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Chamba Crime: डायरी में लिखा...पत्नी दे रही थी दूसरा बच्चा ले जाने की धमकी, कोर्ट से तीन दिन का पुलिस रिमांड
Thu, 13 Aug 2026 10:12 AM IST
Ankesh Dogra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
Published by: Ankesh Dogra
Updated Thu, 13 Aug 2026 10:12 AM IST
सार
चंबा में छह वर्षीय बच्चे को रावी नदी में फेंकने के मामले में आरोपी पिता की डायरी पुलिस के हाथ लगी है। पूछताछ में आरोपी ने पत्नी से विवाद और दूसरे बेटे को साथ ले जाने की धमकी से गुस्सा आने की बात कही। घटना के बाद उसने दो बार नदी में छलांग लगाने की कोशिश की, लेकिन हिम्मत नहीं जुटा पाया। एनडीआरएफ, पुलिस और ग्रामीण बच्चे की तलाश में जुटे हैं।
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चंबा में मासूम को पिता ने नदी में फेंका।
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार
पत्नी दूसरे बेटे को भी साथ ले जाने की धमकी दे रही थी, इसलिए गुस्से में आकर बेटे को रावी नदी में फेंक दिया। इस बात का खुलासा आरोपी पिता हितेश कुमार ने पुलिस की पूछताछ में किया है। आरोपी ने कहा कि उसने यह सब अपने कमरे में रखी डायरी में लिखा है। इसके बाद पुलिस ने आरोपी के कमरे से डायरी भी बरामद कर ली है। आरोपी ने पूछताछ में यह भी खुलासा किया है कि छह वर्षीय बेटे को रावी नदी में फेंकने के बाद खुद भी नदी में कूदने का प्रयास किया लेकिन हिम्मत नहीं कर पाया।
उसने बताया कि जब वह फोन पर पत्नी से झगड़ा कर रहा था तो उसकी वह दूसरे बेटे को भी अपने साथ ले जाने की धमकी दे रही थी। इसी गुस्से में छह वर्षीय बेटे को उठाया और परेल पुल के पास ले गया और नदी में फेंक दिया। उसने छोटे बेटे को लेकर मायके में रह रही अपनी पत्नी को फोन किया कि अब वह अपने बड़े बेटे को अपने साथ नहीं ले जा सकेगी क्योंकि उसे नदी में फेंक दिया है। इस बात को लेकर दोनों के बीच काफी देर तक बहस हुई।
पत्नी ने फोन काटा तब तक बेटा नदी में ओझल हो चुका था। उसने नदी में छलांग लगाने का प्रयास किया लेकिन हिम्मत नहीं जुटा पाया। कुछ देर बाद वह अपने क्वार्टर चला गया। वहां डायरी में लिखा कि मैंने अपने बेटे को नदी में फेंक दिया है। अगली सुबह वह इसी इरादे से फिर नदी में गया कि वहां छलांग लगा देगा जहां से बेटे को फेंका था लेकिन दूसरी बार भी हिम्मत नहीं जुटा पाया। वहां से बहन को फोन कर बताया कि उससे बहुत बड़ी गलती हो गई। इसके बाद उसने पुलिस को फोन कर अपने गुनाह की कहानी सुनाई। पुलिस ने उसके फोन कॉल की डिटेल और क्वार्टर में डायरी पर लिखे उसके नोट को भी बरामद कर लिया है। बुधवार को फोरेंसिक की टीम ने भी घटनास्थल और आरोपी के क्वार्टर का निरीक्षण किया।
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उधर, इस बारे में पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने बताया कि यह बात आरोपी ने स्वयं बताई है कि बेटे को नदी में फेंकने के बाद उसने दो बार नदी में छलांग लगाने की कोशिश की, लेकिन हिम्मत नहीं जुटा पाया। उसके बाद पुलिस को अपना गुनाह बताने का फैसला लिया।
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उसने बताया कि जब वह फोन पर पत्नी से झगड़ा कर रहा था तो उसकी वह दूसरे बेटे को भी अपने साथ ले जाने की धमकी दे रही थी। इसी गुस्से में छह वर्षीय बेटे को उठाया और परेल पुल के पास ले गया और नदी में फेंक दिया। उसने छोटे बेटे को लेकर मायके में रह रही अपनी पत्नी को फोन किया कि अब वह अपने बड़े बेटे को अपने साथ नहीं ले जा सकेगी क्योंकि उसे नदी में फेंक दिया है। इस बात को लेकर दोनों के बीच काफी देर तक बहस हुई।
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पत्नी ने फोन काटा तब तक बेटा नदी में ओझल हो चुका था। उसने नदी में छलांग लगाने का प्रयास किया लेकिन हिम्मत नहीं जुटा पाया। कुछ देर बाद वह अपने क्वार्टर चला गया। वहां डायरी में लिखा कि मैंने अपने बेटे को नदी में फेंक दिया है। अगली सुबह वह इसी इरादे से फिर नदी में गया कि वहां छलांग लगा देगा जहां से बेटे को फेंका था लेकिन दूसरी बार भी हिम्मत नहीं जुटा पाया। वहां से बहन को फोन कर बताया कि उससे बहुत बड़ी गलती हो गई। इसके बाद उसने पुलिस को फोन कर अपने गुनाह की कहानी सुनाई। पुलिस ने उसके फोन कॉल की डिटेल और क्वार्टर में डायरी पर लिखे उसके नोट को भी बरामद कर लिया है। बुधवार को फोरेंसिक की टीम ने भी घटनास्थल और आरोपी के क्वार्टर का निरीक्षण किया।
