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Sirsa News: नागरिक अस्पताल की व्यवस्थाओं पर सवाल, एसएमओ ने कहा-नियमों की हो रही पालना
Tue, 18 Aug 2026 12:19 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Tue, 18 Aug 2026 12:19 AM IST
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डबवाली। बंद पड़ी लिफ्ट। संवाद
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ड्रेस कोड, लिफ्ट, सुरक्षा और कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर शहरवासियों ने जताई चिंता
फोटो-- 26,27,28
संवाद न्यूज एजेंसी
नागरिक अस्पताल की व्यवस्थाओं पर उठे सवाल, एसएमओ ने कहा- नियमों की हो रही पालना ड्रेस कोड, लिफ्ट, सुरक्षा और कर्मचारियों की कार्यप्रणाली को लेकर शहरवासियों ने जताई चिंता
फोटो-- 26,27,28
संवाद न्यूज एजेंसी
डबवाली। नागरिक अस्पताल डबवाली की व्यवस्थाओं पर शहरवासियों ने सवाल उठाए हैं। लोगों का आरोप है कि अस्पताल में कर्मचारियों के लिए ड्रेस कोड निर्धारित होने के बावजूद इसकी पालना नहीं होती जिससे मरीजों और उनके परिजनों को कर्मचारियों की पहचान करने में परेशानी होती है।
लंबे समय से बंद पड़ी लिफ्ट के कारण विशेषकर बुजुर्ग और गंभीर मरीजों को ऊपरी मंजिलों तक पहुंचने में दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। शहरवासियों ने आरोप लगाया कि कुछ चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों से कथित तौर पर चिकित्सकीय कार्य करवाए जा रहे हैं।
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इनमें ईसीजी करवाने से लेकर मरीजों की सिलाई करने तक के आरोप शामिल हैं। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। लोगों का कहना है कि ऐसे कार्य केवल प्रशिक्षित और अधिकृत स्वास्थ्यकर्मियों की जिम्मेदारी में ही होने चाहिए।
विनोद कुमार, रामनिवास, कृष्ण कुमार, ओम प्रकाश, राजकुमार कुमार सहित अन्य लोगों ने आरोप लगाया कि कई बार चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी चिकित्सकों के कमरों के बाहर या अंदर बैठे दिखाई देते हैं और मरीजों के क्रम को लेकर व्यवस्था संभालते हैं। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन से कर्मचारियों की जिम्मेदारियां स्पष्ट करने तथा नियमित निगरानी बढ़ाने की मांग की।
शहरवासियों ने अस्पताल परिसर में बाइक और वार्डों से मोबाइल चोरी होने की घटनाओं का हवाला देते हुए सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की। लोगों ने अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी, सुरक्षा कर्मचारियों की सक्रियता तथा प्रवेश-निकास व्यवस्था की समीक्षा करने की मांग की।
नागरिक अस्पताल के एसएमओ डॉ. सुदीप गोयल ने शहरवासियों की ओर से लगाए गए आरोपों पर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि अस्पताल की व्यवस्थाओं की समय-समय पर जांच की जाती है। सभी कर्मचारियों के लिए ड्रेस कोड निर्धारित है। उन्हें वर्दी में रहने की सख्त हिदायत दी गई है।
आदेशों का उल्लंघन करने वाले कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि अस्पताल में चिकित्सकीय कार्य पूरी तरह नर्सिंग स्टाफ और चिकित्सा अधिकारियों द्वारा किया जाता है। इसमें किसी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाती। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी चिकित्सकों के कमरों के बाहर की व्यवस्था संभालने के लिए बैठते हैं।
लिफ्ट का लाइसेंस समाप्त, नवीनीकरण के लिए लिखा
डॉ. गोयल ने बताया कि लिफ्ट के लाइसेंस की अवधि समाप्त हो चुकी है। इसके नवीनीकरण के लिए उच्चाधिकारियों को लिखा गया है। बताया कि अस्पताल में सुरक्षा गार्ड के अलावा एक पुलिसकर्मी की ड्यूटी भी लगाई गई है।
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नागरिक अस्पताल की व्यवस्थाओं पर उठे सवाल, एसएमओ ने कहा- नियमों की हो रही पालना ड्रेस कोड, लिफ्ट, सुरक्षा और कर्मचारियों की कार्यप्रणाली को लेकर शहरवासियों ने जताई चिंता
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डबवाली। नागरिक अस्पताल डबवाली की व्यवस्थाओं पर शहरवासियों ने सवाल उठाए हैं। लोगों का आरोप है कि अस्पताल में कर्मचारियों के लिए ड्रेस कोड निर्धारित होने के बावजूद इसकी पालना नहीं होती जिससे मरीजों और उनके परिजनों को कर्मचारियों की पहचान करने में परेशानी होती है।
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लंबे समय से बंद पड़ी लिफ्ट के कारण विशेषकर बुजुर्ग और गंभीर मरीजों को ऊपरी मंजिलों तक पहुंचने में दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। शहरवासियों ने आरोप लगाया कि कुछ चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों से कथित तौर पर चिकित्सकीय कार्य करवाए जा रहे हैं।
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इनमें ईसीजी करवाने से लेकर मरीजों की सिलाई करने तक के आरोप शामिल हैं। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। लोगों का कहना है कि ऐसे कार्य केवल प्रशिक्षित और अधिकृत स्वास्थ्यकर्मियों की जिम्मेदारी में ही होने चाहिए।
विनोद कुमार, रामनिवास, कृष्ण कुमार, ओम प्रकाश, राजकुमार कुमार सहित अन्य लोगों ने आरोप लगाया कि कई बार चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी चिकित्सकों के कमरों के बाहर या अंदर बैठे दिखाई देते हैं और मरीजों के क्रम को लेकर व्यवस्था संभालते हैं। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन से कर्मचारियों की जिम्मेदारियां स्पष्ट करने तथा नियमित निगरानी बढ़ाने की मांग की।
शहरवासियों ने अस्पताल परिसर में बाइक और वार्डों से मोबाइल चोरी होने की घटनाओं का हवाला देते हुए सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की। लोगों ने अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी, सुरक्षा कर्मचारियों की सक्रियता तथा प्रवेश-निकास व्यवस्था की समीक्षा करने की मांग की।
नागरिक अस्पताल के एसएमओ डॉ. सुदीप गोयल ने शहरवासियों की ओर से लगाए गए आरोपों पर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि अस्पताल की व्यवस्थाओं की समय-समय पर जांच की जाती है। सभी कर्मचारियों के लिए ड्रेस कोड निर्धारित है। उन्हें वर्दी में रहने की सख्त हिदायत दी गई है।
आदेशों का उल्लंघन करने वाले कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि अस्पताल में चिकित्सकीय कार्य पूरी तरह नर्सिंग स्टाफ और चिकित्सा अधिकारियों द्वारा किया जाता है। इसमें किसी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाती। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी चिकित्सकों के कमरों के बाहर की व्यवस्था संभालने के लिए बैठते हैं।
लिफ्ट का लाइसेंस समाप्त, नवीनीकरण के लिए लिखा
डॉ. गोयल ने बताया कि लिफ्ट के लाइसेंस की अवधि समाप्त हो चुकी है। इसके नवीनीकरण के लिए उच्चाधिकारियों को लिखा गया है। बताया कि अस्पताल में सुरक्षा गार्ड के अलावा एक पुलिसकर्मी की ड्यूटी भी लगाई गई है।