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Yamuna Nagar News: हड़ताल के दूसरे दिन ही शहर की सड़कों पर लगने लगे कूड़े के ढेर
Sat, 08 Aug 2026 01:07 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sat, 08 Aug 2026 01:07 AM IST
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सेक्टर-17 के साथ लगती सड़क पर फैला कूड़ा। संवाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नगर निगम के सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का असर अब शहर में दिखाई देने लगा है। हड़ताल के दूसरे दिन शुक्रवार को शहर की सफाई व्यवस्था प्रभावित रहीं। जगह-जगह सड़कों के किनारे कूड़े के ढेर नजर आने लगे हैं। वहीं, बारिश ने लोगों की परेशानी और बढ़ा दी है। बारिश में भीग रहे कूड़े से बदबू फैलने और संक्रमण का खतरा बढ़ गया है।
नगर निगम के 403 सफाई कर्मचारी और दमकल विभाग के 91 कर्मचारी हड़ताल पर हैं। शनिवार को हड़ताल का आखिरी दिन है। हालांकि कर्मचारी संगठनों ने साफ कर दिया है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों को पूरा नहीं किया तो हड़ताल को तीन दिन के लिए और बढ़ाया जा सकता है। इसके बाद सोमवार को जेल भरो आंदोलन करने की भी चेतावनी दी गई है।
कर्मचारियों ने मांगें पूरी नहीं होने पर हड़ताल को अनिश्चितकाल तक जारी रखने की बात कही है। कर्मचारियों की हड़ताल लंबी खिंचती है तो शहरवासियों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। बारिश अधिक होने पर सड़कों किनारे जमा कूड़ा नालियों में बह सकता है, जिससे नाले अवरुद्ध होने की आशंका है। इससे जल निकासी व्यवस्था प्रभावित हो सकती है और कई क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बन सकती है।
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उधर नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर सफाई कर्मचारियों की राज्यव्यापी हड़ताल शुक्रवार को दूसरे दिन भी जारी रही। कर्मचारियों ने सरकार पर 13 मई के समझौते के बावजूद मांगों को लागू नहीं करने का आरोप लगाते हुए आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।
हड़ताल के दौरान आयोजित सभा में इकाई प्रधान पपला, सचिव सुभाष और राज्य महासचिव मांगे राम तिगरा ने कहा कि मई में कर्मचारियों ने 13 दिनों तक हड़ताल की थी। इसके बाद सरकार ने 22 सूत्रीय मांगपत्र में से 17 मांगों को स्वीकार करते हुए 30 जून तक संबंधित आदेश जारी करने का आश्वासन दिया था।
आरोप लगाया कि तय समय बीत जाने के बावजूद सरकार ने न तो कोई आदेश जारी किया और न ही किसी पात्र कर्मचारी को नियमित किया। उन्होंने बताया कि राज्य कमेटी की सरकार के साथ 29 जुलाई और पांच अगस्त को दो दौर की वार्ता भी हुई, लेकिन कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया।
इस मौके पर संघ के जिला प्रधान प्रवेश प्रॉचा, यमुनानगर इकाई के मुख्य सलाहकार राजकुमार ससौली, कार्यालय सचिव सोरेन, उपप्रधान रमन, प्रधान सनी, सह सचिव संजीत तिगरा, कैशियर संजय गहलोत, संगठनकर्ता अमित, सुरेश शादीपुर, संगठन सचिव श्यामलाल जठलान, उपप्रधान जनक राज, कार्यकारिणी सदस्य संजय डुलगच, कन्हैया, जीतो, पारुल मौजूद रहे।
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यमुनानगर। नगर निगम के सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का असर अब शहर में दिखाई देने लगा है। हड़ताल के दूसरे दिन शुक्रवार को शहर की सफाई व्यवस्था प्रभावित रहीं। जगह-जगह सड़कों के किनारे कूड़े के ढेर नजर आने लगे हैं। वहीं, बारिश ने लोगों की परेशानी और बढ़ा दी है। बारिश में भीग रहे कूड़े से बदबू फैलने और संक्रमण का खतरा बढ़ गया है।
नगर निगम के 403 सफाई कर्मचारी और दमकल विभाग के 91 कर्मचारी हड़ताल पर हैं। शनिवार को हड़ताल का आखिरी दिन है। हालांकि कर्मचारी संगठनों ने साफ कर दिया है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों को पूरा नहीं किया तो हड़ताल को तीन दिन के लिए और बढ़ाया जा सकता है। इसके बाद सोमवार को जेल भरो आंदोलन करने की भी चेतावनी दी गई है।
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कर्मचारियों ने मांगें पूरी नहीं होने पर हड़ताल को अनिश्चितकाल तक जारी रखने की बात कही है। कर्मचारियों की हड़ताल लंबी खिंचती है तो शहरवासियों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। बारिश अधिक होने पर सड़कों किनारे जमा कूड़ा नालियों में बह सकता है, जिससे नाले अवरुद्ध होने की आशंका है। इससे जल निकासी व्यवस्था प्रभावित हो सकती है और कई क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बन सकती है।
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उधर नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर सफाई कर्मचारियों की राज्यव्यापी हड़ताल शुक्रवार को दूसरे दिन भी जारी रही। कर्मचारियों ने सरकार पर 13 मई के समझौते के बावजूद मांगों को लागू नहीं करने का आरोप लगाते हुए आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।
हड़ताल के दौरान आयोजित सभा में इकाई प्रधान पपला, सचिव सुभाष और राज्य महासचिव मांगे राम तिगरा ने कहा कि मई में कर्मचारियों ने 13 दिनों तक हड़ताल की थी। इसके बाद सरकार ने 22 सूत्रीय मांगपत्र में से 17 मांगों को स्वीकार करते हुए 30 जून तक संबंधित आदेश जारी करने का आश्वासन दिया था।
आरोप लगाया कि तय समय बीत जाने के बावजूद सरकार ने न तो कोई आदेश जारी किया और न ही किसी पात्र कर्मचारी को नियमित किया। उन्होंने बताया कि राज्य कमेटी की सरकार के साथ 29 जुलाई और पांच अगस्त को दो दौर की वार्ता भी हुई, लेकिन कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया।
इस मौके पर संघ के जिला प्रधान प्रवेश प्रॉचा, यमुनानगर इकाई के मुख्य सलाहकार राजकुमार ससौली, कार्यालय सचिव सोरेन, उपप्रधान रमन, प्रधान सनी, सह सचिव संजीत तिगरा, कैशियर संजय गहलोत, संगठनकर्ता अमित, सुरेश शादीपुर, संगठन सचिव श्यामलाल जठलान, उपप्रधान जनक राज, कार्यकारिणी सदस्य संजय डुलगच, कन्हैया, जीतो, पारुल मौजूद रहे।