{"_id":"6991e2418eee25d6510889a4","slug":"smart-meter-shock-82000-electricity-bill-for-a-kiosk-that-had-been-closed-for-two-months-kangra-news-c-95-1-kng1004-220899-2026-02-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Himachal News: स्मार्ट मीटर का शॉक, दो महीने से बंद खोखे का आया 82 हजार बिजली बिल; उपभोक्ता की उड़ी नींद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Himachal News: स्मार्ट मीटर का शॉक, दो महीने से बंद खोखे का आया 82 हजार बिजली बिल; उपभोक्ता की उड़ी नींद
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटला (कांगड़ा)।
Updated Mon, 16 Feb 2026 11:24 AM IST
विज्ञापन
सार
हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा में एक उपभोक्ता को बिजली देख शॉक लग गया। दो महीने से बंद पड़े एक छोटे से खोखे का बिजली बिल 82,059 रुपये आया है। पढ़ें पूरी खबर...
सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
विज्ञापन
विस्तार
हिमाचल प्रदेश सरकार और बिजली बोर्ड जहां स्मार्ट मीटरों को उपभोक्ताओं के लिए बेहतर बता रहे हैं, वहीं धरातल पर इनके झटके लोगों की नींद उड़ा रहे हैं। ताजा मामला उपमंडल जवाली के बग्गा क्षेत्र का है, जहां दो महीने से बंद पड़े एक छोटे से खोखे का बिजली बिल 82,059 रुपये आया है। इससे बोर्ड की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
Trending Videos
उपभोक्ता ने बताया कि जनवरी माह में उसने 219 रुपये का बिल जमा करवाया था। इसके बाद पिछले दो महीनों से उसका खोखा पूरी तरह बंद था और बिजली का कोई उपयोग नहीं हुआ। लेकिन हाल ही में जब नया बिल आया तो उसमें 82,059 रुपये की भारी-भरकम राशि देखकर उसके और परिजनों के होश उड़ गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
उपभोक्ता ने बोर्ड से मांग की है कि मीटर की तकनीकी जांच की जाए और इस बिल को तुरंत सुधारा जाए। इस घटना के बाद क्षेत्र के अन्य उपभोक्ताओं में भी दहशत और संशय का माहौल है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि स्मार्ट मीटर पारदर्शी होने के बजाय लोगों की जेब पर भारी पड़ रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और दोषपूर्ण स्मार्ट मीटरों को हटाकर पुराने मीटर बहाल किए जाएं।
मेरे पास अभी तक इस संबंध में कोई लिखित शिकायत नहीं आई है। जैसे ही उपभोक्ता शिकायत दर्ज करवाएगा, मामले की तुरंत जांच की जाएगी और तकनीकी खामी पाए जाने पर समस्या का समाधान कर उपभोक्ता को राहत दी जाएगी। - कुंदन सिंह, एसडीओ, विद्युत बोर्ड कोटला