तेज बारिश बनी काल: खरगोन में आकाशीय बिजली का कहर, कारीगर और महिला की मौत; परिजन हुए बेसुध
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
खरगोन जिले में मानसून की सक्रियता के बीच हुई तेज बारिश दो परिवारों के लिए जिंदगी भर का गम छोड़ गई। सनावद रोड पर निर्माणाधीन भवन में काम कर रहे एक सेंटिंग कारीगर और दसनावल गांव की एक महिला की आकाशीय बिजली की चपेट में आने से मौत हो गई। दोनों के शवों का जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
जिला अस्पताल पुलिस चौकी से मिली जानकारी के अनुसार, सनावद रोड स्थित निमाड़ शोरूम के पीछे निर्माणाधीन भवन में सेंटिंग कारीगर राधेश्याम पिता सोनारिया (30) सोमवार शाम छत पर काम कर रहे थे। इसी दौरान तेज गरज-चमक के बीच अचानक आकाशीय बिजली गिर गई। इसकी चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गए। साथी मजदूर उन्हें तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मृतक के साथी मजदूर नवल सिंह ने बताया कि हादसे के समय राधेश्याम छत पर काम कर रहे थे, जबकि अन्य मजदूर नीचे मौजूद थे। बिजली गिरते ही अफरा-तफरी मच गई और उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी।
पढ़ें: महिला मौत मामले में आरोपियों को राहत, हाईकोर्ट ने कहा- आत्महत्या की संभावना से इनकार नहीं
दूसरी घटना दसनावल गांव की है। यहां केनू पति बोथू (30) सोमवार शाम करीब चार बजे चूल्हा जलाने के लिए खेत से लकड़ी लेने गई थीं। घर से कुछ दूरी पर अचानक आकाशीय बिजली गिरने से वह उसकी चपेट में आ गईं। हादसे में वह गंभीर रूप से झुलस गईं। परिजन उन्हें जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मृतका के पति बोथू ने बताया कि उनका तीन वर्षीय बेटा है। अचानक हुए इस हादसे से पूरा परिवार गहरे सदमे में है। दोनों मामलों में जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए। पुलिस ने मर्ग कायम कर घटनाओं की जांच शुरू कर दी है।
