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Sirmour News: टक्कर मारने के मामले में स्कूटी चालक दोषमुक्त
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शंभूवाला क्षेत्र में पैदल चल रहे बुजुर्ग टक्कर में हुए थे घायल
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन (सिरमौर)। तेज रफ्तार और लापरवाही से स्कूटी चलाकर बुजुर्ग को टक्कर मारने के मामले में अदालत ने पांवटा साहिब निवासी मोहित कुमार को सभी आरोपों से बरी कर दिया। अदालत ने अभियोजन पक्ष की ओर से आरोप साबित न कर पाने पर आरोपी को दोषमुक्त करार दिया है।
मामला 5 नवंबर 2020 का है। शंभूवाला क्षेत्र में पैदल चल रहे बुजुर्ग हुसैन सिंह को स्कूटी से टक्कर लगने का आरोप था। इस संबंध में नाहन थाना में एफआईआर दर्ज की गई थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धारा 279, 337 और 338 के तहत चालान पेश किया। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी उपासना शर्मा ने फैसले में कहा कि अभियोजन यह साबित करने में असफल रहा कि दुर्घटना आरोपी की लापरवाही और तेज रफ्तार ड्राइविंग के कारण ही हुई।
अभियोजन पक्ष ने 13 गवाह पेश किए। अदालत ने पाया कि कथित प्रत्यक्षदर्शी की मौके पर मौजूदगी संदेह के घेरे में रही। गवाहियों में विरोधाभास और ठोस सबूतों की कमी के चलते अदालत ने आरोपों को सिद्ध नहीं माना।
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नाहन (सिरमौर)। तेज रफ्तार और लापरवाही से स्कूटी चलाकर बुजुर्ग को टक्कर मारने के मामले में अदालत ने पांवटा साहिब निवासी मोहित कुमार को सभी आरोपों से बरी कर दिया। अदालत ने अभियोजन पक्ष की ओर से आरोप साबित न कर पाने पर आरोपी को दोषमुक्त करार दिया है।
मामला 5 नवंबर 2020 का है। शंभूवाला क्षेत्र में पैदल चल रहे बुजुर्ग हुसैन सिंह को स्कूटी से टक्कर लगने का आरोप था। इस संबंध में नाहन थाना में एफआईआर दर्ज की गई थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धारा 279, 337 और 338 के तहत चालान पेश किया। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी उपासना शर्मा ने फैसले में कहा कि अभियोजन यह साबित करने में असफल रहा कि दुर्घटना आरोपी की लापरवाही और तेज रफ्तार ड्राइविंग के कारण ही हुई।
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अभियोजन पक्ष ने 13 गवाह पेश किए। अदालत ने पाया कि कथित प्रत्यक्षदर्शी की मौके पर मौजूदगी संदेह के घेरे में रही। गवाहियों में विरोधाभास और ठोस सबूतों की कमी के चलते अदालत ने आरोपों को सिद्ध नहीं माना।