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Sehore News: SNCU में जिंदगी की जंग हारी नवजात, मौत के बाद अपनों ने नहीं लिया शव, पुलिस सक्रिय
Mon, 10 Aug 2026 08:15 PM IST
सीहोर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
Published by: सीहोर ब्यूरो
Updated Mon, 10 Aug 2026 08:15 PM IST
सार
सीहोर जिला अस्पताल में 30 जून से भर्ती समय से पहले जन्मी नवजात बच्ची की 24 जुलाई को इलाज के दौरान मौत हो गई। 20 जुलाई के बाद परिजन अस्पताल नहीं पहुंचे और शव लेने भी नहीं आए। अस्पताल प्रशासन ने पुलिस को सूचना देकर परिजनों से संपर्क और नियमानुसार कार्रवाई शुरू की है।
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विस्तार
सीहोर जिला अस्पताल के विशेष नवजात शिशु देखभाल इकाई (SNCU) में भर्ती एक नवजात बच्ची की इलाज के दौरान मौत के बाद मामला गंभीर प्रशासनिक और पुलिस कार्रवाई के दौर में पहुंच गया है। बच्ची ने 24 जुलाई को दम तोड़ दिया, लेकिन मौत के कई दिन बाद भी उसके परिजन शव लेने अस्पताल नहीं पहुंचे। अस्पताल प्रशासन ने मामले की सूचना पुलिस को देकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।
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30 जून को गंभीर हालत में हुई थी भर्ती
सिविल सर्जन डॉ. यूके श्रीवास्तव के अनुसार नवजात बच्ची को 30 जून को गंभीर हालत में जिला अस्पताल के एसएनसीयू में भर्ती कराया गया था। बच्ची का जन्म समय से पहले हुआ था और उसका वजन भी बेहद कम था। उसकी हालत को देखते हुए चिकित्सकों की टीम लगातार उपचार और निगरानी कर रही थी। अस्पताल में उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं के अनुसार बच्ची को उपचार दिया गया।
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20 जुलाई के बाद परिजन अस्पताल नहीं पहुंचे
अस्पताल प्रशासन के मुताबिक 20 जुलाई के बाद से बच्ची के परिजनों ने अस्पताल आना बंद कर दिया था। चिकित्सकीय निगरानी में भर्ती बच्ची का उपचार जारी रहा, लेकिन परिजनों की गैरमौजूदगी अस्पताल प्रशासन के लिए चिंता का विषय बनी रही। प्रशासन की ओर से परिजनों तक सूचना पहुंचाने के प्रयास किए गए।
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24 जुलाई को इलाज के दौरान मौत
लगातार उपचार के बावजूद नवजात की हालत नहीं सुधर सकी और 24 जुलाई को उसकी मौत हो गई। बच्ची की मौत की जानकारी सामने आते ही अस्पताल प्रशासन ने नियमानुसार पुलिस को सूचना दी। इसके बाद शव को परिजनों को सौंपने की प्रक्रिया शुरू की गई, लेकिन परिजन अस्पताल नहीं पहुंचे।
कोतवाली और अहमदपुर पुलिस को दी गई सूचना
सिविल सर्जन के अनुसार मामले की सूचना कोतवाली पुलिस को दी गई। इसके साथ ही अहमदपुर थाना पुलिस के माध्यम से भी बच्ची के परिजनों तक सूचना पहुंचाने का प्रयास किया गया। पुलिस स्तर से भी परिजनों को अस्पताल पहुंचकर शव प्राप्त करने के लिए सूचना दी गई, लेकिन कई दिन गुजरने के बाद भी उनकी ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली।
सीलखेड़ा गांव के रहने वाले हैं माता-पिता
अस्पताल के रिकॉर्ड के अनुसार मृत नवजात की मां का नाम सविता और पिता का नाम शिवनारायण दर्ज है। दोनों अहमदपुर क्षेत्र के सीलखेड़ा गांव के निवासी बताए गए हैं। अस्पताल प्रशासन ने रिकॉर्ड के आधार पर पुलिस को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई है, ताकि परिजनों से संपर्क कर आगे की प्रक्रिया पूरी की जा सके।
अब प्रशासनिक और कानूनी कार्रवाई पर जोर
मामले में अस्पताल प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नवजात की मौत के बाद शव को सुरक्षित रखा गया है और परिजनों की अनुपस्थिति में नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है। सिविल सर्जन डॉ. यू. के. श्रीवास्तव ने बताया कि पुलिस के माध्यम से परिजनों को सूचना दी जा चुकी है। अब पूरे मामले में आवश्यक कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रिया अपनाई जा रही है। पुलिस और अस्पताल प्रशासन की कार्रवाई के बाद ही शव के संबंध में अगला निर्णय लिया जाएगा।
