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Sonipat News: 22.28 करोड़ से 11 पीएमश्री स्कूलों को मिलेंगी सुविधाएं
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फोटो :: सोनीपत के गांव बारोटा स्थित पीएमश्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय। संवाद
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सोनीपत। नई शिक्षा नीति के अनुरूप जिले के 11 पीएमश्री राजकीय विद्यालयों के विकास के लिए शिक्षा विभाग ने 22.28 करोड़ रुपये के वार्षिक बजट को मंजूरी दी है। इस राशि से विद्यालयों में आधारभूत ढांचे का विस्तार, आधुनिक प्रयोगशालाओं का निर्माण, डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता और विद्यार्थियों के लिए बेहतर शिक्षण वातावरण तैयार किया जाएगा।
शिक्षा विभाग ने नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 को ध्यान में रखते हुए मार्च में विकास कार्यों का प्रस्ताव मुख्यालय को भेजा था। उच्च अधिकारियों के निर्देश पर प्रस्तावित बजट में 2 करोड़ 91 लाख 45 हजार रुपये की वृद्धि कर संशोधित बजट तैयार किया गया, जिसे अब स्वीकृति मिल गई है। बजट मंजूर होने के बाद जिले के पीएमश्री विद्यालयों में विकास कार्य शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।
जिले में वर्तमान में 11 पीएमश्री राजकीय विद्यालय संचालित हैं। इन विद्यालयों को केवल भवनों के विकास तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक तकनीकी सुविधाएं, स्वच्छ वातावरण और नवाचार आधारित शिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा। शिक्षा विभाग का उद्देश्य सरकारी विद्यालयों को ऐसा स्वरूप देना है, जहां विद्यार्थियों को निजी स्कूलों जैसी सुविधाएं मिल सकें।
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आधुनिक लैब और अतिरिक्त कक्षों का होगा निर्माण : स्वीकृत बजट से विद्यालयों में विज्ञान प्रयोगशालाओं को आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित किया जाएगा। जीव विज्ञान, रसायन विज्ञान और भौतिक विज्ञान की लैब विकसित की जाएंगी। छह विद्यालयों में छात्राओं के लिए कॉमन रूम बनाए जाएंगे, जबकि कंप्यूटर कक्ष, आर्ट एंड क्राफ्ट कक्ष और अन्य सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसके अलावा 15 विद्यालयों में अतिरिक्त कक्षों का निर्माण कराया जाएगा। छात्र-छात्राओं के लिए नए शौचालय और अन्य मूलभूत सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी।
डिजिटल शिक्षा और कौशल विकास पर जोर : बजट में डिजिटल सॉफ्टवेयर, कंप्यूटर संसाधन, रोबोटिक्स, अटल लैब, डिजिटल लाइब्रेरी और आधुनिक शिक्षण उपकरणों के लिए प्रावधान किया गया है। इसके अलावा शिक्षकों के प्रशिक्षण, कौशल विकास कार्यक्रम, नवाचार गतिविधियों, आत्मरक्षा प्रशिक्षण, जीवन कौशल और उच्च शिक्षा प्रेरणा कार्यक्रमों को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
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शिक्षा विभाग ने नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 को ध्यान में रखते हुए मार्च में विकास कार्यों का प्रस्ताव मुख्यालय को भेजा था। उच्च अधिकारियों के निर्देश पर प्रस्तावित बजट में 2 करोड़ 91 लाख 45 हजार रुपये की वृद्धि कर संशोधित बजट तैयार किया गया, जिसे अब स्वीकृति मिल गई है। बजट मंजूर होने के बाद जिले के पीएमश्री विद्यालयों में विकास कार्य शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।
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जिले में वर्तमान में 11 पीएमश्री राजकीय विद्यालय संचालित हैं। इन विद्यालयों को केवल भवनों के विकास तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक तकनीकी सुविधाएं, स्वच्छ वातावरण और नवाचार आधारित शिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा। शिक्षा विभाग का उद्देश्य सरकारी विद्यालयों को ऐसा स्वरूप देना है, जहां विद्यार्थियों को निजी स्कूलों जैसी सुविधाएं मिल सकें।
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आधुनिक लैब और अतिरिक्त कक्षों का होगा निर्माण : स्वीकृत बजट से विद्यालयों में विज्ञान प्रयोगशालाओं को आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित किया जाएगा। जीव विज्ञान, रसायन विज्ञान और भौतिक विज्ञान की लैब विकसित की जाएंगी। छह विद्यालयों में छात्राओं के लिए कॉमन रूम बनाए जाएंगे, जबकि कंप्यूटर कक्ष, आर्ट एंड क्राफ्ट कक्ष और अन्य सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसके अलावा 15 विद्यालयों में अतिरिक्त कक्षों का निर्माण कराया जाएगा। छात्र-छात्राओं के लिए नए शौचालय और अन्य मूलभूत सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी।
डिजिटल शिक्षा और कौशल विकास पर जोर : बजट में डिजिटल सॉफ्टवेयर, कंप्यूटर संसाधन, रोबोटिक्स, अटल लैब, डिजिटल लाइब्रेरी और आधुनिक शिक्षण उपकरणों के लिए प्रावधान किया गया है। इसके अलावा शिक्षकों के प्रशिक्षण, कौशल विकास कार्यक्रम, नवाचार गतिविधियों, आत्मरक्षा प्रशिक्षण, जीवन कौशल और उच्च शिक्षा प्रेरणा कार्यक्रमों को भी बढ़ावा दिया जाएगा।