{"_id":"6a5b889b667f6ad85f0326c7","slug":"communication-skills-along-with-knowledge-are-essential-to-becoming-a-legal-expert-justice-v-ramasubramanian-sonipat-news-c-197-1-snp1003-157147-2026-07-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"विधि विशेषज्ञ बनने के लिए ज्ञान के साथ संवाद कौशल आवश्यक : न्यायमूर्ति वी. रामासुब्रमणियम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विधि विशेषज्ञ बनने के लिए ज्ञान के साथ संवाद कौशल आवश्यक : न्यायमूर्ति वी. रामासुब्रमणियम
Sat, 18 Jul 2026 07:37 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Sat, 18 Jul 2026 07:37 PM IST
विज्ञापन
फोटो : सोनीपत के डॉ. बीआर आंबेडकर राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, राई में आयोजित दीक्षारंभ कार्यक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। डॉ. बीआर आंबेडकर राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, राई में दीक्षारंभ-2026 कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। शनिवार को इसके चौथे दिन राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) के अध्यक्ष न्यायमूर्ति वी. रामासुब्रमणियम मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने बताया कि सफल विधि विशेषज्ञ बनने के लिए ज्ञान के साथ प्रभावी संवाद कौशल आवश्यक है।
कार्यक्रम का उद्देश्य नवप्रवेशी विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की शैक्षणिक परंपराओं और उत्तरदायी विधि व्यवसाय के दायित्वों से परिचित कराना है। न्यायमूर्ति रामासुब्रमणियम ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों के साथ अपने जीवन के अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि किस प्रकार उन्होंने विधि के क्षेत्र को अपने भविष्य के रूप में चुना। उन्होंने विद्यार्थियों से भी कानून की शिक्षा चुनने का कारण पूछा।
न्यायमूर्ति रामासुब्रमणियम ने इंजीनियरिंग, चिकित्सा व विधि शिक्षा से संबंधित आंकड़ों का उल्लेख किया। उन्होंने कानून के क्षेत्र में उपलब्ध व्यापक अवसरों और इसकी सामाजिक उपयोगिता पर प्रकाश डाला। कुलसचिव प्रो. (डॉ.) आशुतोष मिश्रा ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए मुख्य अतिथि के प्रति आभार व्यक्त किया।
विज्ञापन
मुख्य अतिथि ने विद्यार्थियों को अंग्रेजी साहित्य का नियमित अध्ययन करने की सलाह दी। उन्होंने अंग्रेजी भाषा पर उत्कृष्ट पकड़ विकसित करने पर जोर दिया। न्यायमूर्ति रामासुब्रमणियम ने प्रभावशाली व्यक्तित्व, सकारात्मक शारीरिक भाषा और शिष्ट आचरण अपनाने को कहा।
विज्ञापन
सोनीपत। डॉ. बीआर आंबेडकर राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, राई में दीक्षारंभ-2026 कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। शनिवार को इसके चौथे दिन राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) के अध्यक्ष न्यायमूर्ति वी. रामासुब्रमणियम मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने बताया कि सफल विधि विशेषज्ञ बनने के लिए ज्ञान के साथ प्रभावी संवाद कौशल आवश्यक है।
कार्यक्रम का उद्देश्य नवप्रवेशी विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की शैक्षणिक परंपराओं और उत्तरदायी विधि व्यवसाय के दायित्वों से परिचित कराना है। न्यायमूर्ति रामासुब्रमणियम ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों के साथ अपने जीवन के अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि किस प्रकार उन्होंने विधि के क्षेत्र को अपने भविष्य के रूप में चुना। उन्होंने विद्यार्थियों से भी कानून की शिक्षा चुनने का कारण पूछा।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति रामासुब्रमणियम ने इंजीनियरिंग, चिकित्सा व विधि शिक्षा से संबंधित आंकड़ों का उल्लेख किया। उन्होंने कानून के क्षेत्र में उपलब्ध व्यापक अवसरों और इसकी सामाजिक उपयोगिता पर प्रकाश डाला। कुलसचिव प्रो. (डॉ.) आशुतोष मिश्रा ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए मुख्य अतिथि के प्रति आभार व्यक्त किया।
विज्ञापन
मुख्य अतिथि ने विद्यार्थियों को अंग्रेजी साहित्य का नियमित अध्ययन करने की सलाह दी। उन्होंने अंग्रेजी भाषा पर उत्कृष्ट पकड़ विकसित करने पर जोर दिया। न्यायमूर्ति रामासुब्रमणियम ने प्रभावशाली व्यक्तित्व, सकारात्मक शारीरिक भाषा और शिष्ट आचरण अपनाने को कहा।