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उधर, इस बारे में पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने बताया कि यह बात आरोपी ने स्वयं बताई है कि बेटे को नदी में फेंकने के बाद उसने दो बार नदी में छलांग लगाने की कोशिश की, लेकिन हिम्मत नहीं जुटा पाया। उसके बाद पुलिस को अपना गुनाह बताने का फैसला लिया।
देर शाम तक नहीं लगा लापता बच्चे का सुराग
रावी नदी में लापता छह वर्षीय बच्चे की तलाश में बुधवार को पुलिस, एनडीआरएफ और ग्रामीणों ने संयुक्त रूप से सर्च अभियान चलाया। नदी का जलस्तर बढ़ा होने के कारण बचाव दल को तलाशी अभियान के दौरान काफी मशक्कत करनी पड़ी। देर शाम तक अभियान जारी रहा लेकिन टीम को बच्चे के संबंध में कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस और एनडीआरएफ की टीमों ने रावी नदी के किनारे और संभावित स्थानों पर बच्चे की तलाश की। जलस्तर अधिक होने और नदी के तेज बहाव के चलते सर्च ऑपरेशन चुनौतीपूर्ण बना रहा। ग्रामीण भी टीमों के साथ तलाश में जुटे रहे। देर शाम तक लगातार तलाश के बावजूद बच्चे का कोई पता नहीं चल सका। अंधेरा होने के कारण अभियान को रोकना पड़ा। अब वीरवार सुबह मौसम और नदी की स्थिति को देखते हुए एक बार फिर सर्च ऑपरेशन शुरू किया जाएगा। पुलिस और बचाव दल बच्चे की तलाश के लिए संभावित स्थानों को चिह्नित कर अभियान आगे बढ़ाएंगे।
तीन दिन की रिमांड पर भेजा बेटे को रावी में धक्का देने का आरोपी
छह वर्षीय बेटे को रावी नदी में धक्का देने के आरोपी हितेश कुमार को अदालत ने तीन दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। इस दौरान आरोपी से घटना को लेकर गहन पूछताछ की जाएगी। पुलिस मामले की हर पहलू से जांच में जुटी है। पुलिस को दिए बयान में आरोपी हितेश कुमार पुत्र जयपाल निवासी गांव डभूंई डाकघर कियाणी ने बताया कि वह सोमवार रात अपने छह वर्षीय बेटे को लेकर परेल पुल पहुंचा। आरोप है कि उसने बच्चे को पुल से रावी नदी में धक्का दे दिया। घटना के बाद से पुलिस बच्चे की तलाश में जुटी है। पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने बताया कि आरोपी को तीन दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान उससे गहन पूछताछ की जाएगी। पुलिस मामले की हर एंगल से छानबीन कर रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
रावी नदी में लापता छह वर्षीय बच्चे की तलाश में बुधवार को पुलिस, एनडीआरएफ और ग्रामीणों ने संयुक्त रूप से सर्च अभियान चलाया। नदी का जलस्तर बढ़ा होने के कारण बचाव दल को तलाशी अभियान के दौरान काफी मशक्कत करनी पड़ी। देर शाम तक अभियान जारी रहा लेकिन टीम को बच्चे के संबंध में कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस और एनडीआरएफ की टीमों ने रावी नदी के किनारे और संभावित स्थानों पर बच्चे की तलाश की। जलस्तर अधिक होने और नदी के तेज बहाव के चलते सर्च ऑपरेशन चुनौतीपूर्ण बना रहा। ग्रामीण भी टीमों के साथ तलाश में जुटे रहे। देर शाम तक लगातार तलाश के बावजूद बच्चे का कोई पता नहीं चल सका। अंधेरा होने के कारण अभियान को रोकना पड़ा। अब वीरवार सुबह मौसम और नदी की स्थिति को देखते हुए एक बार फिर सर्च ऑपरेशन शुरू किया जाएगा। पुलिस और बचाव दल बच्चे की तलाश के लिए संभावित स्थानों को चिह्नित कर अभियान आगे बढ़ाएंगे।
तीन दिन की रिमांड पर भेजा बेटे को रावी में धक्का देने का आरोपी
छह वर्षीय बेटे को रावी नदी में धक्का देने के आरोपी हितेश कुमार को अदालत ने तीन दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। इस दौरान आरोपी से घटना को लेकर गहन पूछताछ की जाएगी। पुलिस मामले की हर पहलू से जांच में जुटी है। पुलिस को दिए बयान में आरोपी हितेश कुमार पुत्र जयपाल निवासी गांव डभूंई डाकघर कियाणी ने बताया कि वह सोमवार रात अपने छह वर्षीय बेटे को लेकर परेल पुल पहुंचा। आरोप है कि उसने बच्चे को पुल से रावी नदी में धक्का दे दिया। घटना के बाद से पुलिस बच्चे की तलाश में जुटी है। पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने बताया कि आरोपी को तीन दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान उससे गहन पूछताछ की जाएगी। पुलिस मामले की हर एंगल से छानबीन कर रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।