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Sirsa News: व्यापारियों ने जताई नाराजगी, प्रशासन की पुलिस के साथ कचरा उठाने की योजना
Tue, 18 Aug 2026 12:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Tue, 18 Aug 2026 12:04 AM IST
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- नगर परिषद ने 100 पुलिस कर्मचारियों और ड्यूटी मजिस्ट्रेट की मांग, हजारों मीट्रिक टन कचरे के लगे ढेर
फोटो-- 34
संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। शहर में सफाई व्यवस्था के हालात दिन-प्रतिदिन खराब हो रहे हैं। अब तक चुप्पी साधे बैठे शहरवासी मुखर होने लगे हैं। सोमवार को व्यापारमंडल ने जहां अपना विरोध जताया, वहीं, कांग्रेसी नेताओं ने प्रशासन के लचर रवैये के खिलाफ आवाज तेज कर दी है।
11 दिनों से सफाई नहीं होने के कारण हजारों मीट्रिक टन कचरा सड़कों पर पड़ा है। इससे आमजन का जीना मुहाल हो गया है। रक्षाबंधन के त्योहार पर बाजारों में जहां रौनक होनी चाहिए थी, उसकी जगह पर सड़कों पर कचरे के ढेर नजर आ रहे हैं।
सूत्रों की मानें तो लगातार बिगड़े हालात को देखते हुए प्रशासन ने सख्त कदम उठाने को लेकर निर्णय लिया है। पुलिस प्रशासन से 100 पुलिस कर्मचारियों की मांग की है। पुलिस फोर्स के साथ ड्यूटी मजिस्ट्रेट लगाकर नगर परिषद प्रशासन की ओर से पूर्व की भांति डंपिंग पॉइंट खाली करवाए जाएंगे।
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दूसरी ओर नगर पालिका कर्मचारी संघ के कर्मचारियों ने भी अपनी ड्यूटी बढ़ाई दी है। कारण यह कि वह पहले ही घोषणा कर चुके हैं कि सड़कों पर पड़ा कचरा ही उनका मुख्य हथियार है। ऐसे में मंगलवार का दिन प्रशासन के लिए अहम रहने वाला है।
सोमवार को नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर इकाई सिरसा में नगर परिषद अध्यक्ष शांति स्वरूप को कर्मचारियों की जायज मांगों का समर्थन करने के लिए और उनकी आवाज बुलंद करने के लिए ज्ञापन सौंपा गया। इसकी अध्यक्षता प्रधान नरेश चौहान ने की।
इकाई सचिव वीरेंद्र अटवाल, वरिष्ठ उप प्रधान रवि घारू, राज्य नेता बलवंत सरबटा, आदि मौजूद रहे। राज्य के सह सचिव व सिरसा के जिला प्रधान मनोज अटवाल ने बताया कि जब तक हमारी मांगों को सरकार द्वारा पूरा नहीं किया जाएगा तब तक यह हड़ताल ऐसे ही जारी रहेगी।
अटवाल ने कहा कि सरकार हमारी मांगों और मुद्दों को गंभीरता से लेते हुए कच्चे कर्मचारियों को पक्का करे, डोर-टू-डोर व आउटसोर्स के तहत लगे हुए तमाम ठेके के कर्मचारियों को विभाग के रोल कर लेकर 13 सूत्री समझौता पूरी तरह से लागू करे। अन्यथा आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
कूड़े के डंपिंग पॉइंट पर खड़े होकर व्यापारियों ने जताई नाराजगी
हड़ताल के बाद डंपिंग पॉइंटों पर बड़े स्तर पर पड़े कचरे को लेकर हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल ने कड़ी आपत्ति जताई है। प्रदेश व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष हीरालाल शर्मा, प्रदेश व्यापार मंडल के शहरी प्रधान कीर्ति गर्ग, जिला संरक्षक कृष्ण गुप्ता, उपप्रधान प्रेम गुप्ता, कोषाध्यक्ष भीम सिंगला, व्यापार मंडल के महासचिव सुरेश गोयल, मोबाइल यूनियन के प्रधान विमल स्वामी, होलसेल गुड़-चीनी प्रधान सुभाष गोयल शेरपुरा, अंकित आदि ने समस्या के जल्द से जल्द समाधान की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार की हठधर्मिता व प्रशासन की नाकामी के कारण शहर कूड़े के ढेरों में तब्दील हो चुका है।
