West Asia LIVE: UN की एजेंसी ने रोकी होर्मुज में जहाजों की निकासी; नेतन्याहू बोले- लेबनान में तैनात रहेगी सेना
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वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला।
Published by: निर्मल कांत
Updated Fri, 26 Jun 2026 07:44 AM IST
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इस्राइल-लेबनान
- फोटो : एएनआई/रॉयटर्स
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लाइव अपडेट
11:38 AM, 26-Jun-2026
ईरान के परमाणु ठिकानों की जल्द जांच करेगा IAEA
संयुक्त राष्ट्र की परमाणु एजेंसी (IAEA) के प्रमुख राफेल ग्रॉसी ने अहम बयान दिया है। अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच हुए समझौते के तहत एजेंसी को ईरान के परमाणु ठिकानों का निरीक्षण करने का काम सौंपा गया है। ग्रॉसी ने टोक्यो में पत्रकारों को बताया कि सही निगरानी के लिए ठिकानों पर जाकर जांच करना जरूरी है। इसके लिए तकनीकी काम शुरू हो गया है। ग्रॉसी ने उम्मीद जताई है कि उनकी टीम जल्द ही ईरान का दौरा करेगी।09:22 AM, 26-Jun-2026
इटली के विदेश मंत्री ने ईरान के विदेश मंत्री से बात की
इटली के विदेश मंत्री एंटोनियो ताजानी ने ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से फोन पर बात की। ताजानी ने साफ किया कि इटली ने ईरान के खिलाफ किसी भी सैन्य कार्रवाई में हिस्सा नहीं लिया है। उन्होंने यह भी बताया कि इटली ने अपने सैन्य अड्डों का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ युद्ध के लिए कभी नहीं होने दिया। इसके साथ ही ताजानी ने ईरान से होर्मुज जलडमरूमध्य को पूरी तरह खोलने की मांग की।Ho parlato con il Ministro degli Esteri iraniano @araghchi. L’Italia non ha mai preso parte ad alcuna iniziativa militare e non ha mai autorizzato l’utilizzo delle basi per azioni di guerra contro l’Iran, nel rispetto più rigoroso dei trattati con gli Stati Uniti. Ho chiesto che… pic.twitter.com/9LC5ad7r9C
— Antonio Tajani (@Antonio_Tajani) June 25, 2026
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08:56 AM, 26-Jun-2026
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दावों पर ईरान की प्रतिक्रिया
अमेरिकी राष्ट्रपति का कहना है कि उनका प्रशासन ईरान की मुक्त की गई संपत्तियों का उपयोग अमेरिकी कृषि उत्पादों को खरीदने के लिए करेगा। लेकिन ईरान के संसदीय अध्यक्ष और ईरानी वार्ता दल के एक प्रमुख व्यक्ति मोहम्मद बगेर गालिबफ ने इस दावे को खारिज कर दिया है। गालिबफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स लिखा 'अमेरिका झूठा दावा करता है कि हमारी मुक्त संपत्ति से हम उनकी कृषि उपज खरीद लेंगे। दिलचस्प बात है। हम जो फसल काट रहे हैं, वह तो आपने ही बोई है: दशकों का अविश्वास। यह जैविक है, प्रचुर मात्रा में है और स्वदेशी है। लेकिन जाहिर तौर पर अमेरिका सिर्फ आनुवंशिक रूप से संशोधित सोयाबीन, टूटे वादे और झूठे दावे ही निर्यात करता है।America falsely claims our unfrozen assets will buy their agriculture. Interesting. The only crop we're harvesting is what you planted: decades of mistrust. It's organic, abundant, and homegrown. But apparently the US only exports GMO soybeans, broken promises and trash talks.
