{"_id":"6993896fa599f414d802c543","slug":"news-updates-north-east-west-south-india-elections-2026-politics-crime-national-news-in-hindi-2026-02-17","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Updates: नई दिल्ली-चेन्नई एक्सप्रेस के एक डिब्बे में लगी आग, सभी सुरक्षित; मणिपुर में चार उग्रवादी गिरफ्तार","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Updates: नई दिल्ली-चेन्नई एक्सप्रेस के एक डिब्बे में लगी आग, सभी सुरक्षित; मणिपुर में चार उग्रवादी गिरफ्तार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला।
Published by: निर्मल कांत
Updated Tue, 17 Feb 2026 03:19 PM IST
विज्ञापन
न्यूज अपडेट
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक
विज्ञापन
मंगलवार सुबह महाराष्ट्र के वर्धा जिले में नई दिल्ली-चेन्नई ग्रांट ट्रंक एक्सप्रेस के एक डिब्बे में आग लग गई। हालांकि इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ है। केंद्रीय रेलवे के प्रवक्ता संजय मुले के अनुसार, ट्रेन संख्या 12616 नई दिल्ली-चेन्नई (तांबरम) ग्रांट ट्रंक एक्सप्रेस सुबह नागपुर से रवाना हुई थी। वर्धा के सिंधी रेलवे स्टेशन की ओर जाते समय सुबह 11:09 बजे ट्रेन के आखिरी गार्ड कोच में धुआं देखा गया। उन्होंने बताया कि ट्रेन को सिंधी-तुलजापुर खंड पर रोक दिया गया, प्रभावित डिब्बे को तुरंत अलग कर दिया गया और दमकल कर्मियों को बुलाया गया। अधिकारी ने बताया कि ट्रेन और संबंधित डिब्बे में सवार सभी यात्री सुरक्षित हैं। आग लगने का कारण विस्तृत जांच के बाद पता चलेगा।
तेलंगाना में मस्जिद में तोड़फोड़ के बाद मामला दर्ज
तेलंगाना के यदाद्री भुवनगिरी जिले में एक मस्जिद के अंदर कथित तौर पर तोड़फोड़ के बाद मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी। यह घटना बोम्मलारमारम मंडल के जलालपुर गांव की है, जहां सोमवार सुबह नमाजियों ने मस्जिद के अंदर पंखे और खिड़कियां टूटे हुए पाए। पुलिस को शक है कि कुछ अज्ञात लोगों ने नशे की हालत में मस्जिद में प्रवेश कर तोड़फोड़ की होगी। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस यह पता लगाने के लिए जांच कर रही है कि क्या यह सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास था या कुछ लोगों ने नशे में यह कृत्य किया।
Trending Videos
तेलंगाना में मस्जिद में तोड़फोड़ के बाद मामला दर्ज
तेलंगाना के यदाद्री भुवनगिरी जिले में एक मस्जिद के अंदर कथित तौर पर तोड़फोड़ के बाद मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी। यह घटना बोम्मलारमारम मंडल के जलालपुर गांव की है, जहां सोमवार सुबह नमाजियों ने मस्जिद के अंदर पंखे और खिड़कियां टूटे हुए पाए। पुलिस को शक है कि कुछ अज्ञात लोगों ने नशे की हालत में मस्जिद में प्रवेश कर तोड़फोड़ की होगी। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस यह पता लगाने के लिए जांच कर रही है कि क्या यह सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास था या कुछ लोगों ने नशे में यह कृत्य किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
तेलंगाना: मेदरम मेले के दौरान रेहड़ी वाले के साथ दुर्व्यवहार का मामला
तेलंगाना के मुलुगू जिले में हाल ही में दो साल में आयोजित हुए आदिवासी मेले के दौरान यूट्यूबर्स के एक समूह ने कथित तौर पर एक विशेष समुदाय के रेहड़ी वाले के साथ बदसलूकी की और उसे अपने बेचने के लिए रखे गए खाने को खाने के लिए मजबूर किया।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में देखा गया कि यूट्यूब चैनल से जुड़े लोगों ने कुवा बंस (दूध से बनी मिठाई) बेच रहे रेहड़ी वालेसे उत्पाद की तारीख और गुणवत्ता के बारे में सवाल किए। कर्नूल जिले (आंध्र प्रदेश) के वेंडर ने कहा कि वह केवल एक कामगार है। समूह ने कथित रूप से उसे खाना खाने के लिए कहा और उसका आधार कार्ड दिखाने की मांग की। मुलुगु जिले की पुलिस ने सोमवार को कहा कि इस संबंध में कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
