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Mandi News: बत्तखों से दूषित हो रहा रिवालसर झील का जल
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प्रशासन से बत्तखों को शिफ्ट करने की मांग
श्री नैना देवी मंदिर समिति ने जताया विरोध
संवाद न्यूज एजेंसी
रिवालसर (मंडी)। रिवालसर की प्रसिद्ध पवित्र झील में पल रही बत्तखों के कारण जल प्रदूषित होने का मामला सामने आया है। हिंदू, बौद्ध और सिख धर्मों की साझा आस्था के इस केंद्र को लेकर श्री नैना देवी बाबा धजाधारी मंदिर समिति ने स्थानीय प्रशासन को शिकायत सौंपकर करीब 50 बत्तखों को किसी अन्य सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग की है।
समिति का कहना है कि बत्तखों के मलमूत्र और पंखों से झील का पानी लगातार गंदा हो रहा है, जिससे श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं आहत हो रही हैं। व्यापार मंडल प्रधान नरेश कुमार, योग राज, जिला परिषद सदस्य पवन ठाकुर, विखम ठाकुर और अन्य श्रद्धालुओं ने बताया कि रिवालसर झील के जल का वर्षों से आचमन, प्रसाद और मांगलिक कार्यों में गंगाजल की तरह उपयोग होता रहा है, लेकिन अब यह जल आचमन योग्य नहीं रह गया है।
नगर पंचायत रिवालसर के सचिव विनोद कुमार ने बताया कि शिकायत प्राप्त हो गई है और मामले की गंभीरता को देखते हुए जल्द उचित कार्रवाई की जाएगी।
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श्री नैना देवी मंदिर समिति ने जताया विरोध
संवाद न्यूज एजेंसी
रिवालसर (मंडी)। रिवालसर की प्रसिद्ध पवित्र झील में पल रही बत्तखों के कारण जल प्रदूषित होने का मामला सामने आया है। हिंदू, बौद्ध और सिख धर्मों की साझा आस्था के इस केंद्र को लेकर श्री नैना देवी बाबा धजाधारी मंदिर समिति ने स्थानीय प्रशासन को शिकायत सौंपकर करीब 50 बत्तखों को किसी अन्य सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग की है।
समिति का कहना है कि बत्तखों के मलमूत्र और पंखों से झील का पानी लगातार गंदा हो रहा है, जिससे श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं आहत हो रही हैं। व्यापार मंडल प्रधान नरेश कुमार, योग राज, जिला परिषद सदस्य पवन ठाकुर, विखम ठाकुर और अन्य श्रद्धालुओं ने बताया कि रिवालसर झील के जल का वर्षों से आचमन, प्रसाद और मांगलिक कार्यों में गंगाजल की तरह उपयोग होता रहा है, लेकिन अब यह जल आचमन योग्य नहीं रह गया है।
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नगर पंचायत रिवालसर के सचिव विनोद कुमार ने बताया कि शिकायत प्राप्त हो गई है और मामले की गंभीरता को देखते हुए जल्द उचित कार्रवाई की जाएगी।