हिमाचल: प्रदेश में विदेशी एजेंसियां कर रहीं एआई से निगरानी, गृह मंत्रालय ने किया अलर्ट
मंत्रालय ने सरकारी विभागों को एआई के इस्तेमाल में विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया है। यह कदम विदेशी ताकतों की ओर से संवेदनशील जानकारी तक पहुंच बनाने के संभावित खतरे को देखते हुए उठाया गया है।
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केंद्रीय गृह मंत्रालय ने हिमाचल प्रदेश के सरकारी विभागों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) के अन्य उपकरणों के सावधानीपूर्वक उपयोग के लिए अलर्ट किया है। विदेशी एजेंसियां राज्य में इन तकनीकों का उपयोग कर निगरानी कर रही हैं। इनमें से कुछ एजेंसियां हिमाचल प्रदेश समेत विभिन्न राज्यों के शैक्षणिक संस्थानों में चल रहे अनुसंधान कार्यों पर भी नजर रखे हुए हैं। मंत्रालय ने सरकारी विभागों को एआई के इस्तेमाल में विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया है। यह कदम विदेशी ताकतों की ओर से संवेदनशील जानकारी तक पहुंच बनाने के संभावित खतरे को देखते हुए उठाया गया है।
इस अलर्ट का उद्देश्य राज्य के महत्वपूर्ण डेटा और प्रणालियों को सुरक्षित रखना है। बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्रालय की एक एजेंसी ने इस संबंध में एक कार्यशाला करवाई। सूत्रों के अनुसार इस कार्यशाला में राज्य सरकार के शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने भाग लिया। विभिन्न अन्य महकमों के प्रतिनिधि अधिकारी भी इसमें उपस्थित रहे। कार्यशाला में साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों ने महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने एआई के सुरक्षित उपयोग के लिए दिशानिर्देश भी प्रस्तुत किए। विदेशी एजेंसियां हिमाचल प्रदेश में एआई और आईटी के विभिन्न उपकरणों का उपयोग कर रही हैं। इनकी नजर राज्य के महत्वपूर्ण डाटा और गतिविधियों पर है। यह निगरानी राज्य की सुरक्षा और गोपनीयता के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
इन एजेंसियों का ध्यान विशेष रूप से शैक्षणिक संस्थानों में हो रहे अनुसंधान कार्यों पर है। वे इन संस्थानों की ओर से किए जा रहे अन्य विषयों से संबंधित गतिविधियों पर भी नजर रख रही हैं। केंद्रीय मंत्रालय की एजेंसी की ओर से करवाई गई कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य सरकारी अधिकारियों को जागरूक करना रहा। इसमें एआई और आईटी उपकरणों के सुरक्षित उपयोग के तरीकों पर चर्चा की गई। अधिकारियों को बताया गया कि कैसे विदेशी एजेंसियां इन तकनीकों का दुरुपयोग कर सकती हैं। कार्यशाला में उपस्थित अधिकारियों को संवेदनशील जानकारी की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। यह सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है कि सरकारी कामकाज में एआई का उपयोग सुरक्षित और नियंत्रित तरीके से हो।