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Mandi News: छात्रों के विरोध के आगे झुका एसपीयू प्रबंधन, अब 15 जून से होंगी परीक्षाएं
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12 मई से परीक्षा कराने के फैसले के विरोध में छात्रों ने किया था प्रदर्शन
विवि प्रबंधन का तर्क, देरी से परीक्षा करवाने पर अकादमिक कैलेंडर पर पड़ेगा प्रभाव
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। सरदार पटेल विश्वविद्यालय प्रशासन को छात्रों के तीव्र विरोध के आगे झुकना पड़ा है। विश्वविद्यालय ने 12 मई से प्रस्तावित यूजी और पीजी परीक्षाओं को स्थगित करते हुए अब 15 जून से आयोजित करने का निर्णय लिया है। यह फैसला बुधवार को छात्र संगठन एबीवीपी के प्रदर्शन और कुलपति कार्यालय के घेराव के बाद लिया गया।
जानकारी के अनुसार परीक्षा तिथियों को लेकर एबीवीपी कार्यकर्ताओं और छात्रों ने एकजुट होकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की। छात्रों का कहना था कि हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय की तर्ज पर ही परीक्षाओं का शेड्यूल निर्धारित किया जाना चाहिए, जहां परीक्षाएं 15 जून से प्रस्तावित हैं। उनका आरोप था कि एसपीयू में बिना पर्याप्त तैयारी के जल्दबाजी में परीक्षा तिथि घोषित कर दी गई।
छात्रों ने यह भी मुद्दा उठाया कि कई विभागों में अभी तक प्रैक्टिकल परीक्षाएं पूरी नहीं हुई हैं, न ही प्रोजेक्ट और आंतरिक मूल्यांकन कार्य समाप्त हुए हैं। इसके अलावा हाल के दिनों में छुट्टियों और शैक्षणिक व्यवधानों के कारण पढ़ाई प्रभावित रही है, जिससे छात्रों को तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाया है। एबीवीपी प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य विशाल ठाकुर ने कहा कि यदि परीक्षा तिथि आगे नहीं बढ़ाई गई होती तो आंदोलन और तेज किया जाता। इस मौके पर नितिका, एलिसा, मन्नत, दिव्यांशु, रोहन और कर्ण उपस्थित रहे। वहीं, विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि यूजीसी की 90 दिन की अनिवार्य शिक्षण अवधि को पूरा करने के आधार पर ही पहले 12 मई से परीक्षा कराने का निर्णय लिया गया था। अधिकारियों के अनुसार परीक्षा में देरी होने से परिणाम घोषित करने में भी विलंब होगा, जिससे प्लेसमेंट, प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य विश्वविद्यालयों में प्रवेश लेने वाले छात्रों को कठिनाई हो सकती है।
एसपीयू के कुलपति प्रो. ललित कुमार अवस्थी ने बताया कि छात्रों के हितों को ध्यान में रखते हुए तिथि बढ़ाने का निर्णय लिया गया है, लेकिन इससे पूरे शैक्षणिक कैलेंडर पर असर पड़ेगा। विश्वविद्यालय अब संशोधित परीक्षा कार्यक्रम जल्द जारी करेगा और परिणाम समय पर घोषित करने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था पर भी विचार कर रहा है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। सरदार पटेल विश्वविद्यालय प्रशासन को छात्रों के तीव्र विरोध के आगे झुकना पड़ा है। विश्वविद्यालय ने 12 मई से प्रस्तावित यूजी और पीजी परीक्षाओं को स्थगित करते हुए अब 15 जून से आयोजित करने का निर्णय लिया है। यह फैसला बुधवार को छात्र संगठन एबीवीपी के प्रदर्शन और कुलपति कार्यालय के घेराव के बाद लिया गया।
जानकारी के अनुसार परीक्षा तिथियों को लेकर एबीवीपी कार्यकर्ताओं और छात्रों ने एकजुट होकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की। छात्रों का कहना था कि हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय की तर्ज पर ही परीक्षाओं का शेड्यूल निर्धारित किया जाना चाहिए, जहां परीक्षाएं 15 जून से प्रस्तावित हैं। उनका आरोप था कि एसपीयू में बिना पर्याप्त तैयारी के जल्दबाजी में परीक्षा तिथि घोषित कर दी गई।
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छात्रों ने यह भी मुद्दा उठाया कि कई विभागों में अभी तक प्रैक्टिकल परीक्षाएं पूरी नहीं हुई हैं, न ही प्रोजेक्ट और आंतरिक मूल्यांकन कार्य समाप्त हुए हैं। इसके अलावा हाल के दिनों में छुट्टियों और शैक्षणिक व्यवधानों के कारण पढ़ाई प्रभावित रही है, जिससे छात्रों को तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाया है। एबीवीपी प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य विशाल ठाकुर ने कहा कि यदि परीक्षा तिथि आगे नहीं बढ़ाई गई होती तो आंदोलन और तेज किया जाता। इस मौके पर नितिका, एलिसा, मन्नत, दिव्यांशु, रोहन और कर्ण उपस्थित रहे। वहीं, विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि यूजीसी की 90 दिन की अनिवार्य शिक्षण अवधि को पूरा करने के आधार पर ही पहले 12 मई से परीक्षा कराने का निर्णय लिया गया था। अधिकारियों के अनुसार परीक्षा में देरी होने से परिणाम घोषित करने में भी विलंब होगा, जिससे प्लेसमेंट, प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य विश्वविद्यालयों में प्रवेश लेने वाले छात्रों को कठिनाई हो सकती है।
एसपीयू के कुलपति प्रो. ललित कुमार अवस्थी ने बताया कि छात्रों के हितों को ध्यान में रखते हुए तिथि बढ़ाने का निर्णय लिया गया है, लेकिन इससे पूरे शैक्षणिक कैलेंडर पर असर पड़ेगा। विश्वविद्यालय अब संशोधित परीक्षा कार्यक्रम जल्द जारी करेगा और परिणाम समय पर घोषित करने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था पर भी विचार कर रहा है।
