{"_id":"6a15845bc18bca755d02b56b","slug":"patients-increasing-due-to-hot-wave-nahan-news-c-177-1-nhn1002-179512-2026-05-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirmour News: भीषण गर्मी से बीमारियों की चपेट में आ रहे लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirmour News: भीषण गर्मी से बीमारियों की चपेट में आ रहे लोग
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज के मेडिसिन वार्ड में उपचाराधीन मरीज। संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
-डिहाइड्रेशन, उल्टी, दस्त और बुखार के रोगियों की संख्या में इजाफा
-मेडिकल कॉलेज नाहन समेत जिले के अस्पतालों में बढ़ रही भीड़
-बुजुर्ग और बच्चों के चपेट में आने से अस्पतालों के वार्ड हुए फुल
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन ( सिरमौर)। जिला सिरमौर में लगातार पड़ रही भीषण गर्मी अब लोगों की सेहत पर भारी पड़ने लगी है। तेज धूप और बढ़ते तापमान के चलते लोग विभिन्न मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज नाहन सहित जिले के विभिन्न अस्पतालों में डिहाइड्रेशन, उल्टी, दस्त, बुखार और वायरल संक्रमण के मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। हालात यह हैं कि अस्पतालों के वार्डों में मरीजों की भीड़ बढ़ गई है। खासकर बुजुर्ग और छोटे बच्चे सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज नाहन के मेडिसिन और बाल रोग वार्ड में मरीजों की संख्या सामान्य दिनों की तुलना में काफी बढ़ गई है। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार मेडिसिन विभाग की ओपीडी में प्रतिदिन 200 से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं, जबकि बाल रोग विभाग की ओपीडी में 100 से अधिक बच्चों की जांच की जा रही है।
जिले के अन्य क्षेत्रों पांवटा साहिब, राजगढ़, सराहां और ददाहू के अस्पतालों में भी मरीजों की संख्या बढ़ने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। गर्मी के कारण लोग तेजी से डिहाइड्रेशन का शिकार हो रहे हैं, वहीं दूषित खानपान और तेज गर्म हवाओं के चलते उल्टी-दस्त और बुखार के मामलों में भी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है।
मेडिकल कॉलेज नाहन के मेडिसिन विभाग के एचओडी डॉ. विनय कौशिक ने बताया कि गर्मी के मौसम में खानपान और स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि लोग डिहाइड्रेशन से बचने के लिए पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं। शीतल पेय, छाछ और नींबू पानी का सेवन करें। उन्होंने लोगों से अपील की कि बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत अस्पताल पहुंचकर उपचार करवाएं और लापरवाही न बरतें।
विज्ञापन
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विनय गुप्ता ने बताया कि गर्मियों में बच्चों के बीमार होने की संभावना अधिक रहती है। छोटे बच्चों में पानी की कमी तेजी से होती है, जिससे उनकी तबीयत अचानक बिगड़ सकती है। उन्होंने अभिभावकों को सलाह दी कि बच्चों को बाहर का खाना न दें, स्वच्छ भोजन और पर्याप्त तरल पदार्थ दें। तेज धूप से बचाकर रखें।
मेडिकल कॉलेज नाहन की चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रेणु चौहान ने बताया कि अस्पताल में मरीजों के उपचार के लिए सभी आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। अस्पताल में अतिरिक्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं ताकि मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने लोगों से गर्मी के मौसम में विशेष सावधानी बरतने और स्वास्थ्य संबंधी लक्षणों को नजरअंदाज न करने की अपील की। संवाद
-मेडिकल कॉलेज नाहन समेत जिले के अस्पतालों में बढ़ रही भीड़
-बुजुर्ग और बच्चों के चपेट में आने से अस्पतालों के वार्ड हुए फुल
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन ( सिरमौर)। जिला सिरमौर में लगातार पड़ रही भीषण गर्मी अब लोगों की सेहत पर भारी पड़ने लगी है। तेज धूप और बढ़ते तापमान के चलते लोग विभिन्न मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज नाहन सहित जिले के विभिन्न अस्पतालों में डिहाइड्रेशन, उल्टी, दस्त, बुखार और वायरल संक्रमण के मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। हालात यह हैं कि अस्पतालों के वार्डों में मरीजों की भीड़ बढ़ गई है। खासकर बुजुर्ग और छोटे बच्चे सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज नाहन के मेडिसिन और बाल रोग वार्ड में मरीजों की संख्या सामान्य दिनों की तुलना में काफी बढ़ गई है। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार मेडिसिन विभाग की ओपीडी में प्रतिदिन 200 से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं, जबकि बाल रोग विभाग की ओपीडी में 100 से अधिक बच्चों की जांच की जा रही है।
जिले के अन्य क्षेत्रों पांवटा साहिब, राजगढ़, सराहां और ददाहू के अस्पतालों में भी मरीजों की संख्या बढ़ने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। गर्मी के कारण लोग तेजी से डिहाइड्रेशन का शिकार हो रहे हैं, वहीं दूषित खानपान और तेज गर्म हवाओं के चलते उल्टी-दस्त और बुखार के मामलों में भी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज नाहन के मेडिसिन विभाग के एचओडी डॉ. विनय कौशिक ने बताया कि गर्मी के मौसम में खानपान और स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि लोग डिहाइड्रेशन से बचने के लिए पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं। शीतल पेय, छाछ और नींबू पानी का सेवन करें। उन्होंने लोगों से अपील की कि बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत अस्पताल पहुंचकर उपचार करवाएं और लापरवाही न बरतें।
Trending Videos
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विनय गुप्ता ने बताया कि गर्मियों में बच्चों के बीमार होने की संभावना अधिक रहती है। छोटे बच्चों में पानी की कमी तेजी से होती है, जिससे उनकी तबीयत अचानक बिगड़ सकती है। उन्होंने अभिभावकों को सलाह दी कि बच्चों को बाहर का खाना न दें, स्वच्छ भोजन और पर्याप्त तरल पदार्थ दें। तेज धूप से बचाकर रखें।
मेडिकल कॉलेज नाहन की चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रेणु चौहान ने बताया कि अस्पताल में मरीजों के उपचार के लिए सभी आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। अस्पताल में अतिरिक्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं ताकि मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने लोगों से गर्मी के मौसम में विशेष सावधानी बरतने और स्वास्थ्य संबंधी लक्षणों को नजरअंदाज न करने की अपील की। संवाद