— محمدباقر قالیباف | MB Ghalibaf (@mb_ghalibaf) June 25, 2026
07:44 AM, 26-Jun-2026
दक्षिण लेबनान, सीरिया और गाजा में मौजूदगी बनाए रखेगी इस्राइली सेना: नेतन्याहू
इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक बार फिर कहा कि इस्राइली सेना दक्षिणी लेबनान, सीरिया और गाजा में 'जितने समय तक जरूरी होगा, उतने समय तक' अपनी मौजूदगी बनाए रखेगी। यह बयान उन्होंने दक्षिणी इस्राइल में अधिकारियों के एक दीक्षांत समारोह के दौरान दिया।07:36 AM, 26-Jun-2026
ईरान के जमा पैसे से खरीदे जाएंगे कृषि उत्पाद: ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वह ईरान की जमा की गई संपत्तियों का इस्तेमाल अमेरिकी कृषि उत्पाद खरीदने के लिए किया जाएगा। उन्होंने एक कार्यक्रम में अमेरिकी किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि हम उनका कुछ पैसा लेंगे और उससे गेहूं, सोयाबीन और मक्का जैसी फसलें खरीदेंगे। यह प्रक्रिया जल्द शुरू होगी और काफी बड़ी होगी। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि ईरान के जमा किए गए धन का उपयोग अमेरिकी कृषि उत्पाद खरीदने में किया जाएगा, जिन्हें बाद में ईरान को उपलब्ध कराया जाएगा।06:13 AM, 26-Jun-2026
आज की प्रमुख घटनाएं-
- अमेरिका और इस्राइल के हमलों में दक्षिणी तेहरान में 12 लोगों की मौत हुई।
- लेबनान में इस्राइली हमलों में पिछले 24 घंटों के दौरान 33 लोगों की जान गई, जिनमें 15 वर्षीय एक किशोर भी शामिल है।
- लेबनान से उत्तरी इस्राइल पर दागे गए रॉकेटों से एक व्यक्ति की मौत हो गई और दो अन्य घायल हो गए।
- यूएई ने कहा कि बहरीन में ईरान के हमले में उसकी सशस्त्र सेना के साथ काम कर रहे मोरक्को के एक नागरिक की मौत हो गई, जबकि कई सैनिक घायल हुए।
- अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ युद्ध खत्म करने के लिए बातचीत जारी है और तेहरान समझौता करना चाहता है।
- ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकेर गालिबाफ ने ट्रंप के बातचीत संबंधी दावे को 'फर्जी खबर' बताया और कहा कि इसका इस्तेमाल वित्तीय और तेल बाजारों को प्रभावित करने के लिए किया जा रहा है।
- ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने जर्मनी के राष्ट्रपति फ्रैंक-वाल्टर स्टाइनमायर के उस बयान का स्वागत किया, जिसमें उन्होंने अमेरिका-इस्राइल युद्ध को 'अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन' बताया।
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01:15 AM, 26-Jun-2026
यूएन की समुद्री एजेंसी ने रोकी जहाजों की निकासी की योजना
संयुक्त राष्ट्र की समुद्री एजेंसी ने होर्मुज जलडमरूमध्य के जरिये जहाजों की निकासी की योजना को रोक दिया है। यह कदम तब उठाया गया है, जब ब्रिटिश सेना ने जानकारी दी कि गुरुवार को ओमान के तट के पास एक जहाज पर प्रक्षेप्य (प्रोजेक्टाइल) से हमला किया गया है।अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन के प्रमुख ने कहा कि जब तक एजेंसी को निकासी सूची में शामिल जहाजों और पूरे क्षेत्र के लिए सुरक्षा की गारंटी की पुष्टि नहीं हो जाती, तब तक इस योजना को स्थगित रखा जाएगा।
यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह प्रक्षेप्य किसने दागा और किस प्रकार के जहाज को निशाना बनाया गया था। यह हमला उस खबर के कुछ घंटे बाद हुआ, जिसमें कहा गया था कि ईरान ने बिना इजाजत होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों को रोकने की धमकी दी है।
12:58 AM, 26-Jun-2026
मेलोनी ने अमेरिका-इस्राइल के युद्ध में मदद करने के दावे को खारिज किया
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने ईरान के खिलाफ अमेरिका-इस्राइल के युद्ध में मदद करने के दावे को खारिज किया है। पीएम मेलोनी ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह बयान दिया।मेलोनी ने कहा कि इटली ने ईरान संघर्ष में कभी हिस्सा नहीं लिया और केवल अमेरिकी सेना को 'तकनीकी और लॉजिस्टिक' सहायता प्रदान की है। इससे पहले, नाटो प्रमुख मार्क रूटे ने फॉक्स न्यूज को दिए एक बयान में कहा था कि 500 अमेरिकी विमान इटली में अमेरिकी ठिकानों से उड़ान भरकर अमेरिका के 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' को समर्थन देने गए थे, जिसे वाशिंगटन ने इस्राइल के साथ मिलकर ईरान के खिलाफ चलाया गया संयुक्त अभियान बताया है।
12:57 AM, 26-Jun-2026