Leh: लद्दाख को मिला देश के सर्वश्रेष्ठ हाई-ऑल्टीट्यूड खेल प्रशिक्षण केंद्र का दर्जा, नौसेना कोचों ने की तारीफ
भारतीय नौसेना के वरिष्ठ कोचों ने लद्दाख को देश के सर्वश्रेष्ठ हाई-ऑल्टीट्यूड खेल प्रशिक्षण स्थलों में से एक बताया है, जहां कम ऑक्सीजन वातावरण खिलाड़ियों की फिटनेस और सहनशक्ति बढ़ाने में मदद करता है। लेह में एक माह चले प्रशिक्षण शिविर के अनुभव साझा करते हुए कोचों ने बेहतर खेल सुविधाओं की सराहना की और भविष्य में लद्दाख को प्रमुख खेल प्रशिक्षण केंद्र बनने की संभावना जताई।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारतीय नौसेना के वरिष्ठ कोचों ने लद्दाख को देश में उच्च ऊंचाई (हाई-ऑल्टीट्यूड) खेल प्रशिक्षण के लिए सर्वश्रेष्ठ स्थलों में से एक बताया है। उन्होंने कहा कि यहां का भौगोलिक वातावरण, लगातार विकसित हो रहा खेल बुनियादी ढांचा और स्थानीय युवाओं में मौजूद अपार खेल प्रतिभा इसे प्रशिक्षण के लिए बेहद उपयुक्त बनाती है।
लेह स्थित एस्ट्रोटर्फ स्टेडियम में आयोजित एक संवाद कार्यक्रम के दौरान भारतीय नौसेना क्रिकेट टीम के मुख्य कोच राजेश तिवारी, नौसेना बॉक्सिंग टीम के मुख्य कोच एएल लाकरा तथा खेलो इंडिया स्टेट सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, यूटी लद्दाख के हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर शिवा नायक ने एक माह तक चले हाई-ऑल्टीट्यूड प्रशिक्षण शिविर के अपने अनुभव साझा किए।
राजेश तिवारी ने बताया कि नौसेना की 17 सदस्यीय क्रिकेट टीम ने कम ऑक्सीजन वाले वातावरण में खिलाड़ियों की सहनशक्ति और फिटनेस बढ़ाने के उद्देश्य से लेह का चयन किया था। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण शिविर उनकी अपेक्षाओं से कहीं अधिक सफल रहा और खिलाड़ियों की फिटनेस में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला। उन्होंने खेल विभाग तथा खेलो इंडिया स्टेट सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की ओर से उपलब्ध कराई गई सुविधाओं और सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि टीम ने अपना पूरा प्रशिक्षण कार्यक्रम लेह में ही सफलतापूर्वक पूरा किया।
तिवारी ने लद्दाख के युवा क्रिकेट खिलाड़ियों से भारतीय नौसेना की भर्ती प्रक्रिया में भाग लेने का आह्वान करते हुए कहा कि नौसेना प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को उत्कृष्ट कॅरिअर और खेलों में आगे बढ़ने के बेहतरीन अवसर प्रदान करती है। बॉक्सिंग टीम के मुख्य कोच लाकरा ने कहा कि हाई-ऑल्टीट्यूड प्रशिक्षण शिविर से उनकी 10 सदस्यीय टीम की सहनशक्ति और शारीरिक क्षमता में उल्लेखनीय सुधार हुआ।
उन्होंने प्रशिक्षण अनुभव की सराहना करते हुए कहा कि लद्दाख में बॉक्सिंग को बढ़ावा देने के लिए खेल अवसंरचना का विस्तार, छात्रावास सुविधाओं में सुधार तथा बॉक्सिंग रिंग, ग्लव्स और सुरक्षात्मक उपकरण जैसे उच्च गुणवत्ता वाले संसाधनों की उपलब्धता आवश्यक है। उन्होंने खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए अभिभावकों और प्रशासन से भी सहयोग की अपील की।
हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर शिवा नायक ने कहा कि नौसेना का यह प्रशिक्षण शिविर आयोजित करना उनका लंबे समय से देखा गया सपना था। उनका उद्देश्य लद्दाख के युवाओं को देश के शीर्ष खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों के साथ प्रशिक्षण का अवसर देकर उन्हें खेलों के प्रति प्रेरित करना था। उन्होंने कहा कि इस पहल से खेलो इंडिया स्टेट सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के खिलाड़ियों को पेशेवर स्तर का प्रशिक्षण मिला और यह भी साबित हुआ कि लेह हाई-ऑल्टीट्यूड प्रशिक्षण के लिए देश के सर्वश्रेष्ठ स्थलों में से एक है।
नायक ने इस प्रशिक्षण शिविर के सफल आयोजन में सहयोग के लिए यूटी लद्दाख के खेल विभाग, वरिष्ठ अधिकारियों तथा जिला युवा सेवा एवं खेल कार्यालय का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी इस पहल को जारी रखा जाएगा तथा अगले वर्ष इससे भी लंबी अवधि का हाई-ऑल्टीट्यूड प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने की योजना है।
उन्होंने बताया कि खिलाड़ियों के लिए छात्रावास का निर्माण कार्य जारी है और इसके शीघ्र पूरा होने की उम्मीद है। छात्रावास शुरू होने के बाद प्रतिभा पहचान एवं विकास कार्यक्रम (टैलेंट आइडेंटिफिकेशन एंड डेवलपमेंट प्रोग्राम) के तहत चयनित खिलाड़ियों को आवासीय प्रशिक्षण की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
कोचों ने विश्वास व्यक्त किया कि लद्दाख के युवा मेहनती और प्रतिभाशाली हैं। यदि उन्हें बेहतर खेल सुविधाएं, आधुनिक अवसंरचना और उच्च स्तरीय प्रशिक्षण मिलता रहा तो लद्दाख भविष्य में देश का एक प्रमुख हाई-ऑल्टीट्यूड खेल प्रशिक्षण एवं खिलाड़ी विकास केंद्र बन सकता है।