता अशोक कुमार ने बताया कि बेटी की सफलता ने उन्हें काफी खुशी दी है, इसके लिए परिवार की तरफ से पूरा सहयोग किया गया। आगे भी बेटी जिले का मान बढ़ाएगी।