{"_id":"69cc0a7514a680575c053cac","slug":"form-6-is-mandatory-before-increasing-fees-50-private-schools-in-the-district-did-not-fill-the-form-sirsa-news-c-128-1-sir1002-155737-2026-03-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: फीस बढ़ाने से पहले फाॅर्म-6 अनिवार्य, जिले में 50 निजी स्कूलों ने नहीं भरा फॉर्म","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: फीस बढ़ाने से पहले फाॅर्म-6 अनिवार्य, जिले में 50 निजी स्कूलों ने नहीं भरा फॉर्म
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Tue, 31 Mar 2026 11:25 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
सिरसा। जिले में निजी स्कूलों की ओर से फीस बढ़ाने को लेकर शिक्षा विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है। विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि बिना फाॅर्म-6 भरे कोई भी स्कूल फीस में बढ़ोतरी नहीं कर सकेगा। 31 मार्च को फाॅर्म भरने की अंतिम तारीख तय की गई थी और शाम 5 बजे तक के आंकड़ों के अनुसार जिले के 333 निजी स्कूलों में से अभी भी 50 स्कूल ऐसे हैं जिन्होंने फाॅर्म-6 नहीं भरा है।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार सभी स्कूलों को निर्देश दिए गए हैं कि वे रात 12 बजे तक अनिवार्य रूप से फाॅर्म-6 भर दें। इसके लिए विभाग की ओर से लगातार निगरानी की जा रही है और संबंधित स्कूल प्रबंधनों से संपर्क भी किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि तय समय सीमा के बाद किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी। विभाग ने साफ कर दिया है कि यदि कोई स्कूल निर्धारित समय तक फाॅर्म-6 नहीं भरता है, तो उसे फीस बढ़ाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। ऐसे स्कूलों को पिछले साल की फीस ही लागू रखनी होगी। इसके अलावा यदि कोई स्कूल नियमों की अनदेखी करते हुए फीस बढ़ाता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
एमआईएस पोर्टल हो सकता है बंद
यदि निर्धारित समय तक स्कूलों की ओर से फाॅर्म-6 नहीं भरा होगा, तो सरकार की ओर से एमआईएस (मैनेजमेंट इन्फॉर्मेशन सिस्टम) पोर्टल को बंद किया जा सकता है। ऐसे में स्कूलों की ऑनलाइन प्रक्रियाएं प्रभावित होंगी और उन्हें प्रशासनिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए स्कूलों को समय रहते इस प्रक्रिया को पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
फाॅर्म नहीं भरा तो, पिछले साल वाली लागू रहेगी फीस
अगर किसी निजी स्कूल ने फाॅर्म नहीं भरा होगा तो वो इस साल अपने स्कूल की फीस नहीं बढ़ा सकेंगे। उन्हें पिछले साल वाली फीस ही लागू रखनी होगी। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने कहा कि इस तरह की लापरवाही से अभिभावकों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ पड़ सकता है। इसलिए विभाग फीस नियंत्रण को लेकर सख्ती बरत रहा है। फाॅर्म-6 की प्रक्रिया को पारदर्शिता सुनिश्चित करने और अभिभावकों के हितों की रक्षा के लिए लागू किया गया है, ताकि कोई भी स्कूल मनमाने तरीके से फीस न बढ़ा सके।
जिन निजी स्कूलों ने फाॅर्म नहीं भरा होगा उन स्कूलों का आईएमएस (इन्फॉर्मेशन मैनेजमेंट सिस्टम) पोर्टल बंद किया जा सकता है। पोर्टल बंद होने की स्थिति में स्कूलों को कई प्रशासनिक और शैक्षणिक कार्यों में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है जिससे उनकी कार्यप्रणाली प्रभावित होगी। वहीं निजी स्कूल इस साल अपने स्कूल की फीस भी नहीं बढ़ा सकेंगे। उन्हें पिछले साल वाली फीस ही स्कूलों में लागू रखनी होगी। - अमित मनहर, नोडल अधिकारी, सिरसा।
Trending Videos
शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार सभी स्कूलों को निर्देश दिए गए हैं कि वे रात 12 बजे तक अनिवार्य रूप से फाॅर्म-6 भर दें। इसके लिए विभाग की ओर से लगातार निगरानी की जा रही है और संबंधित स्कूल प्रबंधनों से संपर्क भी किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि तय समय सीमा के बाद किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी। विभाग ने साफ कर दिया है कि यदि कोई स्कूल निर्धारित समय तक फाॅर्म-6 नहीं भरता है, तो उसे फीस बढ़ाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। ऐसे स्कूलों को पिछले साल की फीस ही लागू रखनी होगी। इसके अलावा यदि कोई स्कूल नियमों की अनदेखी करते हुए फीस बढ़ाता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
एमआईएस पोर्टल हो सकता है बंद
यदि निर्धारित समय तक स्कूलों की ओर से फाॅर्म-6 नहीं भरा होगा, तो सरकार की ओर से एमआईएस (मैनेजमेंट इन्फॉर्मेशन सिस्टम) पोर्टल को बंद किया जा सकता है। ऐसे में स्कूलों की ऑनलाइन प्रक्रियाएं प्रभावित होंगी और उन्हें प्रशासनिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए स्कूलों को समय रहते इस प्रक्रिया को पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
फाॅर्म नहीं भरा तो, पिछले साल वाली लागू रहेगी फीस
अगर किसी निजी स्कूल ने फाॅर्म नहीं भरा होगा तो वो इस साल अपने स्कूल की फीस नहीं बढ़ा सकेंगे। उन्हें पिछले साल वाली फीस ही लागू रखनी होगी। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने कहा कि इस तरह की लापरवाही से अभिभावकों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ पड़ सकता है। इसलिए विभाग फीस नियंत्रण को लेकर सख्ती बरत रहा है। फाॅर्म-6 की प्रक्रिया को पारदर्शिता सुनिश्चित करने और अभिभावकों के हितों की रक्षा के लिए लागू किया गया है, ताकि कोई भी स्कूल मनमाने तरीके से फीस न बढ़ा सके।
जिन निजी स्कूलों ने फाॅर्म नहीं भरा होगा उन स्कूलों का आईएमएस (इन्फॉर्मेशन मैनेजमेंट सिस्टम) पोर्टल बंद किया जा सकता है। पोर्टल बंद होने की स्थिति में स्कूलों को कई प्रशासनिक और शैक्षणिक कार्यों में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है जिससे उनकी कार्यप्रणाली प्रभावित होगी। वहीं निजी स्कूल इस साल अपने स्कूल की फीस भी नहीं बढ़ा सकेंगे। उन्हें पिछले साल वाली फीस ही स्कूलों में लागू रखनी होगी। - अमित मनहर, नोडल अधिकारी, सिरसा।