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Bilaspur News: जिले के सुनियोजित विकास के लिए बनेगी क्षेत्रीय योजना
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क्षेत्रीय योजना को लेकर हुई बैठक में बोले-उपायुक्त राहुल कुमार, भूमि उपयोग से लेकर रोजगार और पर्यावरण संरक्षण तक पर रहेगा फोकस
कहा- स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर नई दिल्ली के विशेषज्ञ तैयार करेंगे क्षेत्रीय योजना
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिले में आने वाले वर्षों के विकास को व्यवस्थित और संतुलित स्वरूप देने के लिए क्षेत्रीय योजना तैयार की जाएगी। इसमें भूमि उपयोग, आधारभूत ढांचे, पर्यावरण संरक्षण, रोजगार और विभिन्न विकास गतिविधियों के लिए उपयुक्त क्षेत्रों की पहचान की जाएगी। क्षेत्रीय योजना को लेकर मंगलवार को बचत भवन में उपायुक्त राहुल कुमार की अध्यक्षता में बैठक हुई।
बैठक में स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर, नई दिल्ली के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन अर्बन प्लानिंग एंड डिजाइन के प्रो. अश्वनी लूथरा और उनकी टीम ने क्षेत्रीय नियोजन के रणनीतिक दृष्टिकोण पर प्रस्तुति दी। उन्होंने बताया कि योजना तैयार करने के लिए नगर एवं ग्राम योजना विभाग और स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर के बीच समझौता ज्ञापन हुआ है। प्रो. लूथरा ने कहा कि योजना में जिले के विभिन्न क्षेत्रों की जरूरतों और संभावनाओं के अनुसार विकास के लिए उपयुक्त स्थान चिह्नित किए जाएंगे। इससे मुख्य मार्गों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों पर दबाव कम करने में मदद मिलेगी। अनियोजित विकास, पर्यावरणीय क्षरण, पहाड़ों की कटिंग और भूमि पर बढ़ते दबाव जैसी चुनौतियों के समाधान पर भी ध्यान दिया जाएगा। उपायुक्त राहुल कुमार ने कहा कि बिलासपुर के सतत और संतुलित विकास के लिए दीर्घकालिक नियोजन जरूरी है। विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण और भूमि का संतुलित उपयोग सुनिश्चित करना होगा। उन्होंने संबंधित विभागों को आवश्यक आंकड़े समयबद्ध उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए, ताकि क्षेत्रीय योजना तैयार करने का कार्य तय समय में पूरा किया जा सके।
रोजगार और पर्यावरण पर भी रहेगा जोर
क्षेत्रीय योजना में रोजगार के अवसरों, आधारभूत सुविधाओं और पर्यावरण संरक्षण को भी प्राथमिकता दी जाएगी। आमजन की भागीदारी सुनिश्चित करने के साथ स्थानिक नियोजन तकनीकों का इस्तेमाल किया जाएगा। योजना में वर्तमान परिस्थितियों के साथ भविष्य की विकास जरूरतों को भी ध्यान में रखा जाएगा।
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कहा- स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर नई दिल्ली के विशेषज्ञ तैयार करेंगे क्षेत्रीय योजना
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिले में आने वाले वर्षों के विकास को व्यवस्थित और संतुलित स्वरूप देने के लिए क्षेत्रीय योजना तैयार की जाएगी। इसमें भूमि उपयोग, आधारभूत ढांचे, पर्यावरण संरक्षण, रोजगार और विभिन्न विकास गतिविधियों के लिए उपयुक्त क्षेत्रों की पहचान की जाएगी। क्षेत्रीय योजना को लेकर मंगलवार को बचत भवन में उपायुक्त राहुल कुमार की अध्यक्षता में बैठक हुई।
बैठक में स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर, नई दिल्ली के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन अर्बन प्लानिंग एंड डिजाइन के प्रो. अश्वनी लूथरा और उनकी टीम ने क्षेत्रीय नियोजन के रणनीतिक दृष्टिकोण पर प्रस्तुति दी। उन्होंने बताया कि योजना तैयार करने के लिए नगर एवं ग्राम योजना विभाग और स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर के बीच समझौता ज्ञापन हुआ है। प्रो. लूथरा ने कहा कि योजना में जिले के विभिन्न क्षेत्रों की जरूरतों और संभावनाओं के अनुसार विकास के लिए उपयुक्त स्थान चिह्नित किए जाएंगे। इससे मुख्य मार्गों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों पर दबाव कम करने में मदद मिलेगी। अनियोजित विकास, पर्यावरणीय क्षरण, पहाड़ों की कटिंग और भूमि पर बढ़ते दबाव जैसी चुनौतियों के समाधान पर भी ध्यान दिया जाएगा। उपायुक्त राहुल कुमार ने कहा कि बिलासपुर के सतत और संतुलित विकास के लिए दीर्घकालिक नियोजन जरूरी है। विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण और भूमि का संतुलित उपयोग सुनिश्चित करना होगा। उन्होंने संबंधित विभागों को आवश्यक आंकड़े समयबद्ध उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए, ताकि क्षेत्रीय योजना तैयार करने का कार्य तय समय में पूरा किया जा सके।
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रोजगार और पर्यावरण पर भी रहेगा जोर
क्षेत्रीय योजना में रोजगार के अवसरों, आधारभूत सुविधाओं और पर्यावरण संरक्षण को भी प्राथमिकता दी जाएगी। आमजन की भागीदारी सुनिश्चित करने के साथ स्थानिक नियोजन तकनीकों का इस्तेमाल किया जाएगा। योजना में वर्तमान परिस्थितियों के साथ भविष्य की विकास जरूरतों को भी ध्यान में रखा जाएगा।
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