एमपी से दिल दहला देने वाला मामला: बारिश के बीच लिया एक फैसला और बह गई पूरी कार, काल के गाल में समाए तीन लोग
राजगढ़ में मूसलाधार बारिश से बाढ़ जैसे हालात बन गए। उफनते नाले में 11 लोगों से भरी कार बह गई। अब तक तीन शव मिले हैं, कई लोग लापता हैं। SDRF, पुलिस और प्रशासन राहत व बचाव कार्य में जुटे हैं।
राजगढ़ में मूसलाधार बारिश से बाढ़ जैसे हालात बन गए। उफनते नाले में 11 लोगों से भरी कार बह गई। अब तक तीन शव मिले हैं, कई लोग लापता हैं। SDRF, पुलिस और प्रशासन राहत व बचाव कार्य में जुटे हैं।
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मध्य प्रदेश में रविवार से हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। सबसे ज्यादा असर राजगढ़ जिले में देखने को मिल रहा है। कई गांवों का संपर्क टूट गया है, नदी-नाले उफान पर हैं और निचले इलाकों में घरों में पानी घुसने से लोगों को छतों पर शरण लेनी पड़ रही है। खुजनेर कस्बे और आसपास के इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। लगातार बारिश के कारण नालों का पानी रिहायशी क्षेत्रों में भर गया, जिससे कई परिवार फंस गए।
सूचना मिलते ही SDRF की टीम मौके पर पहुंची। रेस्क्यू बोट और रस्सियों की मदद से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। राहत शिविरों में भोजन, पेयजल और दवाइयों की व्यवस्था की गई है। प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों के पास नहीं जाने और सुरक्षित ऊंचे स्थानों पर रहने की अपील की है।
वहीं, खिलचीपुर क्षेत्र में भी भारी बारिश के चलते एक प्राचीन मंदिर परिसर में दर्शन के लिए पहुंचे कई श्रद्धालु फंस गए। मंदिर तक जाने वाले रास्ते पर 3 से 4 फीट पानी बह रहा था। स्थानीय पुलिस और ग्रामीणों की मदद से सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
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पडाना गांव में बड़ा हादसा
सबसे बड़ा हादसा राजगढ़ के पडाना गांव के पास हुआ। यहां उफनते नाले को कार से पार करने की कोशिश 11 लोगों पर भारी पड़ गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कार नाले में उतरते ही तेज बहाव की चपेट में आ गई और देखते ही देखते बह गई। वाहन में सवार लोग मदद के लिए चिल्लाते रहे, लेकिन पानी का बहाव इतना तेज था कि कार कुछ ही सेकंड में आंखों से ओझल हो गई।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, SDRF और गोताखोरों की टीम मौके पर पहुंची। अब तक 3 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि 4 से 5 लोगों के लापता होने की आशंका है। अन्य लोगों को ग्रामीणों ने किसी तरह सुरक्षित बचा लिया। देर रात तक रेस्क्यू और सर्च ऑपरेशन जारी रहा।
कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर
जिले की प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। निचले इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया गया है। कलेक्टर ने अगले आदेश तक जिले के सभी स्कूल बंद रखने के निर्देश दिए हैं। आपदा प्रबंधन, SDRF, पुलिस और होमगार्ड की संयुक्त टीमें लगातार राहत और बचाव कार्य में जुटी हैं। कई इलाकों में बिजली और मोबाइल नेटवर्क भी प्रभावित हुआ है। प्रशासन ने मौसम सामान्य होने तक लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
