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Sirmour News: चेक बाउंस होने पर तीन महीने की कैद
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लघु सिंचाई के लिए बैंक से 2.50 लाख का लिया था ऋण
न्यायिक मजिस्ट्रेट अंशुल मलिक ने सुनाया फैसला
नाहन (सिरमौर)। अदालत ने 12 साल पुराने चेक बाउंस मामले में रामभज को दोषी करार देते हुए 3 महीने के कैद की सजा सुनाई। साथ ही उसे एक महीने के भीतर पीड़ित पक्ष को 1.35 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश भी दिया गया है। यह फैसला न्यायिक मजिस्ट्रेट अंशुल मलिक की अदालत ने सुनाया।
वर्ष 2014 में एचपी राज्य सहकारी कृषि और ग्रामीण विकास बैंक शिलाई से संबंधित ये मामला है। बैंक के अनुसार शिलाई निवासी रामभज ने फरवरी में लघु सिंचाई योजना के तहत 2.50 लाख का ऋण लिया था। आरोपी ने किस्तों में ऋण चुकाने का आश्वासन दिया लेकिन वह भुगतान करने में विफल रहा।
इसके बाद 1 जुलाई 2023 को आरोपी ने 1,28,185 रुपये की बकाया राशि चुकाने के लिए चेक जारी किया, जो बैंक में प्रस्तुत करने पर बाउंस हो गया। कानूनी नोटिस दिए जाने के बावजूद आरोपी ने न तो रकम लौटाई और न ही कोई संतोषजनक जवाब दिया, जिसके चलते शिकायतकर्ता को अदालत का दरवाजा खटखटाना पड़ा। अदालत ने कहा कि आरोपी पक्ष साबित करने में असफल रहा, जबकि शिकायतकर्ता ने अपने आरोपों को संदेह से परे सिद्ध किया। संवाद
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न्यायिक मजिस्ट्रेट अंशुल मलिक ने सुनाया फैसला
नाहन (सिरमौर)। अदालत ने 12 साल पुराने चेक बाउंस मामले में रामभज को दोषी करार देते हुए 3 महीने के कैद की सजा सुनाई। साथ ही उसे एक महीने के भीतर पीड़ित पक्ष को 1.35 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश भी दिया गया है। यह फैसला न्यायिक मजिस्ट्रेट अंशुल मलिक की अदालत ने सुनाया।
वर्ष 2014 में एचपी राज्य सहकारी कृषि और ग्रामीण विकास बैंक शिलाई से संबंधित ये मामला है। बैंक के अनुसार शिलाई निवासी रामभज ने फरवरी में लघु सिंचाई योजना के तहत 2.50 लाख का ऋण लिया था। आरोपी ने किस्तों में ऋण चुकाने का आश्वासन दिया लेकिन वह भुगतान करने में विफल रहा।
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इसके बाद 1 जुलाई 2023 को आरोपी ने 1,28,185 रुपये की बकाया राशि चुकाने के लिए चेक जारी किया, जो बैंक में प्रस्तुत करने पर बाउंस हो गया। कानूनी नोटिस दिए जाने के बावजूद आरोपी ने न तो रकम लौटाई और न ही कोई संतोषजनक जवाब दिया, जिसके चलते शिकायतकर्ता को अदालत का दरवाजा खटखटाना पड़ा। अदालत ने कहा कि आरोपी पक्ष साबित करने में असफल रहा, जबकि शिकायतकर्ता ने अपने आरोपों को संदेह से परे सिद्ध किया। संवाद