फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Lifestyle ›   Hariyali Teej vs Kajari Teej: Know the Difference, Dates, Significance and Rituals

Hariyali Teej vs Kajari Teej: हरियाली तीज और कजरी तीज में क्या है फर्क? तारीख से लेकर पूजा तक जानें पूरी बात

Sat, 15 Aug 2026 11:28 AM IST
शिवानी अवस्थी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिवानी अवस्थी Updated Sat, 15 Aug 2026 11:28 AM IST
सार

Difference Between Hariyali Teej and Kajari Teej: विवाहित महिलाएं पति की लंबी उम्र, सुखी दांपत्य जीवन और अखंड सौभाग्य की कामना से व्रत रखती हैं, जबकि कई स्थानों पर अविवाहित कन्याएं भी अच्छे वर की कामना से व्रत करती हैं। हरियाली तीज में हरियाली और झूले प्रमुख आकर्षण हैं, जबकि कजरी तीज में कजरी लोकगीत और चंद्रमा से जुड़ी परंपराएं खास मानी जाती हैं।
 

विज्ञापन
Hariyali Teej vs Kajari Teej: Know the Difference, Dates, Significance and Rituals
हरियाली तीज और कजरी तीज में अंतर - फोटो : AI

विस्तार

Hariyali Teej vs Kajari Teej Difference : हरियाली तीज और कजरी तीज दोनों ही हिंदू धर्म के प्रमुख तीज पर्व हैं, लेकिन इनकी तिथि, परंपराओं और उत्सव मनाने के तरीके में अंतर है। हरियाली तीज सावन महीने के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाई जाती है और इसे हरियाली, झूले, मेहंदी और सुहाग के पर्व के रूप में विशेष पहचान मिली है। वहीं कजरी तीज भाद्रपद महीने के कृष्ण पक्ष की तृतीया को आती है और इसे बड़ी तीज या कजली तीज भी कहा जाता है। दोनों पर्वों में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा का विशेष महत्व है।

विज्ञापन


विवाहित महिलाएं पति की लंबी उम्र, सुखी दांपत्य जीवन और अखंड सौभाग्य की कामना से व्रत रखती हैं, जबकि कई स्थानों पर अविवाहित कन्याएं भी अच्छे वर की कामना से व्रत करती हैं। हरियाली तीज में हरियाली और झूले प्रमुख आकर्षण हैं, जबकि कजरी तीज में कजरी लोकगीत और चंद्रमा से जुड़ी परंपराएं खास मानी जाती हैं।
विज्ञापन

 

हरियाली तीज और कजरी तीज में मुख्य अंतर

  • तिथि - हरियाली तीज सावन मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाई जाती है। कजरी तीज भाद्रपद कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि पर पड़ती है।
  • तारीख - इस वर्ष हरियाली तीज 15 अगस्त 2026 को मनाई जा रही है। कजरी तीज 31 अगस्त 2026 को मनाई जाएगी।
  • नाम-  हरियाली तीज का दूसरा नाम छोटी तीज, सिंधारा तीज है। कजरी तीज को बड़ी तीज, कजली तीज और सतुड़ी तीज के नाम से जाना जाता है।
  • मुख्य भावना - हरियाली तीज , सावन की हरियाली, प्राकृतिकता, झूला, हरे रंग और दांपत्य सुख से जुड़ी है। कजरी तीज, लोक परंपराओं, सौभाग्य, दांपत्य सुख से संबंधित है।
  • विज्ञापन
    विज्ञापन
  • मुख्य पूजा - हरियाली तीज और कजरी तीज में एक समानता है कि दोनों ही पर्व में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा होती है।
  • विशेष परंपरा - हरियाली तीज में झूला झूलने, मेहंदी लगाने और सिंधारा की परंपरा है। कजरी तीज में कजली लोकगीत, कुछ क्षेत्रों में चंद्र पूजा होती है।

हरियाली तीज कब है?

हरियाली तीज को सावन की शुक्ल तृतीया पर मनाया जाता है और यह मानसून की हरियाली से जुड़ा पर्व है। 2026 में यह 15 अगस्त को पड़ रही है। 

कजली तीज कब है 2026?

कजरी तीज इसके लगभग 15 दिन बाद कृष्ण पक्ष की तृतीया को आती है। दिल्ली के लिए 2026 में इसका मुख्य व्रत 31 अगस्त को बताया गया है। 
 

विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed