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Jammu News: रेल मंत्री से वार्ता के बाद भी नहीं थमा लोगों का आक्रोश
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सांसद युगल किशोर शर्मा नई दिल्ली में रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव से मिले, प्रदर्शन करने वालों से कराई फोन पर बात
सांबा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन स्टॉपेज बहाली का मुद्दा गरमाया
संवाद न्यूज एजेंसी
सांबा। रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव की बहाली को लेकर बढ़ते जन आक्रोश के बीच सांसद युगल किशोर शर्मा ने मंगलवार को नई दिल्ली में केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने सांबा रेलवे स्टेशन पर कोरोना काल में हटाए गए सभी प्रमुख ट्रेनों के स्टॉपेज को जल्द बहाल करने की मांग उठाई।
सांसद ने रेल मंत्री को एक ज्ञापन सौंपते हुए बताया कि कोरोना महामारी के दौरान सांबा रेलवे स्टेशन से कई ट्रेनों का ठहराव समाप्त कर दिया गया था, लेकिन महामारी समाप्त होने के वर्षों बाद भी इन्हें बहाल नहीं किया गया। इससे क्षेत्र के हजारों यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
हाल ही में सांबा के लोगों ने रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शन कर चेतावनी दी थी कि यदि 25 अगस्त तक ट्रेनों का ठहराव बहाल नहीं किया गया तो बड़ा रेल रोको आंदोलन किया जाएगा। इसी जनभावना और आंदोलन की चेतावनी को देखते हुए सांसद ने मामले को गंभीरता से रेल मंत्री के समक्ष रखा।
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मुलाकात के दौरान सांसद युगल किशोर शर्मा ने प्रदर्शन कर रहे प्रतिनिधियों की रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से फोन पर भी बातचीत करवाई। प्रतिनिधियों ने मंत्री के समक्ष अपनी समस्याएं और आंदोलन की चेतावनी से अवगत कराया। सांसद ने कहा कि लोगों का धैर्य अब जवाब दे रहा है और जल्द समाधान आवश्यक है।
मुद्दे का शीघ्र समाधान कराने की प्रयास: सांसद
रेल मंत्री ने सांसद को आश्वासन दिया कि सांबा रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव की मांग पर सकारात्मक विचार किया जाएगा और समस्या के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। सांसद युगल किशोर शर्मा ने भी भरोसा जताया कि 25 अगस्त से पहले इस मुद्दे का समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा ताकि आंदोलन की नौबत न आए। गौरतलब है कि सांबा रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के स्टॉपेज की बहाली को लेकर पिछले कई दिनों से स्थानीय लोग लगातार आवाज उठा रहे हैं। अब सभी की निगाहें रेलवे मंत्रालय के अंतिम फैसले पर टिकी हैं।
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25 से पहले ट्रेने रोकने का जारी हो आदेश
स्थानीय विजय सिंह काटल, शिव देव सिंह, गिरादरी लाल शर्मा ने कहा कि ट्रेनों के ठहराव को लेकर उन्होंने एक ज्ञापन डिवकॉम व एक रेलवे के डीआरएम को भी सौंपा है। उन्हें बताया गया है कि यदि 25 अगस्त से पहले कोई निर्णय नहीं लिया जाता है तो लोग रेल रोको आंदोलन शुरू कर देंगे।
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कहां का न्याय, 12 ट्रेनों में सिर्फ दो का स्टॉपेज
डीडीसी के पूर्व सदस्य सुभाष भगत, सुरेंदर सिंह ने बताया कि सांबा में सिडको के तीन फेस हैं, जिनमें ज्यादातर अधिकारी व कर्मचारी बाहरी राज्यों से हैं। एक सेना के ब्रिगेड सहित बीएसएफ की तीन वाहिनी और एसएसबी का मुख्यालय है। सांबा से सात किलोमीटर दूर एम्स है। ऐसे में सभी को सांबा रेलवे स्टेशन से ही आना जाना रहता है। उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस से पहले 12 ट्रेनों का ठहराव था आज दो ही रुक रही हैं। ट्रेनों के ठहराव नहीं होने से अब लोगों को 42 किलोमीटर का सफर तय कर जम्मू और 50 किलोमीटर का सफर तय कर कठुआ रेलवे स्टेशन से ट्रेनें पकड़नी पड़ रही हैं। इसमें धन और समय की बर्बादी हो रही है।
