MP: मंदिर से लौट रहे परिवार को कंटेनर ने रौंदा, चार साल के मासूम की सांस की नली में भर गया कीचड़-गोबर; मौत
MP: खिलचीपुर के पास एनएच-52 पर तेज रफ्तार कंटेनर की टक्कर में 4 वर्षीय रविराज की मौत हो गई, जबकि उसके माता-पिता गंभीर घायल हो गए। हादसे में बच्चे की सांस की नली में कीचड़-गोबर भर गया। पुलिस ने कंटेनर जब्त कर चालक की तलाश शुरू कर दी।
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परिवार के लिए यह खुशियों भरी यात्रा थी, लेकिन एनएच-52 पर एक तेज रफ्तार कंटेनर ने सब कुछ उजाड़ दिया। खिलचीपुर के पास हुए भीषण सड़क हादसे में 4 वर्षीय मासूम की मौत हो गई, जबकि उसके माता-पिता गंभीर रूप से घायल हो गए।
जानकारी के अनुसार, धुआंखेड़ा गांव निवासी अनार भिलाला अपनी पत्नी राजन बाई और चार वर्षीय बेटे रविराज के साथ बाइक से खिलचीपुर स्थित बिराजी महाराज मंदिर दर्शन करने आए थे। दर्शन के बाद तीनों मालीपुरा स्थित ससुराल जा रहे थे।
खिलचीपुर से करीब 5 किलोमीटर दूर दोलाज गांव के पास राजस्थान की ओर से आ रहे तेज रफ्तार कंटेनर ने सामने से बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि राजन बाई सड़क पर दूर जा गिरीं, जबकि अनार और रविराज बाइक समेत कंटेनर के नीचे दब गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के बाद भी कंटेनर चालक ने वाहन नहीं रोका। वह बाइक समेत पिता-पुत्र को करीब 100 फीट तक घसीटता ले गया। ग्रामीणों के शोर मचाने के बावजूद चालक नहीं रुका। कुछ दूरी पर कंटेनर सड़क किनारे फंस गया, जिसके बाद चालक वाहन छोड़कर अंधेरे का फायदा उठाते हुए फरार हो गया। ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद अनार और रविराज को कंटेनर के नीचे से बाहर निकाला। 112 की सहायता से तीनों को खिलचीपुर सिविल अस्पताल पहुंचाया गया।
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अस्पताल में सबसे गंभीर हालत रविराज की थी। हादसे के दौरान उसके श्वसन मार्ग में कीचड़ और गोबर चले जाने से सांस की नली अवरुद्ध हो गई थी। डॉ. ओशिन रेड्डी ने करीब 15 मिनट तक सीपीआर देकर और नली से गंदगी निकालकर बच्चे को बचाने का प्रयास किया, लेकिन सिर में गंभीर चोट और सांस रुकने के कारण उसकी मौत हो गई। हादसे में अनार भिलाला का एक पैर फ्रैक्चर हो गया और चेहरे पर गहरे घाव आए हैं। राजन बाई के हाथ, पैर और चेहरे पर गंभीर चोटें आई हैं। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों को हायर सेंटर रेफर कर दिया गया।
अस्पताल प्रबंधन का आरोप है कि घायलों को रेफर करने के लिए 108 एंबुलेंस को तीन बार कॉल किया गया, लेकिन एंबुलेंस करीब 45 मिनट बाद पहुंची। बीएमओ डॉ. कमल दांगी ने कहा कि यदि समय पर एंबुलेंस मिल जाती और बच्चे को जल्द राजगढ़ रेफर किया जाता, तो संभव है उसकी जान बचाई जा सकती थी। खिलचीपुर थाना पुलिस ने कंटेनर जब्त कर लिया है। फरार चालक की तलाश के लिए आसपास के जिलों में नाकेबंदी की गई है। पुलिस सीसीटीवी कैमरों और टोल प्लाजा के फुटेज भी खंगाल रही है।