एक अन्य वीडियो में गांव के लोग रेहड़ी वाले के समर्थन में आए। उन्होंने कहा कि वह कई वर्षों से उनके कुवा बंस का सेवन कर रहे हैं। वहीं, रेहड़ी वाले व्यक्ति ने कहा कि इस वायरल वीडियो के बाद उन्हें और उनके गांव के अन्य विक्रेताओं को एक लाख रुपये से अधिक का नुकसान हुआ। उन्होंने कहा, हम कहां बेचें? कुछ लोग इसे अपने मोबाइल पर दिखाएंगे। इसलिए हमने अपना स्टॉक फेंक दिया।
तेलंगाना के मुलुगू जिले में हाल ही में दो साल में आयोजित हुए आदिवासी मेले के दौरान यूट्यूबर्स के एक समूह ने कथित तौर पर एक विशेष समुदाय के रेहड़ी वाले के साथ बदसलूकी की और उसे अपने बेचने के लिए रखे गए खाने को खाने के लिए मजबूर किया।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में देखा गया कि यूट्यूब चैनल से जुड़े लोगों ने कुवा बंस (दूध से बनी मिठाई) बेच रहे रेहड़ी वालेसे उत्पाद की तारीख और गुणवत्ता के बारे में सवाल किए। कर्नूल जिले (आंध्र प्रदेश) के वेंडर ने कहा कि वह केवल एक कामगार है। समूह ने कथित रूप से उसे खाना खाने के लिए कहा और उसका आधार कार्ड दिखाने की मांग की। मुलुगु जिले की पुलिस ने सोमवार को कहा कि इस संबंध में कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
एक अन्य वीडियो में गांव के लोग रेहड़ी वाले के समर्थन में आए। उन्होंने कहा कि वह कई वर्षों से उनके कुवा बंस का सेवन कर रहे हैं। वहीं, रेहड़ी वाले व्यक्ति ने कहा कि इस वायरल वीडियो के बाद उन्हें और उनके गांव के अन्य विक्रेताओं को एक लाख रुपये से अधिक का नुकसान हुआ। उन्होंने कहा, हम कहां बेचें? कुछ लोग इसे अपने मोबाइल पर दिखाएंगे। इसलिए हमने अपना स्टॉक फेंक दिया।
लगातार मजबूत हो रही भारत-अमेरिका रक्षा साझेदारी: अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर
अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर और अमेरिका के हिंद-प्रशांत क्षेत्र की कमान के कमांडर एडमिरल सैमुअल जे. पापारो ने सोमवार को भारतीय सेना के पश्चिमी कमान के मुख्यालय का दौरा किया। उन्होंने लेफ्टिनेंट जनरल मनोज कुमार कटियार के साथ भारत के पश्चिमी मोर्चे पर रणनीतिक सुरक्षा परिस्थितियों पर चर्चा की।
गोर ने कहा कि भारत-अमेरिका की रक्षा साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के संयुक्त प्रयास एक सुरक्षित हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए अहम हैं।
भारतीय सेना की पश्चिमी कमान ने एक्स पर लिखा, अमेरिकी राजदूत सेर्गियो गोर और अमेरिकी सेना की हिंद-प्रशांत क्षेत्र की कमान के कमांडर एडमिरल पापारो ने पश्चिमी कमान मुख्यालय का दौरा किया और लेफ्टिनेंट जनरल मनोज कुमार कटियार के साथ भारत के पश्चिमी मोर्चे पर रणनीतिक सुरक्षा परिस्थितियों पर गंभीरता से चर्चा की। पश्चिमी कमान का मुख्यालय हरियाणा के पंचकुला में चंडी मंदिर में स्थित है।
पश्चिमी कमान ने आगे लिखा, प्रतिनिधिमंडल को पश्चिमी मोर्चे की स्थिति, संचालन की तैयारी, सेना की प्रतिष्ठित परंपरा, ऑपरेशन सिंदूर के क्रियान्वयन और राष्ट्र निर्माण तथा क्षेत्रीय स्थिरता मजबूत करने में भारतीय सेना की अहम भूमिका के बारे में पूरी जानकारी दी गई।