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सांबा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन स्टॉपेज बहाली का मुद्दा गरमाया
संवाद न्यूज एजेंसी
सांबा। रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव की बहाली को लेकर बढ़ते जन आक्रोश के बीच सांसद युगल किशोर शर्मा ने मंगलवार को नई दिल्ली में केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने सांबा रेलवे स्टेशन पर कोरोना काल में हटाए गए सभी प्रमुख ट्रेनों के स्टॉपेज को जल्द बहाल करने की मांग उठाई।
सांसद ने रेल मंत्री को एक ज्ञापन सौंपते हुए बताया कि कोरोना महामारी के दौरान सांबा रेलवे स्टेशन से कई ट्रेनों का ठहराव समाप्त कर दिया गया था, लेकिन महामारी समाप्त होने के वर्षों बाद भी इन्हें बहाल नहीं किया गया। इससे क्षेत्र के हजारों यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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हाल ही में सांबा के लोगों ने रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शन कर चेतावनी दी थी कि यदि 25 अगस्त तक ट्रेनों का ठहराव बहाल नहीं किया गया तो बड़ा रेल रोको आंदोलन किया जाएगा। इसी जनभावना और आंदोलन की चेतावनी को देखते हुए सांसद ने मामले को गंभीरता से रेल मंत्री के समक्ष रखा।
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मुलाकात के दौरान सांसद युगल किशोर शर्मा ने प्रदर्शन कर रहे प्रतिनिधियों की रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से फोन पर भी बातचीत करवाई। प्रतिनिधियों ने मंत्री के समक्ष अपनी समस्याएं और आंदोलन की चेतावनी से अवगत कराया। सांसद ने कहा कि लोगों का धैर्य अब जवाब दे रहा है और जल्द समाधान आवश्यक है।
मुद्दे का शीघ्र समाधान कराने की प्रयास: सांसद
रेल मंत्री ने सांसद को आश्वासन दिया कि सांबा रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव की मांग पर सकारात्मक विचार किया जाएगा और समस्या के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। सांसद युगल किशोर शर्मा ने भी भरोसा जताया कि 25 अगस्त से पहले इस मुद्दे का समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा ताकि आंदोलन की नौबत न आए। गौरतलब है कि सांबा रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के स्टॉपेज की बहाली को लेकर पिछले कई दिनों से स्थानीय लोग लगातार आवाज उठा रहे हैं। अब सभी की निगाहें रेलवे मंत्रालय के अंतिम फैसले पर टिकी हैं।
25 से पहले ट्रेने रोकने का जारी हो आदेश
स्थानीय विजय सिंह काटल, शिव देव सिंह, गिरादरी लाल शर्मा ने कहा कि ट्रेनों के ठहराव को लेकर उन्होंने एक ज्ञापन डिवकॉम व एक रेलवे के डीआरएम को भी सौंपा है। उन्हें बताया गया है कि यदि 25 अगस्त से पहले कोई निर्णय नहीं लिया जाता है तो लोग रेल रोको आंदोलन शुरू कर देंगे।
कहां का न्याय, 12 ट्रेनों में सिर्फ दो का स्टॉपेज
डीडीसी के पूर्व सदस्य सुभाष भगत, सुरेंदर सिंह ने बताया कि सांबा में सिडको के तीन फेस हैं, जिनमें ज्यादातर अधिकारी व कर्मचारी बाहरी राज्यों से हैं। एक सेना के ब्रिगेड सहित बीएसएफ की तीन वाहिनी और एसएसबी का मुख्यालय है। सांबा से सात किलोमीटर दूर एम्स है। ऐसे में सभी को सांबा रेलवे स्टेशन से ही आना जाना रहता है। उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस से पहले 12 ट्रेनों का ठहराव था आज दो ही रुक रही हैं। ट्रेनों के ठहराव नहीं होने से अब लोगों को 42 किलोमीटर का सफर तय कर जम्मू और 50 किलोमीटर का सफर तय कर कठुआ रेलवे स्टेशन से ट्रेनें पकड़नी पड़ रही हैं। इसमें धन और समय की बर्बादी हो रही है।