{"_id":"6a6e625a7100fe673f04bb9e","slug":"court-news-jammu-news-c-10-jmu1059-975576-2026-08-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: 10.75 लाख के फर्जी बीमा क्लेम \nमें पूर्व कर्मी के खिलाफ चार्जशीट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: 10.75 लाख के फर्जी बीमा क्लेम में पूर्व कर्मी के खिलाफ चार्जशीट
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- फर्जी दस्तावेज से पॉलिसी सरेंडर कर राशि फर्जी बैंक खाते में ट्रांसफर करने का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) क्राइम ब्रांच जम्मू ने आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस कंपनी में फर्जी बीमा क्लेम मामले में आरोपपत्र दायर किया है। इसमें पूर्व कर्मचारी पारुल शर्मा मुख्य आरोपी है जिसने 10.75 लाख रुपये की धोखाधड़ी की थी। मामला वर्ष 2013 में कंपनी के तत्कालीन शाखा प्रभारी दीपक भट की शिकायत पर दर्ज हुआ था।
ईओडब्ल्यू के अनुसार शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि कंपनी की पूर्व कर्मचारी पारुल ने फर्जी दस्तावेज बनाकर एक बीमा पॉलिसी को सरेंडर कराया। 10.75 लाख की राशि धोखाधड़ी से एसबीआई में एक फर्जी खाते में ट्रांसफर करवाई। यह खाता असली पॉलिसीधारक के नाम पर जाली दस्तावेज के आधार पर खोला गया था। जांच में दो अन्य पॉलिसियों के साथ भी इसी तरह की कोशिश करने की बात सामने आई।
शुरुआत में गांधीनगर थाने में एफआईआर दर्ज थी। बाद में मामला विस्तृत जांच के लिए क्राइम ब्रांच जम्मू को सौंपा गया। जांच में क्राइम ब्रांच ने भारतीय स्टेट बैंक और आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल से रिकॉर्ड हासिल किया। जांच में सामने आया कि आरोपी ने पहले पॉलिसी के डुप्लीकेट दस्तावेज हासिल किए, फिर फर्जी सरेंडर दस्तावेज तैयार कर असली पॉलिसीधारक के नाम पर फर्जी बैंक खाता खुलवाया। इसके बाद सरेंडर की गई पॉलिसी की राशि एनईएफटी के माध्यम से उसी खाते में ट्रांसफर करवा ली। क्राइम ब्रांच के अनुसार गवाहों के बयान, दस्तावेजी साक्ष्य और फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की जांच में आरोपी की भूमिका की पुष्टि हुई। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद जम्मू की तीसरी अतिरिक्त मुंसिफ अदालत में आरोपपत्र पेश किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) क्राइम ब्रांच जम्मू ने आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस कंपनी में फर्जी बीमा क्लेम मामले में आरोपपत्र दायर किया है। इसमें पूर्व कर्मचारी पारुल शर्मा मुख्य आरोपी है जिसने 10.75 लाख रुपये की धोखाधड़ी की थी। मामला वर्ष 2013 में कंपनी के तत्कालीन शाखा प्रभारी दीपक भट की शिकायत पर दर्ज हुआ था।
ईओडब्ल्यू के अनुसार शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि कंपनी की पूर्व कर्मचारी पारुल ने फर्जी दस्तावेज बनाकर एक बीमा पॉलिसी को सरेंडर कराया। 10.75 लाख की राशि धोखाधड़ी से एसबीआई में एक फर्जी खाते में ट्रांसफर करवाई। यह खाता असली पॉलिसीधारक के नाम पर जाली दस्तावेज के आधार पर खोला गया था। जांच में दो अन्य पॉलिसियों के साथ भी इसी तरह की कोशिश करने की बात सामने आई।
विज्ञापन
शुरुआत में गांधीनगर थाने में एफआईआर दर्ज थी। बाद में मामला विस्तृत जांच के लिए क्राइम ब्रांच जम्मू को सौंपा गया। जांच में क्राइम ब्रांच ने भारतीय स्टेट बैंक और आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल से रिकॉर्ड हासिल किया। जांच में सामने आया कि आरोपी ने पहले पॉलिसी के डुप्लीकेट दस्तावेज हासिल किए, फिर फर्जी सरेंडर दस्तावेज तैयार कर असली पॉलिसीधारक के नाम पर फर्जी बैंक खाता खुलवाया। इसके बाद सरेंडर की गई पॉलिसी की राशि एनईएफटी के माध्यम से उसी खाते में ट्रांसफर करवा ली। क्राइम ब्रांच के अनुसार गवाहों के बयान, दस्तावेजी साक्ष्य और फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की जांच में आरोपी की भूमिका की पुष्टि हुई। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद जम्मू की तीसरी अतिरिक्त मुंसिफ अदालत में आरोपपत्र पेश किया गया।
विज्ञापन