वहीं, राजदूत गोर ने लिखा, एडमिरल पापारो के साथ पश्चिमी कमान का दौरा शानदार रहा। हमारे संयुक्त प्रयास एक सुरक्षित हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण हैं। भारत-अमेरिका की रक्षा साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है। लेफ्टिनेंट जनरल मनोज कुमार कटियार, गर्मजोशी से स्वागत के लिए धन्यवाद।
अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर और अमेरिका के हिंद-प्रशांत क्षेत्र की कमान के कमांडर एडमिरल सैमुअल जे. पापारो ने सोमवार को भारतीय सेना के पश्चिमी कमान के मुख्यालय का दौरा किया। उन्होंने लेफ्टिनेंट जनरल मनोज कुमार कटियार के साथ भारत के पश्चिमी मोर्चे पर रणनीतिक सुरक्षा परिस्थितियों पर चर्चा की।
गोर ने कहा कि भारत-अमेरिका की रक्षा साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के संयुक्त प्रयास एक सुरक्षित हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए अहम हैं।
भारतीय सेना की पश्चिमी कमान ने एक्स पर लिखा, अमेरिकी राजदूत सेर्गियो गोर और अमेरिकी सेना की हिंद-प्रशांत क्षेत्र की कमान के कमांडर एडमिरल पापारो ने पश्चिमी कमान मुख्यालय का दौरा किया और लेफ्टिनेंट जनरल मनोज कुमार कटियार के साथ भारत के पश्चिमी मोर्चे पर रणनीतिक सुरक्षा परिस्थितियों पर गंभीरता से चर्चा की। पश्चिमी कमान का मुख्यालय हरियाणा के पंचकुला में चंडी मंदिर में स्थित है।
पश्चिमी कमान ने आगे लिखा, प्रतिनिधिमंडल को पश्चिमी मोर्चे की स्थिति, संचालन की तैयारी, सेना की प्रतिष्ठित परंपरा, ऑपरेशन सिंदूर के क्रियान्वयन और राष्ट्र निर्माण तथा क्षेत्रीय स्थिरता मजबूत करने में भारतीय सेना की अहम भूमिका के बारे में पूरी जानकारी दी गई।
वहीं, राजदूत गोर ने लिखा, एडमिरल पापारो के साथ पश्चिमी कमान का दौरा शानदार रहा। हमारे संयुक्त प्रयास एक सुरक्षित हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण हैं। भारत-अमेरिका की रक्षा साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है। लेफ्टिनेंट जनरल मनोज कुमार कटियार, गर्मजोशी से स्वागत के लिए धन्यवाद।
पदोन्नति में पिछड़ते सीएपीएफ अफसरों के लिए विधेयक लाने की तैयारी में सरकार
केंद्रीय अर्धसैनिक बलों (सीएपीएफ) के कैडर अफसर, पदोन्नति एवं दूसरे आर्थिक हितों के मोर्चे पर पिछड़ते जा रहे हैं। 2019 और 2025 में सुप्रीम कोर्ट ने कैडर अफसरों के हितों को लेकर जो फैसला दिया था, वह लागू नहीं हो सका। वजह, सरकार राजी नहीं थी। सर्वोच्च न्यायालय ने मई, 2025 के फैसले में कहा था कि इन बलों में 'संगठित समूह ए सेवा' (ओजीएएस) सही मायने में लागू किया जाए।
छह महीने में कैडर रिव्यू हो। सरकार ने इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर कर दी। सर्वोच्च अदालत ने इसे भी खारिज कर दिया। अब सरकार, संसद में बिल के माध्यम से फैसले को पलटने की तैयारी कर रही है। सरकार ने इस बाबत शीर्ष कोर्ट में हलफनामा भी दिया है। दूसरी तरफ, गृह मंत्रालय के शीर्ष अफसरों ने आईपीएस प्रतिनियुक्ति को लेकर जो सलाह दी थी, वह फाइलों से बाहर नहीं आ पा रही हैं।
केंद्रीय अर्धसैनिक बलों (सीएपीएफ) के कैडर अफसर, पदोन्नति एवं दूसरे आर्थिक हितों के मोर्चे पर पिछड़ते जा रहे हैं। 2019 और 2025 में सुप्रीम कोर्ट ने कैडर अफसरों के हितों को लेकर जो फैसला दिया था, वह लागू नहीं हो सका। वजह, सरकार राजी नहीं थी। सर्वोच्च न्यायालय ने मई, 2025 के फैसले में कहा था कि इन बलों में 'संगठित समूह ए सेवा' (ओजीएएस) सही मायने में लागू किया जाए।
छह महीने में कैडर रिव्यू हो। सरकार ने इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर कर दी। सर्वोच्च अदालत ने इसे भी खारिज कर दिया। अब सरकार, संसद में बिल के माध्यम से फैसले को पलटने की तैयारी कर रही है। सरकार ने इस बाबत शीर्ष कोर्ट में हलफनामा भी दिया है। दूसरी तरफ, गृह मंत्रालय के शीर्ष अफसरों ने आईपीएस प्रतिनियुक्ति को लेकर जो सलाह दी थी, वह फाइलों से बाहर नहीं आ पा रही हैं।