कूड़े से व्यापारियों का व्यापार हुआ मुश्किल
व्यापारियों ने कहा कि कूड़े से निकलने वाली बदबू से व्यापारियों का जीना मुहाल हो गया है। यहां तक कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी महामारी फैलने की आशंका व्यक्त की जा चुकी है। इसके साथ-साथ व्यापारियों का व्यापार भी प्रभावित हो रहा है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि समस्या की गंभीरता को देखते हुए जल्द प्रशासन व सरकार की ओर से इस दिशा में ठोस कदम नहीं उठाया गया तो व्यापारी जल्द एक बैठक आयोजित कर आंदोलन की रणनीति बनाएंगे।
कोट्स , फोटो - 35
चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी पर्यावरण सलाहकार मित्रसेन ने कहा कि नगर पालिका कर्मचारियों की हड़ताल के कारण शहर की सफाई व्यवस्था बिगड़ चुकी है। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण पूरे शहर में सार्वजनिक स्थानों पर कूड़े के अंबार लग चुके हैं। बरसाती मौसम के चलते ये कूड़े के ढेर महामारी का रूप ले सकते हैं।
कोट्स , फोटो 36
प्रदेश कांग्रेस प्रतिनिधि राजकुमार शर्मा ने सफाई कर्मचारियों की हड़ताल पर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि हड़ताल के चलते शहर में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हैं। इससे लोगों को परेशानी हो रही है। बरसात के मौसम में गंदगी के कारण बीमारी फैलने का खतरा भी बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारी शहरों और गांवों को स्वच्छ रखने में अहम भूमिका निभाते हैं लेकिन सरकार उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रही। शर्मा ने सरकार से कर्मचारियों के प्रतिनिधियों को बातचीत के लिए बुलाकर उनकी जायज मांगों का शीघ्र समाधान करने की मांग की।
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। शहर में सफाई व्यवस्था के हालात दिन-प्रतिदिन खराब हो रहे हैं। अब तक चुप्पी साधे बैठे शहरवासी मुखर होने लगे हैं। सोमवार को व्यापारमंडल ने जहां अपना विरोध जताया, वहीं, कांग्रेसी नेताओं ने प्रशासन के लचर रवैये के खिलाफ आवाज तेज कर दी है।
11 दिनों से सफाई नहीं होने के कारण हजारों मीट्रिक टन कचरा सड़कों पर पड़ा है। इससे आमजन का जीना मुहाल हो गया है। रक्षाबंधन के त्योहार पर बाजारों में जहां रौनक होनी चाहिए थी, उसकी जगह पर सड़कों पर कचरे के ढेर नजर आ रहे हैं।
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सूत्रों की मानें तो लगातार बिगड़े हालात को देखते हुए प्रशासन ने सख्त कदम उठाने को लेकर निर्णय लिया है। पुलिस प्रशासन से 100 पुलिस कर्मचारियों की मांग की है। पुलिस फोर्स के साथ ड्यूटी मजिस्ट्रेट लगाकर नगर परिषद प्रशासन की ओर से पूर्व की भांति डंपिंग पॉइंट खाली करवाए जाएंगे।
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दूसरी ओर नगर पालिका कर्मचारी संघ के कर्मचारियों ने भी अपनी ड्यूटी बढ़ाई दी है। कारण यह कि वह पहले ही घोषणा कर चुके हैं कि सड़कों पर पड़ा कचरा ही उनका मुख्य हथियार है। ऐसे में मंगलवार का दिन प्रशासन के लिए अहम रहने वाला है।
सोमवार को नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर इकाई सिरसा में नगर परिषद अध्यक्ष शांति स्वरूप को कर्मचारियों की जायज मांगों का समर्थन करने के लिए और उनकी आवाज बुलंद करने के लिए ज्ञापन सौंपा गया। इसकी अध्यक्षता प्रधान नरेश चौहान ने की।