अमेरिका में भारतीय छात्र की मौत में परिजनों की जांच तेज करने की मांग
अमेरिका में लापता होने के कुछ दिनों बाद मृत पाए गए भारतीय छात्र साकेत श्रीनिवासैया (22) के परिजनों ने जांच तेज करने की मांग की है।
परिवार ने कहा, वे खुद बर्कले जाकर पार्थिव शरीर लेना और विवि व पुलिस से मिलकर जांच के बारे में जानना चाहेंगे। परिजनों ने जांच में तेजी लाने की मांग की है और अमेरिका जाने के लिए आपातकालीन वीजा दिलाने में मदद मांगी है। कर्नाटक एनआरआई फोरम की उपाध्यक्ष भी रहीं आरती कृष्णा ने बताया कि साकेत के परिवार का अमेरिका में कोई रिश्तेदार नहीं रहता है। उन्हें आशंका है कि यदि पार्थिव शरीर सीधे भारत भेज दिया गया तो पुलिस जांच में लापरवाही बरतेगी। परिजन स्वयं बर्कले जाकर यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि मामले की निष्पक्ष और विस्तृत जांच हो।
अमेरिका में लापता होने के कुछ दिनों बाद मृत पाए गए भारतीय छात्र साकेत श्रीनिवासैया (22) के परिजनों ने जांच तेज करने की मांग की है।
परिवार ने कहा, वे खुद बर्कले जाकर पार्थिव शरीर लेना और विवि व पुलिस से मिलकर जांच के बारे में जानना चाहेंगे। परिजनों ने जांच में तेजी लाने की मांग की है और अमेरिका जाने के लिए आपातकालीन वीजा दिलाने में मदद मांगी है। कर्नाटक एनआरआई फोरम की उपाध्यक्ष भी रहीं आरती कृष्णा ने बताया कि साकेत के परिवार का अमेरिका में कोई रिश्तेदार नहीं रहता है। उन्हें आशंका है कि यदि पार्थिव शरीर सीधे भारत भेज दिया गया तो पुलिस जांच में लापरवाही बरतेगी। परिजन स्वयं बर्कले जाकर यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि मामले की निष्पक्ष और विस्तृत जांच हो।
मणिपुर में चार उग्रवादी गिरफ्तार
इंफाल पुलिस ने मंगलवार को बताया कि सुरक्षा बलों ने मणिपुर में कई प्रतिबंधित संगठनों से जुड़े चार उग्रवादियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक महिला भी शामिल है। पुलिस के अनुसार, रविवार को म्यांमार की अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास तेंगनुपाल जिले के जगनोई इलाके में प्रतिबंधित कांगलेई यावोल कन्ना लुप (केवाईकेएल) संगठन के दो उग्रवादियों को पकड़ा गया। इससे पहले सोमवार को इंफाल पूर्वी जिले के सवोंबुंग इलाके में प्रतिबंधित कांगलेइपाक कम्युनिस्ट पार्टी (नोयन) संगठन के एक सक्रिय कार्यकर्ता और इंफाल पश्चिमी जिले के ताओथोंग खुनू में केसीपी (अपुनबा) संगठन की 26 वर्षीय महिला कार्यकर्ता को पकड़ा गया था।
इंफाल पुलिस ने मंगलवार को बताया कि सुरक्षा बलों ने मणिपुर में कई प्रतिबंधित संगठनों से जुड़े चार उग्रवादियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक महिला भी शामिल है। पुलिस के अनुसार, रविवार को म्यांमार की अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास तेंगनुपाल जिले के जगनोई इलाके में प्रतिबंधित कांगलेई यावोल कन्ना लुप (केवाईकेएल) संगठन के दो उग्रवादियों को पकड़ा गया। इससे पहले सोमवार को इंफाल पूर्वी जिले के सवोंबुंग इलाके में प्रतिबंधित कांगलेइपाक कम्युनिस्ट पार्टी (नोयन) संगठन के एक सक्रिय कार्यकर्ता और इंफाल पश्चिमी जिले के ताओथोंग खुनू में केसीपी (अपुनबा) संगठन की 26 वर्षीय महिला कार्यकर्ता को पकड़ा गया था।
केरल- विझिनजम रेस्टोरेंट में खाने के बाद संदिग्ध फूड प्वाइजनिंग से दो की मौत