इकाई सचिव वीरेंद्र अटवाल, वरिष्ठ उप प्रधान रवि घारू, राज्य नेता बलवंत सरबटा, आदि मौजूद रहे। राज्य के सह सचिव व सिरसा के जिला प्रधान मनोज अटवाल ने बताया कि जब तक हमारी मांगों को सरकार द्वारा पूरा नहीं किया जाएगा तब तक यह हड़ताल ऐसे ही जारी रहेगी।
अटवाल ने कहा कि सरकार हमारी मांगों और मुद्दों को गंभीरता से लेते हुए कच्चे कर्मचारियों को पक्का करे, डोर-टू-डोर व आउटसोर्स के तहत लगे हुए तमाम ठेके के कर्मचारियों को विभाग के रोल कर लेकर 13 सूत्री समझौता पूरी तरह से लागू करे। अन्यथा आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
कूड़े के डंपिंग पॉइंट पर खड़े होकर व्यापारियों ने जताई नाराजगी
हड़ताल के बाद डंपिंग पॉइंटों पर बड़े स्तर पर पड़े कचरे को लेकर हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल ने कड़ी आपत्ति जताई है। प्रदेश व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष हीरालाल शर्मा, प्रदेश व्यापार मंडल के शहरी प्रधान कीर्ति गर्ग, जिला संरक्षक कृष्ण गुप्ता, उपप्रधान प्रेम गुप्ता, कोषाध्यक्ष भीम सिंगला, व्यापार मंडल के महासचिव सुरेश गोयल, मोबाइल यूनियन के प्रधान विमल स्वामी, होलसेल गुड़-चीनी प्रधान सुभाष गोयल शेरपुरा, अंकित आदि ने समस्या के जल्द से जल्द समाधान की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार की हठधर्मिता व प्रशासन की नाकामी के कारण शहर कूड़े के ढेरों में तब्दील हो चुका है।
कूड़े से व्यापारियों का व्यापार हुआ मुश्किल
व्यापारियों ने कहा कि कूड़े से निकलने वाली बदबू से व्यापारियों का जीना मुहाल हो गया है। यहां तक कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी महामारी फैलने की आशंका व्यक्त की जा चुकी है। इसके साथ-साथ व्यापारियों का व्यापार भी प्रभावित हो रहा है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि समस्या की गंभीरता को देखते हुए जल्द प्रशासन व सरकार की ओर से इस दिशा में ठोस कदम नहीं उठाया गया तो व्यापारी जल्द एक बैठक आयोजित कर आंदोलन की रणनीति बनाएंगे।
कोट्स , फोटो - 35
चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी पर्यावरण सलाहकार मित्रसेन ने कहा कि नगर पालिका कर्मचारियों की हड़ताल के कारण शहर की सफाई व्यवस्था बिगड़ चुकी है। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण पूरे शहर में सार्वजनिक स्थानों पर कूड़े के अंबार लग चुके हैं। बरसाती मौसम के चलते ये कूड़े के ढेर महामारी का रूप ले सकते हैं।
कोट्स , फोटो 36
प्रदेश कांग्रेस प्रतिनिधि राजकुमार शर्मा ने सफाई कर्मचारियों की हड़ताल पर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि हड़ताल के चलते शहर में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हैं। इससे लोगों को परेशानी हो रही है। बरसात के मौसम में गंदगी के कारण बीमारी फैलने का खतरा भी बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारी शहरों और गांवों को स्वच्छ रखने में अहम भूमिका निभाते हैं लेकिन सरकार उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रही। शर्मा ने सरकार से कर्मचारियों के प्रतिनिधियों को बातचीत के लिए बुलाकर उनकी जायज मांगों का शीघ्र समाधान करने की मांग की।