तिरुवनंतपुरम पुलिस ने मंगलवार को बताया कि एक दिन पहले कोल्लम के नीलामेल के पास एक परिवार के दो सदस्यों की फूड प्वाइजनिंग की संदिग्ध घटना में मौत हो गई। पुलिस ने कहा कि उसी परिवार के दो और सदस्यों का अभी इलाज चल रहा है, साथ ही कहा कि उस रेस्टोरेंट को सील कर दिया गया है और फूड सेफ्टी अधिकारी जल्द ही वहां जांच करेंगे।
पुलिस ने आगे कहा कि सोमवार रात को उसी रेस्टोरेंट में कई सौ लोगों ने खाना खाया था, लेकिन किसी के बीमार पड़ने की कोई और शिकायत नहीं मिली है। विझिनजम पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने कहा, 'इसलिए, मौत का सही कारण पोस्टमॉर्टम के बाद ही पता चल पाएगा। परिवार ने कहा कि यह समस्या रेस्टोरेंट से खाना खाने के बाद हुई।' यह परिवार कोल्लम जिले में चदयामंगलम के पास नीलामेल का रहने वाला है। अधिकारी ने कहा कि चदयामंगलम पुलिस ने अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया है।
तिरुवनंतपुरम पुलिस ने मंगलवार को बताया कि एक दिन पहले कोल्लम के नीलामेल के पास एक परिवार के दो सदस्यों की फूड प्वाइजनिंग की संदिग्ध घटना में मौत हो गई। पुलिस ने कहा कि उसी परिवार के दो और सदस्यों का अभी इलाज चल रहा है, साथ ही कहा कि उस रेस्टोरेंट को सील कर दिया गया है और फूड सेफ्टी अधिकारी जल्द ही वहां जांच करेंगे।
पुलिस ने आगे कहा कि सोमवार रात को उसी रेस्टोरेंट में कई सौ लोगों ने खाना खाया था, लेकिन किसी के बीमार पड़ने की कोई और शिकायत नहीं मिली है। विझिनजम पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने कहा, 'इसलिए, मौत का सही कारण पोस्टमॉर्टम के बाद ही पता चल पाएगा। परिवार ने कहा कि यह समस्या रेस्टोरेंट से खाना खाने के बाद हुई।' यह परिवार कोल्लम जिले में चदयामंगलम के पास नीलामेल का रहने वाला है। अधिकारी ने कहा कि चदयामंगलम पुलिस ने अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया है।
नागाओं के साथ झड़प: पुलिस ने मणिपुर के उखरुल से 51 कुकी छात्रों को निकाला
मणिपुर के नागा-बहुल उखरुल जिले के एक स्कूल से दो समुदायों के बीच झड़प के बाद एहतियात के तौर पर कम से कम 51 कुकी छात्रों को पुलिस ने बाहर निकाला है। उखरुल में तंगखुल नागा जनजाति और कुकी लोगों के बीच एक हफ्ते से ज्यादा समय से तनाव चल रहा था, क्योंकि उखरुल जिले के लिटन सारेखोंग इलाके में झड़पों के दौरान लगभग 30 घर जला दिए गए थे।
पुलिस ने एक बयान में कहा, 'उखरुल जिला पुलिस ने उखरुल में जवाहर नवोदय विद्यालय रामवा स्कूल के 51 छात्रों को निकाला है और उन्हें कांगपोकपी जिले के जेएनवी में आगे ले जाने के लिए सैकुल पुलिस स्टेशन की टीम को सौंप दिया है।' 31 लड़के और 20 लड़कियों को कुकी-बहुल जिले कांगपोकपी भेजा गया। पुलिस ने कहा कि जिले में मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए एहतियात के तौर पर छात्रों को निकाला गया।
मणिपुर के नागा-बहुल उखरुल जिले के एक स्कूल से दो समुदायों के बीच झड़प के बाद एहतियात के तौर पर कम से कम 51 कुकी छात्रों को पुलिस ने बाहर निकाला है। उखरुल में तंगखुल नागा जनजाति और कुकी लोगों के बीच एक हफ्ते से ज्यादा समय से तनाव चल रहा था, क्योंकि उखरुल जिले के लिटन सारेखोंग इलाके में झड़पों के दौरान लगभग 30 घर जला दिए गए थे।
पुलिस ने एक बयान में कहा, 'उखरुल जिला पुलिस ने उखरुल में जवाहर नवोदय विद्यालय रामवा स्कूल के 51 छात्रों को निकाला है और उन्हें कांगपोकपी जिले के जेएनवी में आगे ले जाने के लिए सैकुल पुलिस स्टेशन की टीम को सौंप दिया है।' 31 लड़के और 20 लड़कियों को कुकी-बहुल जिले कांगपोकपी भेजा गया। पुलिस ने कहा कि जिले में मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए एहतियात के तौर पर छात्रों को निकाला गया।